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ग्वालियर के लड़के, जिन्होंने सनी लियोनी को बचाया

बेबी डॉल बनाने वाले मीत ब्रदर्स की कहानी, उनकी ज़ुबानी.

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मीत ब्रदर्स सनी लियोनी के साथ बनाए गाने 'बेबी डॉल' के बाद खबरों में आए थे.
मीत ब्रदर्स. म्यूज़िक डायरेक्टर, कंपोज़र और सिंगर. इनके बनाए गाने चार्टबस्टर और लोगों की दिलों पर छाए रहते हैं. याद कीजिए 'बेबी डॉल', 'हैंगओवर', 'चिट्टियां कलाइयां', और 'पार्टी तो बनती है' जैसे गाने. ये सब इन्होंने ही बनाए हैं. हाल ही में इनका एक नया गाना आया है 'यारी वे'. इसमें वो एक्टर और टीवी शो जज लॉरेन गॉटलीब के साथ नज़र आएंगे. इन्हीं दिनों मीत ब्रदर्स हमारे न्यूज़ रूम आए और हमसे थोड़ी बातचीत की. कुछ हमने उनसे पूछा, कुछ उन्होंने हमसे. पढ़िए:
#. मीत ब्रदर्स: रुचिका और श्वेतांक आपकी स्कूलिंग कहां से हुई है?
- रुचिका- जयपुर - श्वेतांक- पटना
#. आप दोनों में से मनमीत कौन है और हरमीत कौन है?
- नाम में क्या रखा है? मीत लग गया तो हम दोनों मीत ब्रदर्स ही हैं. लोग कंफ्यूज़ होने चहिए, नहीं तो मजा नहीं आता. वैसे भी आपको पता है 'नॉर्मल इज़ बोरिंग'.
meet brothers

#. अपने नए गाने 'यारी वे' के बारे में कुछ बताइए.
- हमारे दर्शकों को हमसे पार्टी सॉन्ग की उम्मीद रहती है. क्योंकि हमने उनको बहुत से गानों पर नचाया है जैसे- 'बेबी डॉल', 'चिट्टियां कलाइयां', 'इक वारी आ तो सही', 'मैं तेरा बॉयफ्रेंड', 'हाई हील्स' और 'छम-छम'. इन गानों ने आपको बहुत सी शादियों और क्लबों में नाचने में मदद की है. हमने सोचा कि जैसा हम फिल्मों में म्यूज़िक देते हैं उससे कुछ अलग किया जाए. वो गाना बनाते हैं, जो हमारे दिल से निकलता है. रोमैंटिक सॉन्ग. (ग्वालियर वाले अंदाज में बात करते हुए) जब हमारे गांव से टेम्पो निकलता है तो लोग कहते हैं कि 'चिट्टियां कलाइयां' और 'बेबी डॉल' बहुत हो गया. अब कुछ रोमैंटिक गाना बनाओ, इशक पर. ये गाना उनके लिए है जो लड़की से प्यार तो करते हैं लेकिन अपने दिल की बात नहीं कह पाते. जैसे इस गाने के बोल कहते हैं 'यारी वे, चल इश्क में बदल दे, यारी वे.'
यहां देखिए वो गाना:

#. एक लल्लनटॉप हम हैं लेकिन एक लल्लन आपके पास भी था. उसकी क्या कहानी है?
- हमारे पापा शराब बेचते थे. वो चाहते थे कि हम भी वही करें लेकिन हमने कहा कि हमें म्यूज़िक करना है. पापा ने कहा म्यूज़िक कौनसा बड़ा काम है. हमारे ड्राइवर का बेटा भी गाता है. उन्होंने कहा कि कुछ बड़ा करो ताकि लोगों को तुम्हारे बारे में पता चले. इसीलिए हमने अपने गांव में ही 'चस्का' नाम का एफएम स्टेशन लगा लिया. उसमें हमने कुछ लोकल बच्चों को लिया. उनमें से एक लड़का था जो बुंदेलखंडी भाषा बोलता था. हमने उसका नाम 'लल्लन' रख दिया. वो हमारा रेडियो जॉकी था. उस वक्त हमारे यहां पर भी बड़े-बड़े एफएम चैनल आ गए थे. बावजूद इसके हमारा लल्लन जब शाम पांच बजे लाइव आता और अपनी 'भैरंट' भाषा में बात करना शुरू करता तो पूरा ग्वालियर उसे सुनता था. कुछ ही दिन में वो वहां का स्टार बन गया. इसलिए लल्लन से हमारा कनेक्शन बहुत पुराना है.
#. 'चिट्टियां कलाइयां' गाने के लिरिक्स आपको थोड़े रेसिस्ट नहीं लगते. सिर्फ गोरी कलाइयों के लिए?
- जब हमें इस गाने का आइडिया आया था ये बिल्कुल नहीं सोचा था कि इसपर काली कलाइयों वाली एंजॉय नहीं करेंगी. इस गाने पर लड़के, जिनकी कलाइयां बालों से भरी होती वो भी अपनी कलाइयां उठाकर नाचते पाए जाते हैं. ये गाना जैकलीन पर फिल्माया जाना था और वो तो गोरी है. अगर उसको काली बोलते तो अच्छा नहीं लगता.
'चिट्टियां कलाइयां' गाने में जैकलीन.
'चिट्टियां कलाइयां' गाने में जैकलीन.

#. आपको नहीं लगता कि गानों को इन चीज़ों से दूर रखा जाना चाहिए?
- फिर तो रंग के ऊपर जितने भी गाने हैं जैसे 'गोरे रंग पे न इतना गुमान कर', 'ये काली-काली आंखें', और 'गोरे-गोरे मुखड़े पे काला-काला चश्मा' जैसे गाने बन ही नहीं पाते. आपकी बात सही है लेकिन हमने ये नहीं कहा कि काला रंग या सांवला रंग बुरा है. गोरे की बात हुई है तो काले की भी बात होगी. अगर हमें कोई डायरेक्टर या प्रोड्यूसर गोरी लड़की के ऊपर गाना बनाने को बोलेगा तो हम 'ब्राउन कलाइयां वे' तो नहीं बना सकते न ?  और वैसे भी ब्राउन पर भी तो हनी सिंह ने गाना बनाया था 'कुड़ीए नी तेरे ब्राउन रंग ने'. अब वो रेसिज़्म थोड़ी है. वो लड़की गोरी थी उसके लिए वो गाना बना. हमारी वाली चिट्टी थी तो हमने ये बना दिया. इसे देसी इस्टाइल में क्रिएटिविटी कहते हैं.
हनी सिंह का वो गाना यहां देखें: 

#. आपकी शुरुआत कैसे हुई थी?
- हमने कोई प्लान नहीं किया था. बस चीज़ें मस्ती-मस्ती में होती चली गईं. हमने सबसे पहले स्कूल में गाना शुरू किया. फिर कॉलेज में गाने लगे. वहां लोगों ने पसंद किया. कॉलेज के बाद म्यूज़िक कंपनी को सुनाया. वहां सेलेक्ट हो गया. सब किस्मत का खेल है.
#. आपको खुद का बनाया कौन सा गाना सबसे ज़्यादा पसंद है?
- अभी हाल ही में आई फिल्म 'जुड़वा 2' का 'इक वारी आ तो सही' अच्छा लगता है. उसकी मेलडी और ट्यून थोड़ी मॉडर्न है इसलिए अच्छा लगता है.
इक वारी आ तो सही के एक सीन में वरूण और जैकलीन.
इक वारी आ तो सही के एक सीन में वरुण और जैकलीन.

#. किसी और का बनाया फेवरेट गाना?
- वैसे तो हमें सारे ही गाने पसंद हैं. जैसे आर.डी. बर्मन साहब के गाने हैं, रहमान साहब के गाने हैं. लेकिन अगर आप खास तौर पर पूछें तो आर.डी. बर्मन का बनाया गाना 'तुम क्या जानों मोहब्बत क्या है' हम बचपन से गाते आ रहे हैं और वो हमारा बहुत फेवरेट है.
यहां देखिए मीत ब्रदर्स का सबसे फेवरेट गाना: 

#. बतौर म्यूज़िक डायरेक्टर आपकी पहली फिल्म कौन सी थी?
इस सवाल से एक बहुत इंट्रेस्टिंग किस्सा जुड़ा हुआ है. हम मुंबई पहुंचने के बाद अपना ताम-झाम लेकर किसी भी प्रोड्यूसर के ऑफिस में काम मांगने घुस जाते थे. ऐसे ही एक बार हम डायरेक्टर प्रदीप सरकार (मर्दानी)  के ऑफिस में घुसे और अपने गाने सुनाने लगे. वो सुनना नहीं चाहते थे, लेकिन हमने जबरदस्ती सुनाया. वो चल रहे थे और हम पीछे-पीछे गाना सुना रहे थे. उनको हमारे गाने पसंद आए और हमें यश राज फिल्म्स की एक फिल्म मिल गई. लेकिन वो फिल्म शुरू होने से पहले ही बंद हो गई.
इसके कुछ दिनों बाद ही हमें एक फोन आया. दूसरे साइड पर हबीब फैज़ल थे. उन्होंने हमें प्रदीप सरकार के साथ वाली मीटिंग में सुना था. उन्होंने हमें बताया कि वो एक फिल्म बना रहे हैं 'दो दूनी चार' और चाहते हैं कि हम उनके लिए काम करें. हमने कहा कि हम तो वेट कर रहे हैं. तो ऐसे मिली पहली पिक्चर. इसके बाद हमें राजश्री की एक फिल्म मिल गई. उसका नाम था 'इसी लाइफ में'. फिर हमें उसके लिए बेस्ट न्यू म्यूज़िक डायरेक्टर का अवॉर्ड भी मिला. तब से ये सफर शुरू हो गया.
फिल्म 'दो दूनी चार' का पोस्टर.
फिल्म 'दो दूनी चार' का पोस्टर.

#. आपका सबसे बड़ा ब्रेक कौनसा था , जिसके बाद आपको लोग जानने लगे?
- हमें सबसे बड़ा ब्रेक मिला गाने 'बेबी डॉल' से, जो एकता कपूर ने दिया था. उसके बाद आया 'चिट्टियां कलाइयां'. इन दो गानों ने हमें फिल्मफेयर समेत ढेर सारे अवॉर्ड दिलवाए. वहां से हमारी ज़िंदगी बदल गई. हम जो गांव से आए लोग थे, वो थोड़े पॉलिश्ड मुंबई वाले हो गए.
मीत ब्रदर्स का पहला हिट गाना: 

#. अगर आपको विराट कोहली की शादी पर कोई गाना बनाना हो तो?
- देखिए अभी हम सिर्फ अपने गाने 'यारी वे' पर फोकस कर रहे हैं. लेकिन अगर आप कह रहे हैं तो हम सुनाते हैं. 'बल्लेबाज तो ऐंवई-ऐंवई लुट गया' (बैंड बाजा बारात वाले गाने की धुन पर). अरे विराट कोहली से याद आया हमें उनका हमशक्ल मिल गया था. हम स्विटज़रलैंड गए थे. वहां एक बंदा था, जो केबल कार चला रहा था उसकी शक्ल हूबहू विराट से मिल रही थी. मैंने उसे स्माइल करवारकर चेक किया और मैं चौंक गया. मुझे लगा यार विराट यहां क्या कर रहा है. बस वो थोड़े समोसे-अंडे खाकर मोटा हो गया था.
#. ये गाना ऑन द स्पॉट बना, बिल्कुल इंसटैंट .ऐसी कोई चीज़ पहले हुई है?
- हमने 'पिंक लिप्स' गाना 'ऑन द स्पॉट' और 'ऑन द पॉट' बनाया था. एक दिन हरमीत टॉयलेट से निकला और बोला कि उसके दिमाग में एक लाइन आई है. पिंक लिप्स. इसके बाद हमने कुमार भाई को फोन किया और गाना बना 'पिंक लिप्स'. उसके यूट्यूब पर 100 मिलियन से ज़्यादा व्यूज़ हैं. चीज़ें ऐसे ही होती हैं. जब हम कोई चीज़ प्लान नहीं करते हैं तो वो हो जाती हैं. जैसे हमने एक करोड़ रुपए खर्च कर 'पार्टी एनिमल' गाना बनाया था. वो किसी को पसंद ही नहीं आया. उसके यूट्यूब पर बस 3 मिलियन व्यूज़ हैं. जब आप नहीं सोचते तब ईश्वर आपके बारे में सोचते हैं. ज़्यादा प्लान मत करो. थोड़ी बहुत तैयारी करके जाओ.
पिंक लिप्स यहां देखें: 

#. 'हैंगओवर' गाने में सलमान खान के साथ काम करने का एक्सपिरियंस कैसा रहा?
- बहुत ही खतरनाक प्रोसेस था. आपने उनकी बॉडी देखी है न कितना तगड़ी है! उनके साथ कुछ भी गलती कर दी तो बहुत पिटाई होती है. लेकिन ये बहुत अच्छा था. उन्होंने उस गाने को बहुत मेहनत से गाया. इसके लिए उन्होंने दिन-रात एक कर दिया था. ऐसा लग रहा था उनकी लाइफ में इस गाने के बाद कोई प्रोजेक्ट ही नहीं है. लेकिन हमने उस गाने में उनसे बहुत कुछ सीखा.
देखिए सलमान का गाना हैंगओवर:

#. लल्लनटॉप सुनकर आपके दिमाग में क्या आता है?
- लल्लनटॉप बहुत ही म्यूज़िकल नाम है. हमें लगा था कि पहाड़ की चोटी पर धोती पहनकर कोई लल्लन बैठा होगा. लेकिन यहां तो आप दोनों जैसे प्यारे लोग निकले. लल्लनटॉप सुनकर ये जरूर लगा था कि कोई इंट्रेस्टिंग वेब पोर्टल या प्लैटफॉर्म होगा. अब तक आपकी साइट फॉलो नहीं करते थे. पहली बार यहां आए और आपसे मिले. अब आपकी साइट भी फॉलो करेंगे.


उस इंटरव्यू का वीडियो यहां देखें:



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