The Lallantop

शहर का नाम बदलने पर अमित शाह बोले - "हम मुगलों की निशानी नहीं मिटाना चाहते"

'हर सरकार का ये विधायी अधिकार है'

Advertisement
post-main-image
शहरों के नाम बदलने पर अमित शाह का बयान (फोटो-आजतक)

देश में अलग-अलग शहरों के नाम बदलने पर अमित शाह का बयान आया है (Amit Shah on Renaming Cities Mughals and Nehru). मामले को लेकर अमित शाह का कहना है कि नाम बदलने के तमाम फैसले सरकार ने बहुत सोच समझकर लिए हैं. उन्होंने कहा कि हर सरकार के पास ये विधायी अधिकार है. जब अमित शाह से पूछा गया कि क्या वो देश से मुगलों का योगदान मिटाना चाहते हैं तो केंद्रीय गृहमंत्री ने मना किया.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

ANI ने इंटरव्यू में अमित शाह से पूछा,

“जम्मू कश्मीर को लेकर कहा जाता है कि बीजेपी इतिहास को दोबारा लिख रही है. आरोप है कि देश में मुगलों के या नेहरू जी के योगदान को मिटाया जा रहा है.”

Advertisement

जवाब में अमित शाह बोले,

“नेहरू जी के कारण 370 आया और हमारा तो 1950 से एजेंडा था उसे हटाना. ये नहीं होना चाहिए. उससे देश का नुकसान हुआ. अब जम्मू कश्मीर में विकास हो रहा है. आतंकवाद खत्म हो रहा है.”

शहरों का नाम बदलने पर अमित शाह आगे बोले,

Advertisement

“मुगलों का योगदान नहीं हटाना चाहिए. ना हम हटाना चाहते हैं. लेकिन इस देश की परंपरा को अगर को स्थापित करना चाहता है उमें किसी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए…. एक भी शहर ऐसा नहीं है जिसका पुराना नाम ना हो और बदला है. इसपर बहुत सोच समझकर हमारी सरकारों ने फैसले लिए हैं और हर सरकार का ये विधायी अधिकार है."

हिंडनबर्ग पर क्या बोले? 

पिछले दिनों BBC डॉक्यूमेंट्री और हिंडनबर्ग की रिपोर्ट खूब विवादों में रही. दोनों ही मुद्दों पर विपक्ष ने सरकार को जमकर घेरा. ANI को दिए इंटरव्यू में अमित शाह ने दोनों मुद्दों को साजिश करार दे दिया. उनका कहना है कि इन विवादों के बाद भी मोदी जी और मजबूत और लोकप्रिय हो रहे हैं. 

इंटरव्यू में अमित शाह ने कई और मुद्दों पर बातचीत की. आप वो इंटरव्यू इस पर देख सकते हैं. 

वीडियो: अमित शाह संसद में अधीर रंजन की क्या बात सुन भड़के, कहा- देश को गुमराह ना करें!

Advertisement