दो दिन पहले मंगलवार को दीमापुर में एक चार्टर्ड प्लेन में रखे पैसे गुम हो गए थे. ये कोई गुल्लक खोने की बात नहीं है. साढ़े तीन करोड़ रुपए के पुराने नोट, हजार पांच सौ वाले थे उसमें. CISF ने पकड़ा था. फिर पता नहीं कैसे गायब हो गया. अब वो मिल गया है. फिलहाल पैसे का मालिक है नागालैंड का बिजनेसमैन अनातो झिमोमी. झिमोमी नागालैंड से इकलौते सांसद नीफियू रियो के दामाद हैं. रियो तीन बार नागालैंड के सीएम रह चुके हैं. लोकसभा में बीजेपी का समर्थन करते हैं. टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक नागालैंड के पुलिस चीफ एलएल डोंजेल ने बताया. कि पैसा CISF ने सीज़ किया. इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को सौंपा. उन्होंने व्हाइट मनी वाला सर्टिफिकेट दिखाने के बाद वो पैसा झिमोमी को सौंप दिया. और अरेस्ट कर लिया, पूछताछ के लिए.
लेकिन इस मामले से झांक रही है बड़ी साजिश
इनकम टैक्स डिपार्टमेंट और खुफिया एजेंसियों को शक है कि ये पैसा किसी बड़े ब्लैक मनी के मालिक का है. जो टैक्स बचाने के लिए नॉर्थ ईस्ट के चग्घड़ों की मदद लेते हैं. उनका तगड़ा एक्सपीरिएंस है ब्लैक को व्हाइट बनाने का. क्योंकि वहां हवाई अड्डों पर इतनी सिक्योरिटी रहती नहीं. काम आसान हो जाता है.
इनकम टैक्स की खुफिया जानकारी ये है कि ये पैसा गुड़गांव के कुछ बड़े कारोबारियों का है. इनमें से एक प्रिंटिंग और पैकेजिंग के धंधे में है. उसने झिमोमी को वहां प्लांट किया कि जाओ ये सर्टिफिकेट दिखाकर पैसा ले लो. तो झिमोमी ने हिसार एयरपोर्ट में कम सिक्योरिटी का फायदा उठाते हुए तकरीबन 11 करोड़ के पुराने नोट दीमापुर पहुंचा दिए. ये RTGS के जरिए पैसे वापस उसी कारोबारी के पास पहुंचाने वाला था. अभी ये भाईसाब पुलिस की कस्टडी में राम राम कर रहे हैं.
इतना ही नहीं, इनकम टैक्स वालों ने झिमोमी के दीमापुर वाले एक्सिस बैंक एकाउंट को ट्रेस किया. उसमें भी 7 करोड़ रुपए डिपॉजिट होने की खबर है. IT डिपार्टमेंट के सूत्रों के मुताबिक झिमोमी ने ये कुबूल किया है. कि उसने 12, 14 और 21 नवंबर को हिसार से तीन बार दीमापुर पैसा पहुंचाया. डिपार्टमेंट वालों ने अनिल सूद से पूछताछ की है. ये भी गुड़गांव बेस्ड प्रिंटिंग पैकेजिंग फर्म के मालिक हैं. इनके ही एकाउंट में पैसा भेजा था झिमोमी ने. इन सबके अलावा तीखी नजर एयरलाइंस कंपनी पर भी रखी जा रही है.