The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • Bihar Ram Navami violence Amit Shah rally cancelled Section 144 imposed in Nalanda and Sasaram

बिहार: अमित शाह का दौरा रद्द, दुकान से तीन करोड़ की लूट, रामनवमी पर हिंसा के बाद क्या-क्या हुआ

पांच जिलों में हिंसा के बाद नीतीश कुमार का भी बयान आया है.

Advertisement
Bihar Ram Navami Violence
नालंदा और सासाराम सहित पांच जिलों में हिंसा (फोटो- पीटीआई)
pic
साकेत आनंद
1 अप्रैल 2023 (अपडेटेड: 2 अप्रैल 2023, 02:35 PM IST)
font-size
Small
Medium
Large
font-size
Small
Medium
Large
whatsapp share

बिहार में रामनवमी के दिन शुरू हुई हिंसा (Ram Navami Violence) से अब भी तनाव का माहौल है. एक दिन बाद भी नालंदा और सासाराम में झड़प हुए. पुलिस ने दोनों जिले से 45 लोगों को हिंसा के आरोप में गिरफ्तार किया है. हिंसक झड़प और तोड़फोड़ के बाद दोनों जिलों में अब भी धारा-144 लागू है. यानी किसी जगह चार से ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने की अनुमति नहीं है. प्रशासन ने जिले में किसी भी तरह के जुलूस, धरना या प्रदर्शन पर रोक लगा दिया. दोनों जिलों में अब भी पुलिस की टीम कैंप कर रही है. हिंसा के बाद 2 अप्रैल को सासाराम में होने वाली अमित शाह की रैली रद्द कर दी गई.

क्यों हुआ बवाल?

नालंदा के बिहारशरीफ में 31 मार्च को रामनवमी की शोभा यात्रा निकाली गई. नालंदा बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का गृह जिला भी है. इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, नालंदा के लहेरी थाना क्षेत्र में दो पक्षों के बीच झड़प हुई. 31 मार्च को गगन दीवान इलाके से यात्रा निकल रही थी. इसी दौरान किसी बात पर दो गुटों में बहस शुरू हुई. बहस ने ऐसा रूप लिया कि भीड़ बेकाबू होकर पत्थरबाजी करने लगी. गाड़ियों में आग लगा दी गई. यहां तक कि फायरिंग भी शुरू हो गई. गोलीबारी में 10 से ज्यादा लोग घायल हुए, जिनका इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है.

मामला यहीं नहीं रुका. रैली में हिंसा के बाद लोगों ने दुकानों को निशाना बनाना शुरू कर दिया. बिहारशरीफ मेन मार्केट में जावेद आजम की दुकान है. इंडिया टुडे की रिपोर्ट के अनुसार, हिंसा करने वालों ने उनकी दुकान में तोड़फोड़ की और करीब साढ़े तीन करोड़ के इलेक्ट्रॉनिक सामानों को लूट लिया. जावेद का भाई बीजेपी से जुड़ा है. उनकी दुकान का उद्घाटन बीजेपी नेता मंगल पांडे ने किया था. पुलिस सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है.

वहीं एक और दुकानदार मोहम्मद नौशाद आलम की दुकान लूटी गई. नौशाद ने समाचार एजेंसी ANI को बताया, 

Embed

नालंदा के जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने मीडिया को बताया कि कुछ 'बाहरी' लोगों ने आकर हिंसा को भड़काया. CCTV और ड्रोन फुटेज को स्कैन किया जा रहा है. जिले में अब तक कुल 27 लोगों को गिरफ्तार किया गया है.

सासाराम में क्या हुआ?

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने बताया कि 30 मार्च को सासाराम के सहरिया इलाके में रामनवमी जुलूस के दौरान दो समुदाय में विवाद हुआ था. जुलूस के बाद लौट रहे लोगों के साथ कथित रूप से मारपीट हुई थी. आरोप है कि एक मंदिर पर पत्थर भी फेंके गए. पुलिस के अनुसार, जुलूस के दौरान दो समुदाय के युवकों के बीच “आपत्तिजनक शब्दों” को लेकर विवाद शुरू हुआ था.

इसके बाद 31 मार्च की सुबह मदार दरवाजा गांव में दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ पत्थरबाजी शुरू कर दी. चार घरों में आग भी लगा दी गई. हिंसा भड़कने के बाद शहर के बस्ती मोड़, चौखंडी, आदमखानी, सोना पट्टी इलाकों में पत्थरबाजी शुरू हो गई. हालात इतने बिगड़ गए बाजार की दुकानें बंद होनी शुरू हो गई. हालात काबू में लाने के लिए पुलिस को हवाई फायरिंग भी करनी पड़ी.

अमित शाह की रैली कैंसिल

सासाराम में ये हिंसा तब हुई, जब एक दिन बाद ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह यहां आने वाले थे. 2 अप्रैल को वे सम्राट अशोक की जयंती पर एक कार्यक्रम में हिस्सा लेते. और बीजेपी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते. लेकिन हिंसा के बाद उनकी रैली कैंसिल कर दी गई. बीजेपी इस रैली को लेकर बिहार सरकार पर निशाना साध रही है.

हिंसा के बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का भी बयान आया है. उन्होंने कहा कि ये जानबूझकर करवाया गया है. सीएम ने एक अप्रैल को मीडिया से बात करते हुए कहा, 

Embed

वहीं अमित शाह की रैली रद्द होने पर नीतीश ने कहा कि कोई भी केंद्रीय मंत्री बिहार आते हैं तो उन्हें सुरक्षा दी जाती है. राज्य सरकार अपनी जिम्मेदारी निभाती है. नीतीश के मुताबिक, हम इन चीजों का ध्यान रखते हैं, वे (बीजेपी) लोग ध्यान ना रखें वो अलग बात है.

इधर, बिहार पुलिस का दावा है कि दोनों जिलों में स्थिति अब पूरी तरह सामान्य हो गई है. पुलिस ने लोगों से किसी तरह के अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है.

गया, भागलपुर और मुंगेर में भी हिंसा

गया के चाकंद में भी रामनवमी के दौरान दो पक्षों के बीच पत्थरबाजी की गई थी. गया पुलिस के मुताबिक, घटनास्थल पर पहुंचने के बाद पुलिस की टीम पर भी पत्थर फेंके गए. इसमें दो पुलिस वाले घायल हो गए. पुलिस ने कुछ लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है. यहां भी पुलिस टीम तैनात की गई है.

भागलपुर और मुंगेर से भी रामनवमी पर झड़प की खबरें आईं. भागलपुर के नवगछिया इलाके में दो गुटों के बीच पत्थरबाजी हुई. वहीं मुंगेर के हजरतगंज मोहल्ला में हुई झड़प मामले में पुलिस ने 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया.

वीडियो: दी लल्लनटॉप शो: रामनवमी हिंसा के बीच मोदी सरकार ने आपकी ज़िंदगी से जुड़े 2 बड़े फैसले ले लिए

Advertisement

Advertisement

()