The Lallantop

आर्यन खान केस: किरण गोसावी के बॉडीगार्ड का दावा, 18 करोड़ में डील होने की बात सुनी थी

गवाह प्रभाकर सेल का दावा-8 करोड़ समीर वानखेड़े को देने की बात हुई थी.

Advertisement
post-main-image
किरण गोसावी फरार हैं और समीर वानखेडे सवालों के बीच.
ड्रग्स-ऑन-क्रूज़ मामले में नया ट्विस्ट आ गया है. गिरफ्तारी वाले दिन एक अनजान शख्स ने आर्यन खान के साथ सेल्फी ली थी. इस शख्स की पहचान किरण गोसावी के रूप में हुई थी. पहचान के बाद वो फरार हो गया था. अब किरण गोसावी के बॉडीगार्ड और इस केस में गवाह प्रभाकर सेल का कहना है कि उससे पंचनामा पेपर बताकर खाली कागज पर जबरन साइन करवाया गया था. उसे इस गिरफ़्तारी के बारे में नहीं पता था. प्रभाकर ने एक हलफनामा तैयार किया है जिसमें उसने दावा किया कि वो इस क्रूज़ रेड के बाद हुए ड्रामे का गवाह है. आजतक के कमलेश सुतार और मुस्तफा शेख़ की रिपोर्ट के मुताबिक़, बॉडीगार्ड प्रभाकर सेल का कहना है कि गिरफ़्तारी के बाद उसे एनसीबी के दफ़्तर बुलाया गया, जहां किरण गोसावी ने उसे 10 कोरे पन्ने दिए और साइन करने को कहा. प्रभाकर हिचकिचाया, तभी समीर वानखेड़े ने उससे मराठी में कहा कि फटाफट साइन करो.

हलफनामे में क्या है?

प्रभाकर सेल ने नोटरीकृत हलफनामे में बताया है कि वह किरण गोसावी के पास बॉडीगार्ड के रूप में काम करता था. क्रूज़ पर हुई रेड वाली रात को गोसावी के साथ था. उसने उस रात गोसावी को सैम नाम के शख्स से एनसीबी के दफ़्तर के पास मिलते देखा था. इस हलफनामे में घटना वाले दिन का जिक्र करते हुए कहा है,
"एनसीबी के ऑफिस से 500 मीटर दूर केपी गोसावी ने सैम डिसूजा नाम के एक शख्स से मुलाकात की थी. दोनों के बीच करीब 5 मिनट की बातचीत हुई थी. इसके बाद दोनों एनसीबी ऑफिस के पास फिर मिले. इसके बाद सैम डिसूजा हमारे पीछे अपनी कार से आए. हम लोअर परेल ब्रिज के पास बिग बाजार के करीब रुके और सैम बताई हुई जगह पर रुके. जब तक हम लोअर परेल पहुंचे गोसावी फोन पर सैम से बातचीत करते रहे औऱ कहा कि तुमने 25 करोड़ का बम रख दिया है, चलो इसे 18 पर फाइनल करते हैं क्योंकि हमें 8 करोड़ समीर वानखेड़े को भी देने हैं."
प्रभाकर ने बताया,
"कुछ ही मिनट बाद वहां ब्लू कलर की मर्सिडीज़ आकर रुकी औऱ मैंने देखा उस कार से पूजा ददलानी बाहर आईं. सैम, गोसावी और पूजा ददलानी मर्सिडीज़ में बैठे और उनके बीच बातचीत शुरू हुई. फिर हम 15 मिनट बाद वहां से निकल गए. मैं औऱ केपी मंत्रालय पहुंचे. फिर गोसावी वाशी के लिए निकल गए और मुझसे कहा कि इनोवा कार लेकर इंडियाना होटल के पास ताड़देव सिग्नल पर पहुंचूं और 50 लाख रुपये कलेक्ट कर लूं. मैं करीब सुबह 9:45 को पहुंचा, जहां एक कार आई और पैसों से भरे दो बैग मुझे दिए. इसे लेकर मैं वाशी गोसावी के घर पहुंच गया."
प्रभाकर ने हलफनामे में कहा है कि उसे अपनी जान को खतरा लग रहा है.
"के पी गोसावी फिलहाल गायब है और अब मुझे डर है कि एनसीबी के अधिकारी या इससे जुड़े अन्य लोग मेरी जान न ले लें. या केपी गोसावी की तरह मुझे गायब न कर दें."
वहीं इंडिया टुडे से बात करते समीर वानखेड़े ने कहा कि कि यह आरोप दुखद और खेदजनक हैं और वे प्रभाकर के‌ दावों का करारा जवाब देंगे.

निशाने पर समीर वानखेड़े

शिवसेना नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने अपने ट्विटर हैंडल से वीडियो शेयर किया है जिसमें किरण गोसावी आर्यन ख़ान के साथ बैठे हुए दिख रहे हैं. वीडियो में किरण अपना फोन आर्यन के पास ले जाते हैं और आर्यन उसमें कुछ कह रहे हैं. ऐसा लग रहा है फोन स्पीकर पर है और वह आर्यन की किसी से बात करवा रहे हैं. संजय राउत का कहना है कि आर्यन खान केस में गवाह से एनसीबी द्वारा खाली पेज पर हस्ताक्षर कराना चौंकाने वाला है.रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि काफी पैसे की भी मांग की गई थी. मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने पहले ही कहा है कि यह केस महाराष्ट्र की छवि को खराब करने के लिए बनाया गया है. अब यह सच साबित हो रहा है. वहीं NCP नेता नवाब मलिक ने इस घटना के बाद समीर वानखेड़े पर फिर निशाना साधा. कहा कि समीर वानखेड़े जब से NCB में आए हैं, वे पहले ही दिन से फ़िल्म जगत के लोगों को टारगेट कर रहे हैं. उनका उद्देश्य, महाराष्ट्र सरकार को बदनाम करने का है.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement