The Lallantop

लड़के ने IIT की वेबसाइट हैक की, FIR की जगह संस्थान अब देगा ये इनाम

IIT Kanpur को पता चला कि वेबसाइट हैक करने वाला कोई साइबर क्रिमिनल नहीं, बल्कि एक छात्र है. सिस्टम में बिना इजाजत घुसना जुर्म है. फिर भी साइबर सिक्योरिटी में माहिर छात्र ने IIT कानपुर की वेबसाइट हैक क्यों की?

Advertisement
post-main-image
IIT कानपुर की वेबसाइट हैक हो गई.
author-image
सिमर चावला

IIT कानपुर की वेबसाइट अचानक हैक हो गई. स्क्रीन पर एक मैसेज चमक रहा था- 'All I Need Is Just A Fair Chance', यानी 'मुझे बस एक निष्पक्ष मौका चाहिए.' कैंपस में हड़कंप मच गया. संस्थान ने FIR दर्ज कराने और कानूनी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी. लेकिन तभी कहानी ने ऐसा मोड़ लिया, जिसकी उम्मीद नहीं थी. पता चला कि वेबसाइट हैक करने वाला कोई साइबर क्रिमिनल नहीं, बल्कि एक छात्र है. उसे IIT कानपुर में दाखिला नहीं मिल पाया था. सिस्टम में बिना इजाजत घुसना जुर्म है, लेकिन IIT कानपुर ने सजा देने के बजाय टैलेंट पहचाना और बस समझिए कि अब इनाम दे रहा है.

Advertisement

इंडिया टुडे से जुड़े सिमर चावला की रिपोर्ट के मुताबिक, छात्र IIT कानपुर के बीटेक साइबर सिक्योरिटी प्रोग्राम में एडमिशन लेना चाहता था. लेकिन नाकाम रहा. छात्र ने दाखिले की कोशिश के लिए IIT कानपुर की वेबसाइट को हैक करने का फैसला किया. जब साइट हैक हो गई, तो इसके स्क्रीनशॉट X और Reddit पर शेयर कर दिए.

क्यों नहीं हुई FIR?

IIT कानपुर भी एक्टिव हो गया. कानूनी कार्रवाई के रास्ते पर चल पड़ा, तभी सामने आया कि हैकिंग करने वाला एक छात्र है. फिर कानूनी कार्रवाई करने का ख्याल छोड़ दिया गया, और छात्र के टैलेंट की कद्र करते हुए उसे IIT कानपुर में इंटर्नशिप देने पर सोच-विचार होने लगा.

Advertisement
IIT कानपुर ने क्या कहा?

IIT कानपुर के डायरेक्टर प्रोफेसर मणीन्द्र अग्रवाल ने कहा कि संस्थान अपने C3iHub साइबर सिक्योरिटी सेंटर में छात्र को इंटर्नशिप देने का विचार कर रहा है. उन्होंने साफ किया कि मौका पाने के लिए संस्थान के सिस्टम को हैक करना किसी भी सूरत में कबूल नहीं है.

फिर संस्थान ने ऐसा क्यों किया? प्रोफेसर मणीन्द्र अग्रवाल ने खुद इंडिया टुडे को इसका जवाब दिया,

“IIT कानपुर में एडमिशन की प्रक्रिया पहले ही पूरी हो चुकी थी और इसमें कानूनी और प्रक्रिया से जुड़े पहलू भी शामिल थे. हालांकि, हम छात्र का फ्यूचर खराब नहीं करना चाहते थे, इसलिए हमने उसे एक मौका देने का फैसला किया है और C3iHub में इंटर्नशिप के लिए उस पर विचार कर रहे हैं. वह अगले साल एडमिशन के लिए कोशिश कर सकता है.”

Advertisement

यह भी पढ़ें: IIT मद्रास के पूर्व प्रोफेसर की 'ओल्ड स्कूल' स्टाइल टीचिंग, वायरल वीडियो देख बन जाएंगे फैन!

प्रोफेसर मणीन्द्र अग्रवाल ने आगे कहा, “हम दूसरे छात्रों को यह मैसेज देना चाहते हैं कि मौके पाने के लिए इस तरह के काम सही तरीका नहीं हैं.”

उनके मुताबिक, IIT कानपुर के BTech साइबर सिक्योरिटी प्रोग्राम में अप्लाई करने वालों को दाखिला प्रक्रिया के समय अपनी टेक्निकल काबिलियत दिखाने के कई मौके दिए जाते हैं. इनमें हैकाथॉन भी शामिल हैं. लेकिन, छात्र सिलेक्शन प्रोसेस के दौरान अपनी काबिलियत साबित नहीं कर पाया था.

इंटर्नशिप और जॉब के मौके

IIT कानपुर डायरेक्टर ने बताया कि IIT कानपुर, साइबर सिक्योरिटी में माहिर और इसमें दिलचस्पी रखने वाले लोगों का स्वागत करता है. वे संस्थान के साइबर सिक्योरिटी टेक्नोलॉजी और इनोवेशन हब - C3iHub - में इंटर्नशिप या नौकरी के मौकों के लिए अपना CV भेज सकते हैं.

वीडियो: CBSE पोर्टल हैक करने वाले निसर्ग अधिकारी को IIT कानपुर से मिला ऑफर, बनेंगे इंटेलिजेंस इंजीनियर

Advertisement