पाकिस्तान टीम दिसंबर में उत्तर प्रदेश में होने वाले जूनियर हॉकी वर्ल्ड कप में खेलेगी और उसकी तैयारी भी यही भारत में हो रही है. उड़ी हमलों के बाद भारत ने खेल के मैदान पर भी पाकिस्तान के बहिष्कार की नीति अपनाई है. पाकिस्तानी टीम हाल ही संपन्न हुए कबड्डी वर्ल्ड कप में भाग नहीं ले पाई थी. लेकिन पाकिस्तान हॉकी फेडरेशन का कहना है कि पाकिस्तान जूनियर हॉकी वर्ल्ड में भाग लेगा और देश की राजनीतिक हालत से उनके हॉकी खेलने पर कोई असर नहीं पड़ेगा.
पाकिस्तानी टीम की तैयारी भी इंडिया में हो रही है
अगले साल तक भारत-पाकिस्तान खेल के मैदान पर कई बार भिड़ सकते हैं

पाकिस्तान हॉकी संघ के सचिव और पाकिस्तान के पूर्व कप्तान शाहबाज़ अहमद ने बताया, ‘पाकिस्तान की टीम जूनियर हॉकी वर्ल्ड कप के लिए लखनऊ में तैयारी कर रही है, हालांकि सरकार से इजाजत का इंतज़ार है पर तैयारी पूरे ज़ोरों पर है. और यात्रा के बाकी मामलों को देखा जा रहा है.’
पाकिस्तान के पूर्व कप्तान का मानना है कि ये सारा झमेला मीडिया ने खड़ा किया है और पाकिस्तान की जूनियर हॉकी टीम के वीज़ा लेने के लिए कोई समस्या नहीं हुई. जूनियर हॉकी वर्ल्ड कप उत्तर प्रदेश में 8-18 दिसंबर के बीच होगा. इसमें 16 टीमें भाग लेंगी. भारत और पाकिस्तान अलग-अलग ग्रुप में हैं. हां, दोनों क्वार्टर फाइनल में आमने-सामने हो सकते हैं. उत्तर प्रदेश हॉकी वर्ल्ड कप को 2018 में भारत में होने हॉकी वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
दोनों देशों में तनातनी के बावजूद अगले साल तक भारत-पाकिस्तान खेल के मैदान पर कई बार भिड़ सकते हैं. अगले साल जून में भारत-पाकिस्तान क्रिकेट चैंपियंस ट्रॉफी और हॉकी वर्ल्ड लीग में आमने-सामने होंगे.
न सिर्फ भारत-पाकिस्तान में बल्कि पूरी दुनिया में हॉकी की लोकप्रियता में कमी आ रही है. हॉकी में भारत-पाकिस्तान मैच सबसे ज्यादा कमाई वाला मैच होता है. हॉकी-पंडितों का मानना है कि जितने ज़्यादा भारत-पाकिस्तान मैच होंगे हॉकी के लिए उतना ही अच्छा है. और एक चीज़ है. इंटरनेशनल हॉकी फेडरेशन को करीब 70 फीसदी पैसा भारत से जाता है इसलिए वो ज़्यादा से ज़्यादा मैच भारत में कराना चाहते हैं.













