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लड़की डॉक्टर बनने वाली थी, पति ने पीट-पीटकर सुसाइड को मजबूर किया, अब फैसला आया है

केरल के चर्चित विस्मया नायर दहेज हत्या मामले में कोर्ट ने पति को दोषी करार दिया है

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Vismaya Nair की 21 जून, 2021 को सुसाइड से मौत हो गई थी. विस्मया ने अपने एक कज़िन को बताया था कि उसका पति उसे पीटता है. फाइल फोटो

केरल के चर्चित Vismaya Dowry Death Case में कोर्ट ने विस्मया के पति को दोषी क़रार दिया है. लाइव लॉ की एक रिपोर्ट के मुताबिक़, कोल्लम के ऐडिशनल सेशन्स जज सुजीत केएन ने विस्मया के पति एस किरण कुमार को दहेज हत्या, सुसाइड के लिए उकसाना और दहेज हिंसा के मामले में दोषी पाया है. मेडिकल स्टूडेंट विस्मया की जून 2021 की मौत हो गई थी, मौत से पहले उसने अपने एक कज़िन को कुछ तस्वीरें भेजी थीं. उन तस्वीरों में उसके शरीर पर चोट के गहरे निशान दिख रहे थे.

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कोर्ट ने किरण कुमार को IPC की धारा 304-बी (दहेज हत्या), धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और 498-ए (कोई भी जानबूझकर किया गया काम जो एक महिला को आत्महत्या करने पर मजबूर करे) के तहत दोषी ठहराया है. इन अपराधों की सज़ा 24 मई (मंगलवार) को सुनाई जाएगी.

क्या है Vismaya Dowry Death Case?

21 जून, 2021. केरल के कोल्लम ज़िले में विस्मया नायर की लाश उसके पति के घर में संदिग्ध हालत में मिली थी. विस्मया 24 साल की थी और BAMS फाइनल ईयर की स्टूडेंट थी. शादी, मार्च 2020 में कोल्लम ज़िले के सस्थामंदा के रहने वाले किरण कुमार के साथ हुई थी. किरण कुमार मोटर वीकल डिपार्टमेंट काम करता था.

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मौत से दो दिन पहले ही विस्मया ने अपने एक कज़िन को वॉट्सऐप पर बताया था कि उनका पति उनके साथ मारपीट करता था. उसने बताया था कि  किरण बाल खींचता है, चेहरे पर पैर से मारता है. विस्मया ने कुछ तस्वीरें भी अपने कज़िन को भेजी थीं, तस्वीरों में उसके शरीर पर जगह-जगह चोट के निशान दिख रहे थे. विस्मया ने अपने कज़िन से रिक्वेस्ट भी की थी कि जब किरण काम पर जाए, तब वो उसे लेने आ जाए.

Vismaya के परिवार के क्या आरोप थे?

विस्मया की मौत के बाद उसके परिवार ने किरण के ख़िलाफ़ हत्या और दहेज के लिए परेशान करने की शिकायत दर्ज करवाई. परिवार ने  बताया कि उन्होंने शादी के समय विस्मया के ससुराल वालों को ढेर सारा सोना, लगभग सवा एकड़ ज़मीन और एक नई गाड़ी दी थी. हालांकि, इसके बावजूद विस्मया पर और पैसे देने का दबाव बनाया जा रहा था. उन्होंने ये भी दावा किया था कि विस्मया को उसके ससुराल में प्रताड़ित किया जाता था और इसीलिए वो अक्सर अपने घर आकर रहने लगती थी, लेकिन उसका पति उसे जबरन वापस ले जाता था.

केरल पुलिस ने अपनी 500 पेज के चार्जशीट में कहा कि विस्माया ने दहेज प्रताड़ना के चलते आत्महत्या की थी (फोटो – फेसबुक)


विस्मया के परिवार का आरोप है कि जब विस्मया के भाई ने इस मामले में उससे बात करने की कोशिश की, तो किरण ने उसे भी पीटा. भाई से मारपीट के बाद परिवार ने पुलिस में शिकायत दी थी. किरण कुमार को थाने भी ले जाया गया था, लेकिन कथित तौर पर किरण के परिवार ने सर्किल ऑफिसर के साथ मिलकर मामले को रफा-दफा करवा दिया. इसके बाद कुछ महीने तक विस्मया ससुराल नहीं गई. फिर अप्रैल 2021 में जब विस्मया BAMS का एग्ज़ाम देने गईं, तो किरण ने जबरन उन्हें एग़्जाम सेंटर से उठा लिया और अपने घर ले गया.

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परिवार का आरोप है कि 19 जून को अपने कज़न से की गई चैट को देखकर किरण गुस्सा हो गया और आक्रोश में उसने विस्मया को बहुत पीटा, जिसके बाद विस्मया ने आत्महत्या कर ली. घटना के समय छपी कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक विस्मया के पति का एक वॉट्सएप चैट स्क्रीनशॉट भी लीक हुआ था, जिसमें वो दहेज में मिली कार से खुश नहीं था. कोल्लम के SP केबी रवि ने माना था कि मृतका की शादी में कई बार ऐसे मामले आए जिससे ये पता चलता हो कि उसका पति हिंसा करता था.

अब क्या अपडेट है?

कोर्ट ने 17 मई को इस मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. स्पेशल पब्लिक प्रॉज़िक्यूटर जी मोहनराज ने बताया कि प्रॉज़िक्यूशन का पक्ष और दोषी की ओर से दलीलें सुनने के बाद अदालत मंगलवार को सजा सुनाएगी. ये भी कहा कि प्रॉज़िक्यूशन दोषी एस किरण कुमार के लिए अधिकतम सज़ा की मांग करेगा.


IPC की धारा 304-बी के तहत दहेज हत्या के अपराध में न्यूनतम सात साल और अधिकतम उम्र क़ैद की सज़ा का प्रावधान है. दहेज उत्पीड़न के तहत दोषी पाए जाने पर तीन साल और आत्महत्या के लिए उकसाने के अपराध में 10 साल की जेल की अधिकतम सज़ा होती है.

विस्मया के पिता ने कोर्ट के बाहर पत्रकारों से बात की और कहा कि उनकी बेटी को न्याय मिला है.

दोषी एस किरण कुमार मोटर वीकल विभाग में इंस्पेक्टर था. मामले के तूल पकड़ने के बाद उसे बर्ख़ास्त कर दिया गया था. फैसला सुनाए जाने से ठीक पहले, राज्य के परिवहन मंत्री एंटनी राजू ने मीडिया से कहा कि अदालत में जो भी फैसला आए, किरण की बर्ख़ास्तगी में कोई बदलाव नहीं होगा.

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