The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • Lack of toilets, the reason behind rape and the victim's suicide

घर पर टॉयलेट न होने की वजह से हुआ रेप, फिर सुसाइड

घर में टॉयलेट नहीं था. और इसी वजह से लड़की रात को घर से बाहर गई थी.

Advertisement
pic
18 जनवरी 2016 (अपडेटेड: 18 जनवरी 2016, 06:54 AM IST)
Img The Lallantop
सोर्स: thebetterindia
Quick AI Highlights
Click here to view more
लखीमपुर खीरी से 25 किलोमीटर दूर बरगदिया गांव में 16 साल की एक लड़की रात को घर से बाहर पॉटी करने गई. और एक 18 साल के लड़के ने उसका रेप कर दिया. वापस आ कर लड़की ने खुद को आग लगा के सुसाइड कर ली. अंग्रेजी अखबार द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक लड़की के घर में एक ही कमरा है जो पक्का था. दो और कमरे हैं लेकिन मिट्टी के, छप्पर से ढके हुए. लेकिन घर में टॉयलेट नहीं है. और इसी वजह से लड़की रात को घर से बाहर गई थी. "हमारे पास टॉयलेट बनाने के पैसे नहीं है. ऐसा तो नहीं है कि हमें खुले में जाने का शौक है. हमारे पास और कोई ऑप्शन नहीं है." लड़की की मां ने द इंडियन एक्सप्रेस को बताया. गोला पुलिस स्टेशन से पता चला कि रेपिस्ट का नाम निर्देश वर्मा है. जिसे गुरुवार को पुलिस ने रेप, सुसाइड के लिए मजबूर करने और धमकाने के लिए गिरफ्तार किया. गांव में कुल 500 लोग रहते हैं. आर टॉयलेट सिर्फ 12 घरों में हैं. गांव के सात मुसलमान घरों में से केवल एक में टॉयलेट है. "हम दिहाड़ी पे जीने वाले मजदूर हैं. आठ लोगों का हमारा परिवार दो बीघा जमीन पर निर्भर है", लड़की की मां ने बताया. लड़की के घर के पास रहने वाली परवीन बानो ने बताया कि सरकार जो भी करती है, केवल अमीर लोगों के लिए करती है. गांव के लोग बताते हैं कि गांव में गिने चुने टॉयलेट बने थे, उन्हें गांव वाले दूसरे कामों के लिए इस्तेमाल करते हैं. जहां लोगों के पास पक्के घर नहीं हैं, वो टॉयलेट बनवाने के बारे में सोच भी कैसे पाएंगे. डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट किंजल सिंह ने इस घटना के बाद 3 मुसलमान परिवारों के लिए तुरंत नए टॉयलेट बनवाने और जिन इलाकों में लोग पॉटी करने जाते हैं उनपर सोलर लाइट लगाने का ऑर्डर दिया है. लड़की के पिता ने बताया, "वो रात को जब घर नहीं लौटी तो हम उसे खोजने गए. वो खेतों में बेहोश पड़ी थी. उसने रेप के बारे में हमें अगले दिन बताया. मैंने शिकायत नहीं की क्योंकि फिर मेरी बेटियों से कोई शादी न करता. मेरी 6 बेटियां हैं." लेकिन अगले ही दिन जब घर में कोई नहीं था, लड़की ने खुद को आग लगा ली. जबतक पड़ोसियों को घर से निकलता धुंआ दिख पता, लड़की पूरी तरह से जल चुकी थी. ऐसा नहीं है कि रेप उनके ही होते हैं जिनके घर में टॉयलेट नहीं होते. या टॉयलेट होता तो रेप न होते. लड़की शायद किसी और काम से घर के बाहर निकलती. पर इस घर में अगर एक टॉयलेट होता तो शायद एक लड़की की जान बच गई होती.

Advertisement

Advertisement

()