समाजवादी पार्टी रोज-रोज नए आयाम बना रही है. 6 महीने पहले 6 साल से बाहर अमर सिंहपार्टी में वापस आए. उस वक़्त मुलायम ने कहा कि अमर तो कभी पार्टी से बाहर थे हीनहीं. उसके बाद लगा था कि सारे पुराने संगी-साथी मिलकर चुनाव की तैयारी कर रहे हैं.पर मामला संगीन हो गया लगता है. एक सप्ताह पहले शिवपाल यादव नाराज हुए थे. इस्तीफेकी धमकी दे डाले. अब अमर सिंह वापिस नाराज भये हैं. तुलसीदास के दोहों से लेकरशायरी तक कर दी.आवत ही हरषै नहीं नैनन नहीं सनेह।तुलसी तहां न जाइये कंचन बरसे मेह।।आज तक के साथ एक इंटरव्यू में अमर सिंह ने कहा है कि बलराम यादव, शिवपाल यादव औरखुद अमर सिंह को अपमानित किया जा रहा है. राज्यसभा सीट दी गई है. इसके बदले मेंअपमान भी भर-भर के मिल रहा है. अखिलेश यादव फोन पर नहीं आते हैं. जब उनसे फोन परबात करने की कोशिश की जाती है, तो उनके सचिव कहते हैं कि आपका नाम लिस्ट में डालदिया गया है. आपको बता दिया जाएगा. आप से बात करवा दी जाएगी. राज्यसभा में हमकोमूकबधिर बना कर रख दिया गया है. जया प्रदा के साथ भी अच्छा व्यवहार नहीं किया जारहा है. उनको भी अपमानित किया जा रहा है. अखिलेश सरकार में वही लोग ऐश कर रहे हैं,जो मायावती के राज में ऐश कर रहे थे. मुलायम सिंह नेता हैं या नहीं, यह तय करनाहोगा. मैं समाजवादी नहीं हूं, मुलायमवादी हूं. मुलायम सिंह की वजह से आया था.मुलायम सिंह की इज्जत करता हूं. मेरे लिए राजनीति से ज्यादा व्यक्तिगत रिश्ते मायनेरखते हैं. आगे कहा कि मुलायम से मिलने के बाद ही तय करेंगे कि क्या करना है अब. वहअपना इस्तीफा पार्टी के नेता को नहीं, बल्कि हामिद अंसारी को देंगे. इस मामले मेंनवजोत सिंह सिद्धू उनके आदर्श हैं.कोई साथ ना दे मेरा, चलना मुझे आता है.हर आग देखी है मैंने, जलना मुझे आता है.बातचीत में उन्होंने क्लियर किया कि जया प्रदा को कह-कहकर कोई पद नहीं दिया जा रहा.कभी कहते हैं कि राज्यसभा भेजेंगे. कभी कहते हैं कि गोपालदास नीरज के अंडर रखेंगेफिल्म विकास के लिए. मेरे लिए रिश्ते महत्त्वपूर्ण हैं. जया प्रदा मेरे मुश्किलवक़्त में मेरे साथ रही हैं. जया बच्चन की तरह मेरा चरित्र नहीं है कि अपना फायदादेखूं. जया बच्चन ने राजनीति और संबंधों में राजनीति को चुना. अगर जया प्रदा काअपमान होगा, तो मैं इसे सीरियसली लूंगा. शिवपाल की धमकी के बाद मुलायम ने अखिलेश कोट्रॉल किया था. अब देखना है कि अमर सिंह के रूदन के बाद क्या करते हैं.-------------------------------------------------------------------------------- ये भी पढ़िए:मुलायम का प्रेम अमर रहे!मेरी इमोशनल हत्या के जिम्मेदार हैं अमिताभ बच्चन: अमर सिंहभारतीय राजनीति के शापित अश्वत्थामा हैं अमर सिंह!