मौसम के मोर्चे पर एक बड़ी अपडेट निकलकर सामने आ रही है. आसमान में करीब 10 हजार किलोमीटर लंबा बादलों का कारवां दिखाई दे रहा है, जो अब बंगाल की खाड़ी की ओर रुख कर रहा है. मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि ये कोई सामान्य हलचल नहीं है, बल्कि एक बड़ा मौसमी सिस्टम है जो आने वाले दिनों में देश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश का दौर शुरू कर सकता है. पिछले कुछ दिनों से देश के कई राज्यों में मानसून की रफ्तार थोड़ी धीमी पड़ी थी, लेकिन बादलों की ये नई कतार एक बार फिर उम्मीद जगा रही है.
10 हजार किमी लंबा बादलों का कारवां, भारत के इन राज्यों में बरसने वाली है आफत या राहत?
बंगाल की खाड़ी की तरफ बढ़ रहे 10 हजार किलोमीटर लंबे बादलों के समूह से भारत में मानसून के फिर से सक्रिय होने की उम्मीद है, जिससे यूपी, बिहार और बंगाल समेत कई राज्यों में झमाझम बारिश होगी.


10 हजार किमी लंबा बादलों की कतार
NTV Telugu की रिपोर्ट के मुताबिक ये 10 हजार किलोमीटर लंबा बादलों का बैंड असल में आईटीसीजेड (ITCZ) यानी इंटरट्रॉपिकल कन्वर्जेंस जोन का हिस्सा माना जा रहा है. यह एक ऐसा इलाका है जहां हवाएं आपस में टकराती हैं और बड़े पैमाने पर बादल बनाती हैं. जैसे ही ये विशाल बादलों का समूह बंगाल की खाड़ी के ऊपर पहुंचेगा, वहां नमी की मात्रा बहुत ज्यादा बढ़ जाएगी. एक्सपर्ट्स के मुताबिक, जब इतना बड़ा क्लाउड बैंड सक्रिय होता है, तो वह समुद्र से भरपूर नमी खींचता है, जिससे कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना काफी बढ़ जाती है. इसी नमी के कारण आने वाले कुछ दिनों में मानसून को नई ऊर्जा मिलेगी.
अगले कुछ दिनों तक अच्छी बारिश के संकेत
इस मौसमी बदलाव का सबसे सीधा असर पूर्वी और मध्य भारत पर पड़ने की उम्मीद है. मौसम विभाग की ओर से मिल रहे संकेतों के अनुसार, यूपी, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और ओडिशा जैसे राज्यों में अगले कुछ दिनों में अच्छी बारिश हो सकती है. हालांकि, उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में बारिश की गतिविधियां थोड़ी कम रह सकती हैं, लेकिन पूर्वी भारत में नमी का ये सिस्टम झमाझम बारिश लेकर आएगा. जिन राज्यों में पिछले कुछ दिनों से लोग गर्मी और उमस से परेशान थे, वहां अब राहत मिलने के पूरे आसार हैं. किसानों के लिए भी ये खबर काफी राहत भरी है क्योंकि खेती के लिए इस समय पानी की जरूरत काफी अधिक है.
10 हजार KM लंबा बादलों का सिस्टम क्या है?
ये एक विशाल मौसमी घटना है, जिसे अक्सर आईटीसीजेड (ITCZ) के साथ जोड़कर देखा जाता है. ये बादलों की एक लंबी कतार होती है जो हवा के चक्रवात और नमी के मिलन से बनती है. यह सिस्टम समुद्र से बहुत ज्यादा नमी सोखता है और मानसून को पुनर्जीवित करने में बड़ी भूमिका निभाता है.
किन राज्यों में सबसे ज्यादा बारिश की संभावना?
आने वाले दिनों में पूर्वी भारत के राज्यों जैसे पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड और ओडिशा में झमाझम बारिश की सबसे ज्यादा संभावना है. इसके अलावा, उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी इसका असर दिखाई दे सकता है.
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