(यहां बताई गई बातें, इलाज के तरीके और खुराक की जो सलाह दी जाती है, वो विशेषज्ञोंके अनुभव पर आधारित है. किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले अपने डॉक्टर से ज़रूरपूछें. दी लल्लनटॉप आपको अपने आप दवाइयां लेने की सलाह नहीं देता.)आपके पुराने कपड़े टाइट होने लगे हैं. इसलिए आप वज़न बढ़ने से परेशान हैं. वेट लूज़करने के लिए आप डाइट करते हैं. एक्सरसाइज करते हैं. कुल मिलकर वज़न घटाने के लिएबहुत सारे लोग बहुत मेहनत करते हैं. जो चर्बी आपके शरीर पर जमा हो रही है वो आपकोदिखती है. पर उस चर्बी का क्या जो आपके शरीर के अंदर जमा हो रही है, पर आपको दिखतीनहीं. इस तरह का फैट जमा होता है आपके पेट के अंदर. ख़ासतौर पर जहां आपके शरीर केसारे ज़रूरी अंग मौजूद हैं. जैसे लिवर और आंतें. इसे कहते हैं विसरल फैट और ये आसानीसे दिखता नहीं है.अब आप पूछेंगे इसका नुकसान क्या है? जवाब है बहुत ज़्यादा. विसरल फैट के कारण दिल कीबीमारियां हो सकती हैं, टाइप 2 डायबिटीज हो सकता है, कोलेस्ट्रोल बढ़ सकता है औरहार्ट अटैक पड़ सकता है. अब सवाल है जब ये फैट दिखता नहीं तो पता कैसे चलेगा कि येशरीर के अंदर जमा हो रहा है. ये सवाल हमने पूछा डॉक्टर्स से. साथ ही ये भी जानतेहैं कि विसरल फैट शरीर में जमा क्यों होता है. सुनिए उन्होंने क्या बताया: विसरलफैट क्या होता है? ये हमें बताया डॉक्टर जयंत ने.डॉक्टर जयंत केळवदे, डीएनबी एंडोक्रिनोलॉजी, एलेक्सिस हॉस्पिटल, नागपुर- विसरल फैट को Intra-abdominal फैट भी कहा जाता है.- यानी कि आपके एब्डोमेन या फिर एब्डोमिन कैविटी जो होती है उसके आसपास अगर फैट जमाहो जाता है- खासतौर पर हमारे जो ज़रूरी अंग होते हैं, उनके आसपास जब फैट जमा हो जाता है, जैसेलिवर, किडनी, आंतें- इनके आसपास जमा फैट को विसरल फैट कहा जाता है.- कई सारी रिसर्च स्टडीज में पाया गया है कि विसरल फैट कई सारी बीमारियों से जुड़ाहोता है.- विसरल फैट को एक्टिव फैट भी कहा जाता है, क्योंकि ये बहुत सारी बीमारियों के लिएएक्टिवली हिस्सेदार होता है जैसे डायबिटीज, पैरालिसिस, हाइपरटेंशन, स्ट्रोक.- इसके अलावा कई सारे कैंसर जैसे ब्रेस्ट कैंसर में भी विसरल फैट का हाथ होता है.- इसीलिए विसरल फैट को कंट्रोल करना बेहद जरूरी होता है.विसरल फैट को एक्टिव फैट भी कहा जाता है क्योंकि यह बहुत सारी बीमारियों के लिएएक्टिवली हिस्सेदार होता है- रिसर्च में देखा गया है कि विसरल फैट शरीर के वेट का 10 प्रतिशत होता है.- अगर आपका वेट बढ़ता है तो उसके साथ-साथ विसरल फैट भी बढ़ता है. कारण - वजन बढ़ने केसाथ ही विसरल फैट बढ़ता है.- मोटापा बढ़ने के दो मुख्य कारण होते हैं. सबसे पहला ज़्यादा खाना और दूसरासेडेंटरी लाइफ़स्टाइल.- मतलब अगर आप एक्सरसाइज नहीं कर रहे और खाना ज्यादा खा रहे हैं तो इससे आपका फैटबढ़ेगा.- देखा जाए तो ये बैलेंस है, आपके खाने और एनर्जी के खर्च के बीच में.- अगर आपको एनर्जी की जरूरत कम है और आप खाना ज्यादा खाते हैं तो इसका मतलब है किआप जो एक्स्ट्रा खाना खाते हैं वो फैट में बदल जाता है- इसीलिए अपना खाना कंट्रोल करना बेहद जरूरी है. विसरल फैट कैसे नापें - ये पताकैसे करें कि विसरल फैट कितना है?- मोटापा तो आपको बाहर से दिखता है, लेकिन विसरल फैट जो इंट्रा-एब्डोमन कैविटी मेंइकट्ठा होता है वो देखना थोड़ा सा मुश्किल होता है.- इसके लिए आपको एमआरआई और सीटी स्कैन जैसे टेस्ट कराने पड़ते हैं.- ये टेस्ट समय लेते हैं और महंगे होते हैं.मोटापा बढ़ने के दो मुख्य कारण होते. सबसे पहला ज़्यादा खाना और दूसरा सेडेंटरीलाइफ़स्टाइल- इसीलिए कुछ सिंपल तरीके भी हैं.- इसको नापने के 2 तरीके होते हैं.- पहला होता है वेस्ट सरकम्फ्रेंसेस (कमर की गोलाई) और दूसरा वेस्ट हिप रेशियो.- वैस्ट सरकम्फ्रेंस अगर पुरुषों में 102 सेंटीमीटर और महिलाओं में 89 सेंटीमीटर सेज्यादा है- तो ये विसरल फैट इकट्ठे होने का इशारा है.- दूसरा तरीका होता है वेस्ट इंप्रेशन का. इसमें वेस्ट सरकम्फ्रेंसेस के साथ हिप्ससरकम्फ्रेंसेस भी लेते हैं और इन दोनों का रेशो निकालना होता है.- अगर पुरुषों में इसका रेशियो पॉइंट 9 (यानी .9) और महिलाओं में पॉइंट 85 (यानी.85) से ज्यादा जाता है तो इसको ज्यादा माना जाता है. बचाव - अपने वज़न को कंट्रोलमें रखें.- इसके लिए रेगुलर एक्सरसाइज करना और हेल्दी डाइट लेना बेहद जरूरी होता है.- आपको हर दिन कम से कम 45 मिनट से लेकर 1 घंटे तक एक्सरसाइज करनी चाहिए.अगर आप एक्सरसाइज नहीं कर रहे और खाना ज्यादा खा रहे हैं तो इससे आपका फैट बढ़ेगा- इसमें एरोबिक, कॉर्डियो और स्ट्रैंथनिंग एक्सरसाइज को शामिल करें.- एरोबिक एक्सरसाइज में रनिंग, व़ॉकिंग, साइकिलिंग कम से कम 30 मिनट करें और 15मिनट स्ट्रैंथनिंग एक्सरसाइज करें.- अगर जंक फूड खाते हैं तो इसे अवॉइड करें.- बाहर का खाना बिल्कुल खाना बंद कर दें.- खाने में प्रोटीन की मात्रा बढ़ाएं और सिंपल कार्बोहाइड्रेट जैसे शुगर की मात्राकम करें.- पत्तेदार सब्जियां, सलाद की मात्रा बढ़ाने से आपकी कैलोरी कम होगी, फैट नहींबढ़ेगा.- इससे वजन कम होने में मदद मिलेगी. इलाज - अगर आपको लग रहा है कि आपका वजन बहुतज्यादा है तो आप अपने डॉक्टर की मदद ले सकते हैं.- क्योंकि मार्केट में कई दवाइयां आ चुकी हैं जिनकी मदद से आप आराम से अपना वेस्टसरकम्फ्रेंसेस कम कर सकते हैं.- अगर आपको लगता है कि कोई विसरल फैट से जुड़ी बीमारी है तो आप तुरंत ड़ॉक्टर सेमिलें.आपने डॉक्टर से जाना कि विसरल फैट बढ़ने के किस तरह के हेल्थ रिस्क हो सकते हैं. येआपको समझ में आ ही गया होगा कि विसरल फैट को कंट्रोल करना बेहद ज़रूरी है. जो टिप्सडॉक्टर साहब ने बताए हैं, उनको ज़रूर फॉलो करिए. सिर्फ़ शरीर के ऊपर जमा होने वालेफैट पर ध्यान मत दीजिए, शरीर के अंदर जो फैट जमा हो रहा है, उसकी भी ख़बर लीजिए.