चंद्रयान-3 (Chandrayaan-3) की चांद पर सफल लैंडिंग हो गई है. इसरो (ISRO) में लैंडिंग के बाद मिठाई बांटी गई और वहां मौजूद लोगों ने जश्न मनाया. इस दौरान इसरो प्रमुख एस सोमनाथ ने खुशी जाहिर की. चंद्रयान-3 मिशन की सफलता पर अपनी टीम को बधाई दी. उन्होंने कहा,
Chandrayaan-3 की लैंडिंग के बाद असली हीरो ISRO के वैज्ञानिकों ने क्या बड़ी बातें कहीं?
ISRO प्रमुख एस सोमनाथ और डायरेक्टर ने Chandrayaan 3 की सफलता के पीछे किन लोगों को बताया?


“हमने चंद्रमा पर सॉफ्ट लैंडिंग हासिल कर ली है. भारत चंद्रमा पर है. चंद्रयान-3 हजारों वैज्ञानिकों, इंजीनियरों, हमारे कर्मचारियों, और अन्य जगहों पर मौजूद हमारी टीमों द्वारा किए गए काम का नतीजा है”
सोमनाथ ने कहा, आप सभी के सहयोग के लिए धन्यवाद. हमने अपनी असफलता से बहुत कुछ सीखा और आज हम सफल हुए. हम चंद्रयान-3 के लिए अब से अगले 14 दिनों का इंतजार कर रहे हैं. हम उन सभी का धन्यवाद करते हैं जिन्होंने मिशन को प्रत्यक्ष और परोक्ष रूप से सफल बनाने में मदद की है. जिस तरह से लोगों ने अंत तक आते-आते अपना सपोर्ट और विश्वास दिखाया, वो काफी अभूतपूर्व है.”
उन्होंने विशेष रूप से कुछ सीनियर लोग किरन कुमार, कमलारकर, कोटेश्वर राव का विशेष रूप से आभार जताया. एस सोमनाथ ने यह भी कहा कि ये केवल अकेले का काम नहीं है बल्कि यह इसरो लीडरशीप की पूरी पीढ़ी द्वारा की गई मेहनत का नतीजा है. उन्होंने कहा,
सैटेलाइट सेंटर के निदेशक एस शंकरन ने जताई खुशी“हमने इस यात्रा की शुरुआत चंद्रयान-1 से शुरू की थी. इसे चंद्रयान-2 के साथ जारी रखा. चंद्रयान-2 का क्राफ्ट अभी भी काम कर रहा है और कई तरह के कम्यूनिकेशन कार्य कर रहे हैं. आप सभी लोगों के प्यार और आशीर्वाद के लिए शुक्रिया.”
यूआर राव सैटेलाइट सेंटर के निदेशक एस शंकरन ने भी लोगों का धन्यवाद किया. उन्होंने कहा,
“आप सभी लोगों का धन्यवाद. आज हमने वो मुकाम हासिल किया है जो हमने 2019 में पूरा कर लेने का फैसला किया था. हमें चार साल और लगे लेकिन आखिकार हमने ये पूरा कर लिया. जब चंद्रयान-3 को स्पेस के लिए छोड़ा गया था, उस वक्त मैंने सोचा था कि इसकी सॉफ्ट लैंडिंग के बाद ही कुछ बोलूंगा. तो आज मैं यहां कुछ मिनट आप सभी से कुछ बातें साझा करना चाहूंगा.”
शंकरन ने कहा, “चंद्रयान की पूरी प्रोजेक्ट टीम चार साल से इस प्रोजेक्ट को लेकर जी जान से जुटी थी. इस दौरान वे सभी लोग खाते पीते सोते जागते केवल और केवल इस मिशन को ही जी रहे थे. इन लोगों को काफी बड़ी संख्या में लोगों का सपोर्ट मिला. खासकर नेविगेशन, गाइडेंस और कंट्रोल एरिया में. टीम को इस दौरान ढेर सारी आलोचनाएं और प्रशंसा भी मिली. इस दिशा में जिस तरह की मेहनत टीम ने की है, जिस तरह का रिव्यू किया है, वो सराहनीय है. यही इसरो की पहचान है. भारत का मान-सम्मान बढ़ाने के लिए आप सभी का धन्यवाद.”
उन्होंने कहा, "आज की सफलता ने हमें एक नई ऊंचाई प्रदान की है. जैसा कि पीएम नरेंद्र मोदी कह रहे थे, आज मिली कामयाबी ने हमसे लोगों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं. आगे हमारा संस्थान मंगल और शुक्र जैसे अन्य ग्रहों पर भी स्पेसक्राफ्ट लैंड कराने की दिशा में काम करेगा."
कनाडा के वैज्ञानिक ने इसरो को दी बधाईक्रिस हैडफीलड कनाडा के अंतरिक्ष यात्री हैं. उनके ट्विटर बायो के मुताबिक वे तीन स्पेसफ्लाइट पर जा चुके हैं. उन्होंने भी ट्वीट कर भारत और इसरो को बधाई दी है. क्रिस हैडफील्ड ने लिखा,
“सभी भारतवासियों और इसरो को बधाई. आप चांद पर सुरक्षित और गर्व से लैंड कर चुके हैं! ”
चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग के बाद से बधाइयों का तांता लगा हुआ है. देश के लिए ये बहुत ही गौरवपूर्ण क्षण है. ऐसे में जश्न लाजमी भी है. ISRO और देश को हमारी तरफ से भी बधाई.


















