वाइट हाउस से जारी वीडियो मैसेज में रिपब्लिकन नेता डॉनल्ड ट्रंप ने कहा कि कैपिटल बिल्डिंग पर हमले से वह नाराज़ हैं. सभी अमेरिकियों की तरह वो भी इस हिंसा और इस दौरान कानून तोड़े जाने की आलोचना करते हैं. उन्होंने कहा,
जो व्यक्ति कैपिटल बिल्डिंग में घुसे, उन्होंने अमेरिकी लोकतंत्र के स्थान की अवमानना की है. जो लोग हिंसा करते हैं, वो हमारे देश का प्रतिनिधित्व नहीं करते. जिन्होंने कानून तोड़ा है, उन्हें इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी.
ट्रंप की ओर से ये वीडियो मेसेज ऐसे समय जारी किया गया है, जब उनकी ही पार्टी के लोग महाभियोग चलाकर उन्हें राष्ट्रपति पद से हटाने पर विचार कर रहे हैं. कैपिटल बिल्डिंग पर हमले के बाद ट्रम्प सरकार के कई लोग अपने पदों से त्याग पत्र दे चुके हैं. कैपिटल बिल्डिंग में क्या हुआ था? अमेरिकी टाइम के हिसाब से 6 जनवरी को राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प के समर्थकों ने चुनाव में धांधली के आरोप लगाते हुए वॉशिंगटन डीसी में मौजूद कैपिटल बिल्डिंग में जमकर हंगामा मचाया. यहीं पर अमेरिकी कांग्रेस के लोग बैठते हैं. लोगों की भीड़ इस बिल्डिंग के भीतर घुस गई. तोड़फोड़ की. पुलिस से झड़प हुई. आंसू गैस के गोले दागे गए. इन झड़पों में एक महिला समेत चार लोगों के मौत हो गई. FBI ने करीब 4 घंटे की मशक्कत के बाद कैपिटल बिल्डिंग को सिक्योर करने का दावा किया. फ़ेडरल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (FBI) के मुताबिक़, घटनास्थल पर दो विस्फोटक डिवाइस भी मिले, जिन्हें निष्क्रिय कर दिया गया.
वॉशिंगटन में ट्रंप समर्थकों के बवाल के बीच कैपिटल बिल्डिंग के बाहर धमाका भी हुआ. कहा जा रहा है, दंगाइयों को रोकने के लिए पुलिस ने ऐसा किया.ट्विटर नरम पड़ा, फेसबुक अब भी सख्त कैपिटल पर हंगामे के बाद सोशल मीडिया ने भी डॉनल्ड ट्रंप पर सख्त कार्रवाई की. ट्रंप के कथित आधारहीन ट्वीट्स का हवाला देते हुए ट्विटर ने पहले तो उनके अकाउंट पर 12 घंटे का प्रतिबंध लगाया. कहा कि वो अपने ट्वीट नहीं हटाते तो उनका अकाउंट परमानेंटली लॉक कर दिया जाएगा. हालांकि ट्रंप की ओर से वीडियो मेसेज जारी करने और जो बाइडेन को अगला राष्ट्रपति स्वीकार करने के बाद उनका ट्विटर अकाउंट बहाल कर दिया गया. लेकिन फेसबुक और इंस्टाग्राम ने अगले दो हफ्ते तक राष्ट्रपति ट्रंप का अकाउंट सस्पेंड करने की बात कही है.




















