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'किसी में दम है तो बोल दे भारतीय सेना हिंदू या मुस्लिम...' शहीद जवान के भाई की स्पीच भावुक कर देगी

Pahalgam Terror Attack के बाद सुरक्षा बलों ने सर्च ऑपरेशन चलाया था, जिसमें आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में भारतीय सेना के जवान Jhantu Ali Sheikh को गोली लगी और वे शहीद हो गए. उन्हें पूरे सैन्य सम्मान के साथ सुपुर्द-ए-खाक किया गया.

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शहीद झंटू अली शेख इंडियन आर्मी के 6 पैरा स्पेशल फोर्स में हवलदार के पद पर थे (फोटो: इंडिया टुडे)
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अर्पित कटियार
27 अप्रैल 2025 (अपडेटेड: 27 अप्रैल 2025, 05:14 PM IST)
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जम्मू-कश्मीर के उधमपुर में आतंकवाद विरोधी अभियान के दौरान शहीद हुए भारतीय सेना के जवान झंटू अली शेख (Jhantu Ali Sheikh) को पूरे सैन्य सम्मान के साथ सुपुर्द-ए-खाक किया गया. इस दौरान बड़ी संख्या में लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे. झंटू अली शेख के भाई रफीकुल शेख ने स्पीच दी, जिसे सुनकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं. बता दें कि रफीकुल शेख भी भारतीय सेना में सूबेदार हैं.

आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, पश्चिम बंगाल के नादिया जिले के रहने वाले झंटू अली शेख, इंडियन आर्मी के 6 पैरा स्पेशल फोर्स में हवलदार के पद पर थे. उनकी तैनाती जम्मू-कश्मीर में सेना की व्हाइट नाइट कॉर्प्स में थी. पहलगाम हमले के बाद सुरक्षा बलों ने सर्च ऑपरेशन चलाया, जिसमें आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में झंटू अली शेख को गोली लगी और वे शहीद हो गए. हवलदार झंटू अली शेख का अंतिम संस्कार उनके भाई सूबेदार रफीकुल शेख ने किया. इस दौरान उन्होंने दुख और गर्व व्यक्त करते हुए कहा, 

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ये भी पढ़ें: पहलगाम आंतकी हमला : नौ साल के बेटे ने दी पिता की चिता को आग, पत्नी हुई बेहोश, जिसने भी देखा रो दिया!

‘सेना में कोई भेदभाव नहीं…’

शहीद झंटू अली शेख के भाई रफीकुल ने कब्रिस्तान में मौजूद जनता को संबोधित करते हुए कहा,

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उन्होंने कहा कि वे अपने भाई के बेटे और बेटी को सेना में भेजने की कोशिश करेंगें. जिससे वे अपने पिता के नक्शेकदम पर चल सकें. सुपुर्द-ए-खाक के दौरान कब्रिस्तान में हजारों लोग मौजूद थे. पूरा इलाका 'जय हिंद' और ‘जिंदाबाद’ के नारों से गूंज उठा. 

वीडियो: आतंकी मुठभेड़ में शहीद हुए कैप्टन दीपक सिंह का पार्थिव शरीर देख क्या बोले माता-पिता?

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