The Lallantop

'ये शायद मेरा आखिरी ट्वीट है...', इमरान खान के घर को चारों तरफ से घेरा गया

इमरान खान पर आरोप है कि उनके घर में 30-40 दहशतगर्द छिपे हैं.

Advertisement
post-main-image
इमरान खान ने कहा कि उनकी गिरफ्तारी के बाद भड़की हिंसा 'उनकी पार्टी पर प्रतिबंध लगाने की साजिश' का हिस्सा थी. (फोटो: PTI)

''अगले अरेस्ट से पहले शायद ये मेरा आखिरी ट्वीट है. पुलिस ने मेरे घर को चारों तरफ से घेर लिया है.''

ये ट्वीट है पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) पार्टी के प्रमुख इमरान खान का. हालांकि, इसके बाद इमरान ने और ट्वीट किए हैं. इनमें उन्होंने रिपोर्टों के हवाला देते हुए अपने घर के बाहर पुलिसिया तैनाती की जानकारी दी है. 

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

अब मामला क्या है, ये जान लीजिए. दरअसल, पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की सरकार ने आरोप लगाया है कि इमरान खान के जमान पार्क स्थित घर में 30-40 दहशतगर्द छिपे हैं. इमरान खान को उनके घर पर ‘शरण लिए बताए गए दहशतगर्दों’ को पुलिस को सौंपने के लिए 24 घंटे का वक्त दिया गया है. 

Advertisement

पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के कार्यवाहक सूचना मंत्री आमिर मीर ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा,

''खुफिया सूचना के मुताबिक सैन्य प्रतिष्ठानों पर हमला करने वाले 30 से 40 दहशतगर्दों ने जमान पार्क स्थित इमरान खान के घर शरण ली हुई है. PTI को इन आतंकियों को पुलिस के हवाले कर देना चाहिए, नहीं तो कानून अपना काम करेगा.''

17 मई की शाम करीब 7 बजे इमरान खान ने अपने ट्वीट में एक लाइव वीडियो का लिंक शेयर किया. जिसे उन्होंने पाकिस्तान के लिए अहम संबोधन बताया. इस वीडियो में इमरान खान ने कहा कि एक साल से पूरा जोर लगा हुआ है कि किसी न किसी तरह इमरान खान का रास्ता बंद किया जाए. 

Advertisement

इमरान खान ने कहा कि पिछले हफ्ते उनकी गिरफ्तारी के बाद भड़की हिंसा 'उनकी पार्टी (PTI) पर प्रतिबंध लगाने की साजिश' का हिस्सा थी. वीडियो के अंत में इमरान खान ने कहा,

"मैंने सुना है कि 40 दहशतगर्द मेरे घर में हैं, जिनको मैंने पनाह दी है. मेरी अपील है कि अगर 40 दहशतगर्द मेरे घर में हैं, तो मेरी जिंदगी को भी खतरा है. मेहरबानी करके जरूर आएं यहां, लेकिन सर्च वारंट लेकर आएं."

इमरान खान और पाकिस्तान सरकार के बीच टकराव अभी भी जारी है. 9 मई को इमरान की गिरफ्तारी के बाद पूरे देश में हिंसा हुई थी. पाकिस्तान सरकार ने आरोप लगाया कि इमरान की पार्टी पाकिस्तान तहरीके इंसाफ (PTI) के नेताओं के इशारे पर सारा बवाल हुआ. 

हिंसा के बाद PTI के कई नेताओं को अरेस्ट भी किया गया था. अब उन्हें एक-एक कर ज़मानत मिल रही है. हालांकि, पूरी तरह से राहत उन्हें अभी भी नहीं मिली है. 16 मई को इमरान के करीबी और पूर्व मंत्री फवाद चौधरी को इस्लामाबाद हाई कोर्ट से रिहाई मिली. लेकिन जब वो कोर्ट से बाहर आए, पुलिस उनका इंतज़ार कर रही थी. पुलिस को देखते ही फवाद दौड़कर कोर्ट के अंदर चले गए. फिर वो देर रात के बाद ही कोर्ट से निकलकर घर गए.

17 मई को इस्लामाबाद की डिस्ट्रिक्ट एंड सेशंस कोर्ट ने PTI की नेता शिरीन मज़ारी को भी जमानत दे दी. उन्हें हत्या की कोशिश के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. 

इमरान खान को पिछले हफ्ते 9 मई को भ्रष्टाचार के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था. बाद में उन्हें जमानत मिल गई थी. हालांकि, 9 मई के बाद भी इमरान पर दूसरे केसों में गिरफ्तारी की तलवार लटक रही थी. इस्लामाबाद हाई कोर्ट ने उन्हें 17 मई तक गिरफ्तारी से राहत दी थी. अब इस डेडलाइन को 31 मई तक के लिए बढ़ा दिया गया है.

वीडियो: इमरान खान ने पाकिस्तान आर्मी को चंगेज खान बता लोगों को किस लिए तैयार रहने को क्यों कह दिया?

Advertisement