17 अगस्त की शाम तक सोनिया की बेल्लारी से जीत लगभग तय मानी जा रही थी. कहा जा रहाथा कि उन्हें बस बेल्लारी जाकर परचा दाखिल करना है. बाकी इस सीट पर कांग्रेस की जीततय ही है. 18 अगस्त की सुबह वो बेल्लारी में बुरी तरह से घिर चुकी थीं. सुषमा ने जबपहली दफा बेल्लारी में कदम रखा तो यह उनके लिए एकदम नई जगह थीं. जब वो परचा दाखिलकरने के लिए निर्वाचन अधिकारी के दफ्तर पहुंचीं तो हजारों बीजेपी कार्यकर्ता उनकेस्वागत के लिए मौजूद थे.