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टाटा के हाथ में आने के बाद एयर इंडिया को अब तक का सबसे बड़ा घाटा, वजह क्या है?

साल 2022 में टाटा ग्रुप ने एयर इंडिया का अधिग्रहण किया था. इससे पहले ये भारत की सरकारी एयरलाइन थी. टाटा समूह ने एयर इंडिया की बोली अक्टूबर 2021 में जीती थी. आधिकारिक तौर पर समूह ने 27 जनवरी 2022 को एयर इंडिया का कंट्रोल भारत सरकार से अपने हाथ में लिया था.

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कुछ दिन पहले एयर इंडिया ने अपनी विदेशी फ्लाइट्स में कटौती की है (फोटो क्रेडिट: Business Today)

टाटा समूह की एयरलाइंस कंपनी एयर इंडिया को वित्त वर्ष 2025-26 के बीच 2.8 अरब डॉलर (करीब 26 हजार 800 करोड़ रुपये) का घाटा  हुआ है. इंडिया टुडे में छपी एक खबर बताती है कि टाटा समूह के हाथों में आने के बाद ये पहला मौका है जब एयरलाइन को सालाना आधार पर इतना बड़ा घाटा उठाना पड़ा है. यह आंकड़ा सिंगापुर एयरलाइन ने गुरुवार 14 मई को जारी अपनी सालाना फाइनेंशियल रिपोर्ट में साझा की.

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साल 2022 में टाटा ग्रुप ने एयर इंडिया का अधिग्रहण किया था. इससे पहले ये भारत की सरकारी एयरलाइन थी. टाटा समूह ने एयर इंडिया की बोली अक्टूबर 2021 में जीती थी. आधिकारिक तौर पर समूह ने 27 जनवरी 2022 को एयर इंडिया का कंट्रोल भारत सरकार से अपने हाथ में लिया था.  

एयर इंडिया को 2022 के बाद से सबसे बड़ा नुकसान

सिंगापुर एयरलाइन की सालाना रिपोर्ट के मुताबिक एयर इंडिया को वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान 3.56 अरब सिंगापुर डॉलर का घाटा हुआ. आज की तारीख में अगर सिंगापुर डालर को रुपये में बदलें तो यह घाटा लगभग 26 हजार 800 करोड़ रुपये के बराबर है. 

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सिंगापुर एयरलाइन की एयर इंडिया समूह में 25.1% हिस्सेदारी है. उसने कहा कि वह अपने निवेश के प्रति प्रतिबद्ध है और एयर इंडिया को अपनी लंबी अवधि की रणनीति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा मानती है.

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घाटा होने की वजह क्या है?

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एक वजह तो बढ़ती लागत है. दूसरा, जिन जगहों पर एयर इंडिया की फ्लाइट्स आती-जाती हैं, वहां के कई एयरपोर्ट्स में आवाजही की बंदिशें होने से एयरलाइन के कामकाज पर बुरा असर पड़ा है. वहीं, सिंगापुर एयरलाइन ने यह भी बताया कि एयर इंडिया को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है. उदाहरण के लिए, सप्लाई चेन की समस्याएं, हवाई क्षेत्र पर प्रतिबंध, मिडिल ईस्ट के कई रूट्स की उड़ानों पर सीमाएं और महंगा जेट ईंधन, वगैरा-वगैरा.

हालांकि, कंपनी ने कहा कि एयर इंडिया अपने बेड़े में नए जहाज शामिल कर रही है. विमानों के इंटीरियर डिजाइन को बेहतर कर रही है. हाल ही में एयर इंडिया ने अगस्त 2026 तक कई अंतरराष्ट्रीय मार्गों पर अस्थायी कटौती और उड़ानों को निलंबित करने की घोषणा की है.

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