कुछ महीनों पहले भी पुलिस को लगा था कि एल चैपो का खेल खत्म हो गया है. उसे पकड़ के टाइट सिक्योरिटी के साथ जेल भेज दिया था. पर उसे यूं ही क्रिमिनल मास्टरमाइंड नहीं मानते थे. अपने अटॉर्नी और साले की मदद से वो जेल से भाग निकला था. ऐसा क्या था इस स्मगलर में कि पूरे देश की पुलिस और स्पेशल फोर्स इसे खोजने में लगी थी? और जिसके पकड़े जाने की खबर राष्ट्रपति ने खुद दुनिया को दी?
ये है दास्तान-ए-चैपो
जोक्वीन आर्किवाल्दो गजमन लोरिया मेक्सिको के एक गरीब परिवार में पैदा हुआ. अफीम के खेतों के बीच बड़ा हुआ. पापा के काम में हाथ बटाने ले लिए स्कूल छोड़ दिया. बचपन में संतरे बेचा करता. बाप खूब पीटता. पिटाई से बचने के लिए गजमन अक्सर दादी के घर भाग जाया करता. पर जब छोटे भाई-बहन पिटते तो उससे देखा न जाता. वो बाप को रोकता और उसके गुस्से का शिकार हो जाता. मां प्यार करती. उतना ही जितना बाप मारा करता था. अफीम बेचकर जितना पैसा आता, बाप दारू और सेक्स में उड़ा देता. 15 साल की उम्र में गजमन ने अपना पर्सनल खेत खरीदा, और पहली कमाई के पैसे परिवार को दे दिए. बाप से बर्दाश्त न हुआ. घर से निकाल दिया. गजमन दादा के साथ रहने लगा. ये वही उम्र थी जब सब उसे 'एल चैपो' कहने लगे. एल चैपो माने 'छोटा'. चैपो की हाइट 5 फुट 6 इंच थी. जो एक मेक्सिकी मर्द की एवरेज हाइट से काफी कम थी.20 साल की उम्र तक चैपो जुर्म की दुनिया में घुस चुका था. आने वाले सालों में चैपो मेक्सिको के सबसे बड़े ड्रग रैकेट का हिस्सा बन चुका था. अपने बॉस से कहता कि स्मगल करने के लिए ज्यादा से ज्यादा माल दिया जाए. जो काम में हेरा-फेरी करे उसे ऑन द स्पॉट शूट कर देता. जान की कीमत माल से ज्यादा नहीं थी. वो जल्दी सफल होना चाहता था. और हुआ. एक दिन ड्रग किंग फीलिक्स गलाद्रो से मिला. गलाद्रो ने उससे इंप्रेस होकर उसे अपना ड्राईवर रख लिया. और धीरे धीरे चैपो बन गया गलाद्रो का राईट हैंड.

2014 में चैपो के घर पर पड़े छापे से बरामद हुआ कैश
1993 में पहली बार जेल गया. इस समय वो मेक्सिको के सबसे अमीर लोगों में से एक था. कहा जाता था कि जिस जेल में उसे भेजा गया वो 'मैक्सिमम सिक्योरिटी प्रिजन' था. आठ साल जेल में आराम करने के बाद जेल के धोबी की हाथगाड़ी में छिप कर भाग गया.

मेक्सिको में चैपो का बंगला
अब तक एल चैपो लोगों के किस्सों-कहानियों का हिस्सा बन चुका था. लोग उसपर गीत लिखने लगे थे.
फरवरी 2014 में एक बार फिर गजमन की लाइफ में ब्रेक लगा. पुलिस से दुनिया के सबसे बड़े ड्रग लॉर्ड को जब गिरफ्तार किया, उसने शर्ट भी नहीं पहनी नहीं थी. उसकी बाहों में उसकी पत्नी और दूसरी तरफ एक AK47 बंदूक थी. गजमन एक सादे से होटल में पत्नी के साथ छुट्टी मना रहा था.

जब 2014 में गिरफ्तार हुआ
जुलाई 2015 में एक बार फिर 'मैक्सिमम सिक्योरिटी' जेल से चैपो फरार हो चुका था. जिस जगह कैदी नहाया करते थे. वहां एक सुराख था. जो एक सुरंग में खुलता था. चैपो के भागने के लिए इतना ही काफी था.
इस तरह जेल से भागा था चैपो. (सोर्स: यूट्यूब पर वाईस न्यूज)
https://www.youtube.com/watch?v=Kh3RHV5G1Fc
आखिर फिर से पकड़ाया
पिछले 6 महीने से गजमन के दुनिया भर में अलग-अलग जगह होने का अंदाजा लगाया जा रहा था. अक्टूबर 2015 में पुलिस से सामना भी हुआ. पर वो भाग निकला. पुलिस उसकी एक टांग तोड़ने से ज्यादा कुछ नहीं कर पाई.कुछ दिनों पहले मेक्सिको के एक आम आदमी का फोन पुलिस को पहुंचा. उसे शक था कि उसके पास के घर में रहने वाले लोग अपने साथ हथियार रखते हैं. जब मेक्सिको की स्पेशल फोर्स वहां पहुंची तो गजमन के साथ मिला उसका खजाना. हथियारों का खजाना. चार बख्तरबंद गाड़ियां, आठ राइफल, एक हैंडगन, गोलाबारूद और एक ट्यूब राकेट लॉन्चर बरामद हुए.
और आज चैपो एक बार फिर 'मैक्सिमम सिक्योरिटी' जेल में है.





















