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'मेरी ये मशीन बता देती है कौन बांग्लादेशी', ये कहकर लोगों को डराने वाले SHO पर क्या एक्शन हुआ?

Ghaziabad के कौशांबी थाने के SHO अजय कुमार शर्मा का ये वीडियो खूब चर्चा में है. वो इसमें दावा कर रहे हैं कि उनके पास एक ऐसी मशीन है जो Bangladesh से आए लोगों की पहचान करती है. एक व्यक्ति की पीठ एक कार्ड नुमा चीज लगाते भी दिख रहे हैं. इसका वीडियो अधिकारियों ने देखा और अब इलाके के DCP ने इस बारे में जानकारी दी है.

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इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब घूम रहा है. (फोटो: सोशल मीडिया)

बीते दिनों उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. वीडियो में एक पुलिस अधिकारी झुग्गी बस्ती में रहने वालों को धमकाते हुए नजर आए. दावा किया कि उनके पास एक ऐसी मशीन है जो बांग्लादेश से आए लोगों की पहचान करती है. इस घटना का वीडियो जब वायरल हुआ तो लोगों ने उनकी खूब मौज ली. अब इस मामले पर एक सीनियर पुलिस अधिकारी की प्रतिक्रिया आई है. 

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इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रांस-हिंडन के DCP पाटिल निमिश दशरथ ने कहा कि क्लिप में दिख रहे SHO अजय कुमार शर्मा को चेतावनी जारी की गई है और उनके कथित रवैये की जांच शुरू कर दी गई है. DCP ने कहा,

इलाके में पुलिस की मौजूदगी सुनिश्चित करनी थी. हमने डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए कोई निर्देश जारी नहीं किया था.

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पूरा मामला क्या है?

वीडियो गाज़ियाबाद के कौशांबी थाना क्षेत्र का है. 23 दिसंबर को पुलिस की एक टीम कौशांबी थाना क्षेत्र के भोवापुर स्लम्स और बिहारी मार्केट इलाके में पहुंची थी. झुग्गियों में रहने वाले लोगों की जांच हो रही थी. उनके पहचान पत्र देखे जा रहे थे. लेकिन फिर SHO अजय शर्मा एक बुजुर्ग के पास पहुंचे और उनसे पहचान पत्र मांगा. 

बुजुर्ग और साथ में खड़ी महिला ने पहचान पत्र दिखाया भी. कहा कि वे बिहार के अररिया के रहने वाले हैं. इसके बाद SHO ने दावा किया कि उनके पास एक ऐसी मशीन है जो बांग्लादेश से आए लोगों की पहचान करती है. इसके बाद उन्होंने एक कार्ड जैसी चीज को बुजुर्ग की पीठ पर लगाकर कहा,

‘मशीन तो बता रही कि तुम बांग्लादेश के हो.’ 

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SHO ने क्या बताया?

SHO अजय कुमार शर्मा ने सफाई देते हुए कहा कि वे उन लोगों पर एक ‘साइकोलॉजिकल ट्रिक’ का इस्तेमाल कर रहे थे. शर्मा ने कहा, 

पिछले साल हमने इसी झुग्गी बस्ती से बांग्लादेश के पांच लोगों को गिरफ्तार किया था. पुलिस हिरासत में आरोपियों से पूछताछ के दौरान हम इस चाल का इस्तेमाल करते हैं, इसलिए मुझे लगा कि यह उन पर भी काम करेगी.

इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब घूम रहा है. लोग सवाल पूछ रहे हैं कि मार्केट में ये नई मशीन कब से आ गई, जो पीठ पर लगते ही आदमी की नागरिकता बता देती है.

वीडियो: यूपी के ग़ाज़ियाबाद में पुलिस फर्जी मशीन से लोगों को बांग्लादेशी बता रही है? वायरल वीडियो में क्या दिखा?

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