(यहां बताई गई बातें, इलाज के तरीके और खुराक की जो सलाह दी जाती है, वो विशेषज्ञोंके अनुभव पर आधारित है. किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले अपने डॉक्टर से ज़रूरपूछें. दी लल्लनटॉप आपको अपने आप दवाइयां लेने की सलाह नहीं देता.)मुदित 29 साल के हैं. जयपुर के रहने वाले हैं. उन्हें एक बहुत बुरी आदत है. क्या?नाखून चबाने की. वो अपनी इस आदत से इतने परेशान हैं कि उन्हें समझ में नहीं आ रहा,वो क्या करें. वैसे उन्हें नाखून चबाने की आदत बचपन से थी. पर घर वालों को लगा थाकि उम्र के साथ ये आदत छूट जाएगी. पर हुआ इसका ठीक उल्टा. समय के साथ उनकी ये आदतबढ़ती गई. अब आलम ये है कि उन्हें इसकी लत लग गई है. वो लगभग हर समय अपने नाखूनचबाते रहते हैं. ऑफिस में, मीटिंग में, लोगों से मिलते समय हर टाइम वो नाखून चबारहे होते हैं.अब इसकी वजह से लोग उन्हें टोकते भी हैं. नतीजा? उन्हें महसूस होती है बहुतशर्मिंदगी. पर इसके बावजूद वो अपनी ये आदत नहीं छोड़ पा रहे. यही नहीं, इतने सालोंसे नाखून चबाने के कारण उनके नाखूनों का बुरा हाल हो गया है. वो एकदम कुतरे हुए औरबुरे लगते हैं. नाखूनों के आसपास की स्किन में इन्फेक्शन हो गया है.मुदित चाहते हैं इस बुरी आदत को छुड़ाने में हम उनकी मदद करें. वैसे नाखून चबाना एकबहुत ही आम आदत है. लगभग हम सब ही ऐसा करते हैं. पर जब ये आदत हद से ज़्यादा बढ़ जाए,तो हो जाती है दिक्कत. क्योंकि नाखून चबाकर खाने से आपकी सेहत पर भी बुरा असर पड़ताहै. क्या असर पड़ता है? ये हम आपको आगे बताएंगे. पर उससे पहले ये समझ लेते हैं किकुछ लोगों को नाखून चबाने की इतनी आदत क्यों होती है. कुछ लोगों को नाखून चबाने कीआदत क्यों होती है? ये हमें बताया डॉ. मधुसुदन सिंह सोलंकी ने.डॉ. मधुसुदन सिंह सोलंकी, सीनियर कंसल्टेंट एंड हेड, डिपार्टमेंट ऑफ मेंटल हेल्थएंड बिहेव्यरल साइंसेज, मैक्स हॉस्पिटल, साकेत- नाखून चबाने की आदत के कई सारे कारण हो सकते हैं.- कुछ लोग बोरियत महसूस होने पर नाखून चबाने लगते हैं.- कुछ लोग फ्रस्ट्रेट होने पर नाखून चबाने लगते हैं.- कुछ लोगों को जब भूख लगती है तो वो नाखून चबाने लगते हैं.- कुछ बच्चे जो बचपन में अंगूठा चूसते हैं, वो आगे जाकर नाखून चबाने लगते हैं.- जिन लोगों को एंग्जायटी या स्ट्रेस होता है, वो अपनी घबराहट को कम करने के लिएनाखून चबाते हैं.- अगर परिवार में माता-पिता या किसी और सदस्य को नाखून चबाने की आदत है, तो ये आदतबच्चों में भी आ जाती है.- कुछ मानसिक रोग हैं, जैसे ऑब्सेसिव कम्पल्सिव डिसऑर्डर.- उसमें भी ये आदत काफ़ी बढ़ जाती है.- 20-30 प्रतिशत लोग कभी न कभी अपने जीवन में नाखून चबाने की आदत रखते हैं.- अक्सर ये आदत बच्चों या टीनएजर्स में देखी जाती है.- समय के साथ धीरे-धीरे ठीक भी हो जाती है.- लेकिन कई बार ये आदत एडल्ट होने पर भी नहीं छूटती.- कई बार ये आदत हद से आगे बढ़ जाती है.- जीवन को नकारात्मक रूप से प्रभावित करती है.- तो ये अपने आप में एक बीमारी का रूप ले सकती है. नाखून चबाने से हेल्थ को किस तरहका नुकसान होता है? - नाखून चबाने की आदत से स्वास्थ्य को कई तरह का नुकसान हो सकताहै.- नाखून चबाने से नाखून खराब होने लगते हैं.कुछ लोग फ्रस्ट्रेट होने पर नाखून चबाने लगते हैं- नाखून के आसपास की स्किन खराब होने लगती है.- उसमें इन्फेक्शन होने का चांस बढ़ जाता है.- ऐसे ही इन्फेक्शन मुंह में भी होने का चांस होता है.- जो लोग नाखून खाते हैं, उन्हें आसपास के लोग टोकते हैं.- वो खुद भी अंदर से शर्मिंदा महसूस करते हैं.- इससे आत्मविश्वास में कमी आती है.- कई बार हीनता का एहसास भी होता है.- ये आदत न छोड़ पाने पर झुंझलाहट होती है.- जो लोग नाखून चबाने की आदत रखते हैं, उनमें एंग्जायटी, स्ट्रेस या OCD होने कीसंभावना ज़्यादा होती है.- अगर नाखून चबाना बहुत ज़्यादा होने वाली प्रक्रिया बन जाए, बार-बार होने लगे, उससेजीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ने लगे, तो ये अपने आप में बीमारी बन जाती है.- तब इलाज की ज़रूरत होती है. इलाज - नाखून चबाने की आदत को कम करने के लिए कुछसिंपल स्टेप्स ले सकते हैं.- नाखूनों को बढ़ने न दिया जाए.- उन्हें बढ़ते ही काट दिया जाए.- तो उन्हें चबाए जाने की संभावना भी कम होती है.- नाखूनों को ढक कर रखें.- जब नाखून सामने दिखेंगे ही नहीं तो उन्हें चबाने की संभावना भी कम हो जाएगी.- इसके लिए ग्लव्स पहनें.- नाखून के ऊपर कोई ऐसा पदार्थ लगा दिया जाए जो बहुत कड़वा हो.- जिसका टेस्ट अच्छा न हो.- तो नाखून चबाने की संभावना कम हो जाती है.- जैसे नेल पॉलिश जो कड़वी हो और सेहत के लिए खराब न हो.- उन परिस्थितियों को पहचानें जिनमें आप नाखून चबाना शुरू कर देते हैं.नाखून चबाने की आदत को कम करने के लिए कुछ सिंपल स्टेप्स ले सकते हैं- जैसे कुछ लोग टीवी देखते हुए नाखून चबाते हैं.- पढ़ते हुए चबाते हैं.- कुछ लोग जब घबराए हुए होते हैं, तब नाखून चबाते हैं.- पहचानें कि इस परिस्थिति में आप क्या कर सकते हैं.- ताकि आपको नाखून न चबाना पड़े.- इसके लिए आप कुछ एक्टिविटी कर सकते हैं.- जैसे कोई खिलौना हाथ में रख सकते हैं और जब आपको नाखून चबाने का मन करे, तब उसेदबा सकते हैं.- इसके अलावा आप डीप ब्रीदिंग कर सकते हैं.- रिलैक्स होने की प्रैक्टिस कर सकते हैं.- क्योंकि आप जितना तनाव रहित होंगे उतना ही नाखून चबाने की आदत कम होगी.- अगर सब कुछ ट्राई करने के बाद भी ये आदत नहीं छूटती तो किसी एक्सपर्ट की सलाहलें.- इसमें कॉग्निटिव बिहेवियरल थेरेपी ले सकते हैं.- हैबिट रिवर्सल ट्रेनिंग ले सकते हैं.- ये कुछ ऐसी टेक्निक हैं, जिनसे मदद मिल सकती है इस आदत को कम करने में.- साथ में ये भी देखना होगा कि कोई और डिसऑर्डर तो नहीं है, जिसकी वजह से इंसान कोनाखून चबाने की आदत है.- जैसे एंग्जायटी, OCD या बहुत ज़्यादा स्ट्रेस.- अगर उसका इलाज किया जाए तो नाखून चबाने की आदत कम हो जाती है.- सबसे ज़रूरी है कि लाइफस्टाइल को बदलें.- तनाव रहित रहें.- योग करें.- मेडिटेशन करें.- प्राणायाम करें.- कोई हॉबी फॉलो करें.- जितना तनाव से दूर रहेंगे उतना ही नाखून चबाने की आदत कम होगी.डॉक्टर मधुसुदन ने नाखून चबाने की आदत छुड़ाने के लिए जो टिप्स बताई हैं, वो वाकईकाफ़ी स्मार्ट हैं. अगर आपको भी ये आदत है तो ये टिप्स ज़रूर ट्राई करिए, असर देखनेको मिलेगा.