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'दरी बिछाने का काम भी कर लूंगा', संसदीय बोर्ड से हटाए जाने पर शिवराज ने दिया जवाब

शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जब पार्टी के लिए काम करना शुरू किया तो MLA बनने का भी नहीं सोचा था.

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मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (फोटो- इंडिया टुडे)

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने BJP संसदीय बोर्ड से हटाये जाने पर कहा कि पार्टी उन्हें जो जिम्मेदारी देगी वे उसको निभाते चलेंगे. शिवराज ने कहा कि उन्हें अगर दरी बिछाने का काम भी दिया जाएगा तो राष्ट्रीय पुनर्निर्माण का हिस्सा मानकर वो काम भी वे करेंगे. शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार 20 अगस्त को भोपाल में इंडिया टुडे के एक कार्यक्रम 'स्टेट ऑफ द स्टेट्स' में हिस्सा लिया. इस दौरान उन्होंने कहा कि वे भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता हैं और एक बड़े लक्ष्य को सामने रखकर काम कर रहे हैं.

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बीजेपी ने हाल में अपने संसदीय बोर्ड का गठन नए सिरे से किया था. इस बोर्ड से केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और शिवराज सिंह चौहान को हटा दिया गया. दोनों नेताओं को बीजेपी की केंद्रीय चुनाव समिति से भी बाहर किया गया है.

MLA बनने का भी नहीं सोचा था- शिवराज

कार्यक्रम में संसदीय बोर्ड से हटाने को लेकर उनसे सवाल किया गया. जवाब में शिवराज सिंह चौहान ने कहा, 

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"जब काम करना शुरू किया तो मुझे भी पता नहीं था कि मैं विधायक भी बनूंगा. आपातकाल के वक्त जब मेरी उम्र 17 साल की थी तब मैं जेल चला गया था. 1974 में जेपी मूवमेंट से जुड़ गया था और उसके बाद ABVP का कार्यकर्ता बना. कभी कल्पना नहीं की थी कि एमएलए बनेंगे, एमपी बनेंगे, मंत्री बनेंगे और मुख्यमंत्री का तो सोच ही नहीं सकते थे. लेकिन एक बड़े लक्ष्य को लेकर काम कर रहे हैं और वो है राष्ट्र के पुनर्निर्माण का लक्ष्य."

शिवराज ने कहा कि जब आप पार्टी के कार्यकर्ता हो तो पार्टी ये तय करती है कि आप कौन सा काम करेंगे. इसलिए बीजेपी जो भूमिका तय कर दे, उसको पूरी मेहनत और प्रमाणिकता के साथ निभाना है. अगर आप इसमें सोचने लगे कि 'इसमें मैं कहां हूं' तो फिर आप उस मिशन का हिस्सा नहीं हैं आप स्वार्थी हैं.

उन्होंने आगे कहा, 

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"बीजेपी का इतना विशाल परिवार है. एक नहीं अनेकों योग्य व्यक्ति हैं. ये तो प्रवाह है संगठन का. कुछ रहते हैं, कुछ आगे बढ़ते हैं, कुछ प्रभाव से बाहर निकलते हैं, ये तो स्वभाविक प्रक्रिया है. कल जनमाष्ट्मी थी. और कन्हैया (कृष्ण) ने यही कहा था कि 'कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन', काम करते चलो. ये जो संसदीय बोर्ड की टीम बनी है इसके लिए मैं नड्डा जी को दिल से आभार देता हूं. उसमें उत्तर, दक्षिण, पूरब, पश्चिम पूरा देश शामिल है. क्षेत्रीय संतुलन बनाए गए. एक से एक योग्य लोग बनाए गए हैं."

रेवड़ी कल्चर विवाद पर बोले शिवराज

शिवराज ने 'रेवड़ी कल्चर' पर जारी विवाद को लेकर कहा कि सिर्फ वोट लेने के लिए ऐसी प्रतिस्पर्द्धा होने लगे कि मैं फ्रीज दे दूंगा, मैं टीवी दे दूंगा तो ये गलत है. हालांकि उन्होंने कहा कि बीजेपी का ये मानना है कि जो हमारे गरीब भाई-बहन हैं उनका भी संसाधनों पर हक है. और इसलिए कुछ बुनियादी आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए उनकी मदद करना जरूरी है. पीने का पानी, इलाज की योजना, पीएम आवास योजना, ये सभी गरीबों की जरूरत हैं इसलिए ये रेवड़ी नहीं हैं.

32 लाख रोजगार देने के दावे पर शिवराज ने कहा कि उन्होंने इसकी पूरी योजना तैयार की है. उन्होंने कहा कि सरकारी और गैर-सरकारी दोनों क्षेत्रों में फैक्ट्री, इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिये लोगों को रोजगार देंगे.

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