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बिहार में INDIA गठबंधन बीजेपी के खिलाफ कितना मजबूत? 'मूड ऑफ द नेशन' सर्वे में पता चला

INDIA गठबंधन का वोट शेयर बढ़ने का अनुमान है. सर्वे में सीट को लेकर क्या पता चला?

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Bihar LOK SABHA ELECTION
नीतीश कुमार और लालू प्रसाद यादव (फोटो- पीटीआई)
8 फ़रवरी 2024 (Updated: 8 फ़रवरी 2024, 18:49 IST)
Updated: 8 फ़रवरी 2024 18:49 IST
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बिहार में 10 दिन पहले एनडीए की सरकार वापस आई थी. नीतीश कुमार महागठबंधन छोड़कर एनडीए में शामिल हो गए थे. लोकसभा चुनाव से पहले अब भी राजनीतिक दलों की स्थिति साफ नहीं है कि वे किस तरफ जाने वाले हैं. सभी राजनीतिक खेमों में सीट शेयरिंग को लेकर बातचीत जारी है. इस बीच इंडिया टुडे-CVoter 'मूड ऑफ द नेशन सर्वे' में बिहार की स्थिति को लेकर लोगों ने अपनी राय रखी है. ये राय आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर ले गई थी. जिससे मोटामाटी पता चलता है कि बिहार में क्या होने जा रहा है.

'मूड ऑफ द नेशन' सर्वे के मुताबिक, बिहार में बीजेपी के नेतृत्व वाले एनडीए गठबंधन को लोकसभा चुनाव में 32 सीटें मिलने का अनुमान है. एनडीए के हिसाब से देखें तो 2019 चुनाव के मुकाबले सात सीट कम है. पिछली बार एनडीए को 39 सीटें मिली थीं. बिहार में लोकसभा की कुल 40 सीटें हैं. वहीं INDIA गठबंधन को 8 सीट मिलने का अनुमान है.

यहां ये बताना जरूरी है कि यह सर्वे 15 दिसंबर 2023 से 28 जनवरी 2024 के बीच कराया गया. जब यह सर्वे हो रहा था तब INDIA गठबंधन में जनता दल यूनाइटेड (JDU) भी शामिल थी. लेकिन अब वो एनडीए के खेमे में है. पिछले चुनाव में भी बीजेपी और जेडीयू एक साथ थे. फिलहाल INDIA गठबंधन में बिहार से आरजेडी, कांग्रेस और लेफ्ट पार्टियां साथ हैं.

पिछले चुनाव में एनडीए में शामिल जेडीयू को 16 सीटें मिली थीं. वहीं बीजेपी ने 17 सीटों पर जीत हासिल की थी. एलजेपी के हिस्से 6 सीट आई थी. कांग्रेस को सिर्फ एक सीट (किशनगंज) पर जीत मिली थी.

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अब वोट परसेंटेज की बात करते हैं. एनडीए को 52 फीसदी वोट मिलने का अनुमान है. पिछले चुनाव में 53 फीसदी वोट शेयर था. सर्वे बताता है कि INDIA गठबंधन को 38 फीसदी वोट मिल सकता है. पिछले चुनाव में गठबंधन में शामिल सभी दलों को (JDU को छोड़कर) 31 फीसदी वोट मिले थे. वहीं अन्य दलों के खाते में 10 फीसदी वोट जा सकते हैं.

इस 'मूड ऑफ द नेशन' सर्वे में करीब 36 हजार लोगों से उनकी राय ली गई. C-Voter के रेगुलर ट्रैकर डेटा से भी एक लाख 13 हजार लोगों के सैंपल का विश्लेषण किया गया. इस तरह इस सर्वे में करीब एक लाख 49 हजार लोगों की राय शामिल है.

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