खालिस्तानी पन्नू ने कहा- 'हिंदू अब खतरे में', पलटकर कनाडा के सिख मंत्री ने जो बोला दिल खुश कर देगा
खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने हिंदुओं को धमकाते हुए कनाडा छोड़कर जाने को कहा. नफरत भरा वीडियो वायरल हो गया.

कनाडा और भारत के रिश्तों में तनाव के बीच एक नफरत भरा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा. वीडियो खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू (Gurpatwat Singh Pannu) का है. वो कथित तौर पर भारतीय मूल के हिंदुओं को कनाडा से निकल जाने की धमकी दे रहा है, कह रहा है- हिंदुओं जितनी जल्दी हो सके कनाडा छोड़ दो. मामले पर अब कनाडाई सरकार की प्रतिक्रिया सामने आई है.
कनाडा के आपातकालीन तैयारी मंत्री हरजीत सज्जन ने एक पोस्ट में लिखा,
बता दें कि पन्नू के वीडियो पर भारतीय मूल के ब्रिटिश सांसद रणदीप एस सराय ने भी चिंता जताई थी. उन्होंने एक पोस्ट में लिखा,
इसी पोस्ट पर रिप्लाई करते हुए हरजीत सज्जन ने मामले पर अपना यानी सरकार का पक्ष रखा. उनके अलावा कनाडा के पब्लिक सेफ्टी मिनिस्टर डोमिनिक लेब्लांक ने भी पन्नू के वीडियो पर बयान दिया. उन्होंने लिखा,
ये भी पढ़ें- 'हिंदुओं कनाडा छोड़ दो', खालिस्तानी गुरपतवंत पन्नू की खुली धमकी
कौन है Gurpatwant Singh Pannun?गुरपतवंत सिंह पन्नू मूल रूप से पंजाब के अमृतसर जिले के गांव खानकोट का रहने वाला है. उसने पंजाब यूनिवर्सिटी से लॉ में ग्रेजुएशन किया. उसके बाद न्यूयॉर्क के टूरो लॉ कॉलेज से मास्टर्स और यूनिवर्सिटी ऑफ हार्टफोर्ड से एमबीए की डिग्री ली. इसके बाद वो कनाडा चला गया. आरोप है कि वो पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई की मदद से पंजाब में खालिस्तानी मुहिम को फिर से जिंदा करने में लगा है. इसी मकसद से उसने 'सिख फॉर जस्टिस' (SFJ) की स्थापना की. भारत में यह संगठन प्रतिबंधित है. भारत सरकार ने 2019 में इस पर बैन लगाया था.
1 जुलाई 2020 को गुरपतवंत सिंह पन्नू काफी चर्चा में आया था. तब भारत सरकार ने उसे UAPA कानून के तहत आतंकवादी घोषित किया था. जुलाई 2020 में ही पंजाब पुलिस ने अमृतसर और कपूरथला में उसके खिलाफ राजद्रोह का केस दर्ज किया था. उसके बाद NIA ने UAPA एक्ट 1967 की धारा 51 ए के तहत अमृतसर स्थित उसकी अचल संपत्तियों की जब्ती का आदेश दिया था.
वीडियो: दुनियादारी: भारत ने Canada में Visa क्यों रोका, कनाडा में अब किस आतंकी की हत्या हो गई?

.webp?width=60)

