
इस खबर के बाद कुछ नेता अपनी खुशी छुपा नहीं सके Source- goodreads
जिनने रिक्वेस्ट की थी उनका कहना था कि ये तो हमारा हक़ बनता है ना? और ऐसे थोड़े होता है, ऐसे कैसे चलेगा. ये तो संघीय ढांचे पर अटैक है, हमला है, चोट है.

सुप्रीम कोर्ट से फोटो लगाने देने की गुजारिश करते पश्चिम बंगाल के एक मंत्री (Source- vomzi)
केंद्र वालों का कहना था. सिर्फ प्रधानमंत्री की फोटो काहे लगे. उनके मंत्रिमंडल में और जो लोग हैं उनकी भी लगे. सबको बराबर अधिकार होने चैये.

अपने सहयोगियों को चिढ़ाते हुए प्रधानमंत्री (Source- firstpost)
फैसले के रिवीजन की रिक्वेस्ट करने वाले राज्यों में पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु भी थे. जहां चुनाव होने वाले हैं.

बस भाई अब गंगा नहा लूं!
और देखिए इधर खबर आई नहीं. फेसबुक पर लोग अरविंद केजरीवाल की मौज लेने लगे. ये फेसबुक वाले भी न!























