Submit your post

Follow Us

जब कमल हासन ने पूरा मेकअप न उतरने तक रानी मुखर्जी का चेहरा बार-बार धुलवाया था

‘हे राम’. इस फिल्म में कमल हासन, शाहरुख खान और रानी मुखर्जी जैसे एक्टर्स ने काम किया था. ये फिल्म उन चुनिंदा ड्रामा हिस्ट्री में से है जिसे क्रिटिक्स ने काफी पसंद किया था. अभी ‘हे राम’ की बात इसलिए हो रही है, क्योंकि फिल्म को रिलीज हुए 20 साल हो चुके हैं. यह फिल्म 18 फरवरी 2000 को रिलीज हुई थी. रानी ने हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में इस फिल्म से जुड़ा एक्सपीरियंस शेयर किया. शूटिंग के किस्से बताए. रानी ने कहा कि कमल हासन के साथ काम करना बिल्कुल अलग एक्सपीरियंस था. उन्होंने अपने कुछ अनुभव साझा किए.

शूटिंग से पहले मेकअप धुलवा दिया

रानी ने कहा कि वो कमल हासन के साथ काम करने के मौके गंवाना नहीं चाहती थीं. फिल्म मिलते ही वो शूटिंग के लिए चैन्नई निकल पड़ी. उन्होंने शूटिंग के पहले दिन का एक्सपीरियंस बताया. रानी ने कहा,

मुझे आज भी शूटिंग का पहला दिन याद है. मैं सेट पर पहुंची. कमल जी (कमल हासन) ने मेरी तरफ देखा और कहा- ठीक है, जाओ जाकर अपना चेहरा धो आओ. मैंने कहा ये आप क्या कह रहे हैं. उन्होंने कहा, जाओ-जाओ. अपना चेहरा धोकर वापस आओ. मैं चेहरा धोने चली गई. एक एक्टर होने के नाते आप बिना मेकअप के कैमरे के सामने आने को लेकर इंसिक्योर होते हो. मैंने अपना चेहरा धोया, थोड़ा बहुत मेकअप निकल गया था. मैं वापस आ गई. उन्होंने मुझे फिर देखा और कहा- नहीं तुमने चेहरा नहीं धोया. मैंने कहा कि धोया है. उन्होंने कहा- वापस जाओ और अच्छी तरह चेहरा धोकर आओ जैसे मेकअप के बाद घर जाने से पहले अपना मुंह धोती हो. मैं फिर से चेहरा धोने गई और इस बार पूरा मेकअप निकालकर आई.

उस वक्त, बिना मेकअप के कोई फिल्म करना बिल्कुल नई बात थी. कमल जी आए और उन्होंने मेरे माथे पर एक बिंदी लगाई. उन्होंने मेकअप आर्टिस्ट से मुझे थोड़ा काजल लगाने को कहा. इसके बाद उन्होंने मुझे देखकर कहा, मेरी अपर्णा तैयार है.

ये मेरा पहला एक्सपीरियंस था. मुझे समझ आया कि एक्टर को शूटिंग के लिए हर बार खूब सारे मेकअप की जरूरत नहीं होती है. आप बिना मेकअप के भी फिल्म शूट कर सकते हैं. कैमरामैन किस तरह के लेंस और लाइटिंग का इस्तेमाल कर रहा है, इसपर भी बहुत कुछ निर्भर करता है.

Hey Ram
‘हे राम’ के एक सीन में कमल हासन और रानी मुखर्जी.

घंटी बजते ही पैकअप

रानी ने बताया कि ‘हे राम’ में पहली बार उन्हें पता चला कि फिल्म के सेट पर अनुशासन क्या होता है. उन्होंने कहा,

‘हे राम’ को लेकर जो चीज मुझे सबसे ज्यादा पसंद है, वो है पूरी फिल्म की शूटिंग के दौरान अनुशासन. वहां एक घंटी लगी थी. जो शूटिंग शुरू करने के लिए बजती थी. मेकअप का टाइम दिया जाता था. आज ये एक्टर्स के लिए नॉर्मल बात है. लेकिन ‘हे राम’ के दौरान मैंने वाकई में किसी प्रोडक्शन हाउस को इन नियमों को हर तरह से फॉलो करते हुए देखा था. इसका हिस्सा बनना शानदार अनुभव था.

हम 6 बजे सुबह शूटिंग शुरू कर देते थे. शाम को घंटी बजते ही पैकअप हो जाता था. और कोई घंटी बजने से एक मिनट पहले भी नहीं जाता था. अगर पैकअप वाली घंटी बज जाती थी, तो हम उसी सेकेंड शूटिंग बंद कर देते थे. चाहे हम किसी सीन को शूट करने के लिए रिहर्स ही क्यों न कर रहे हों. लेकिन फिर हम उसे शूट नहीं कर सकते थे. अगले दिन उसी सीन से शूटिंग शुरू होती थी. ये मेरे लिए बिल्कुल नया एक्सपीरियंस था. क्योंकि काम के लिए ऐसा एथिक्स और डिसिप्लीन मैंने पहले किसी फिल्म के सेट पर नहीं देखा था.

हील पहनने पर पड़ गई थी डांट

रानी ने बताया कि आज वो अपनी हाइट को लेकर ज्यादा कॉन्फिडेंट हैं, लेकिन हमेशा से ऐसा नहीं था. एक वक्त वो चप्पल भी हील वाली पहनती थीं. रानी ने कहा,

मुझे याद है, तब मैं हील पहना करती थी. क्योंकि मैं कद में काफी छोटी हूं तो प्लेटफॉर्म हील्स वाली स्लीपर पहनकर रहती थी. कमलजी ने मेरे स्लीपर की तरफ देखा और बोले, वाह, वाह क्या है ये. मैंने उनसे कहा कि मैं प्लेटफॉर्म हील में काफी कंफर्टेबल हूं और मुझे ये इसलिए पहननी पड़ती हैं क्योंकि मैं काफी शॉर्ट हूं. उन्होंने कहा, पागल हो क्या? फ्लेन चप्पल पहनों. तुम्हारा कद तुम्हारी उपलब्धि नहीं है. बल्कि तुम जो हो वो तुम्हारी उपलब्धियां और पहचान है. उनकी कही ये बात आजतक मेरे साथ है. तब से मैं अपनी हाइट को लेकर ज्यादा सहज हो गई हूं. एक्टर होने का ये मतलब नहीं है कि आपको लंबे होने की जरूरत है. एक्टर होने के नाते जो सबसे जरूरी है, वो ये कि आपका परफॉर्मेंस कैसा है.

हासन से पैसे लेने से शाहरुख ने इंकार कर दिया था

‘हे राम’ को कमल हासन ने डायरेक्ट किया था. फिल्म में शाहरुख खान ने कमल के किरदार साकेत राम के दोस्त अमजद अली खान का रोल निभाया था. फिल्म में उनका किरदार काफी अहम था. ‘हे राम’ का बजट काफी बड़ा था, लेकिन इस फिल्म के लिए उन्होंने एक भी रुपया नहीं लिया था. जब कमल ने उनसे कहा कि वो अपनी फिल्म में उनसे फ्री में काम कैसे करा सकते हैं, तो उन्होनें कमल हासन की रिस्ट वॉच मांग ली थी. इसके बारे में खुद कमल हासन ने एक इंटरव्यू में बताय था, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुआ था. वीडियो में कमल कह रहे हैं,

स्पेशल क्या है, स्पेशल हैं शाहरुख. कोई इस बात पर यकीन नहीं करेगा, फ्यूचर में ऐसा नहीं होने वाला है, वो कहते हैं शाहरुख बिजनेसमैन है, जो कि मैं भी हूं. लेकिन फैक्ट ये है कि उन्हें ‘हे राम’ का बजट पता था. वो सिर्फ फिल्म का हिस्सा बनना चाहते थे. और ऐसे तो बोलते ही हैं कि मैं इस फिल्म का हिस्सा बनना चाहता हूं या मैं सिर्फ कमल हासन को छूना चाहता हूं. लोग कहते हैं ये तो डायलॉग बाजी है. ये लोग एक-दूसरे को प्लीज़ करने के लिए अच्छी बातें कहते हैं, लेकिन उन्होंने ऐसा वाकई में किया. जब फिल्म बजट से ऊपर चली गई तो उन्होंने पैसे लेने से मना कर दिया. मैंने उनसे कहा भी तो उन्होंने बोला- ये बातें कौन करता है. उन्होंने मुझसे मेरी रिस्ट वॉच ले ली. उन्होंने ये फिल्म सिर्फ एक रिस्टवॉच के लिए की. अगर वो घड़ी 100 करोड़ रुपये की भी होती, तो भी वो उसे डिजर्व करते थे.

12pic1
हे राम के प्रमोशन के दौरान फिल्म की पूरी कास्ट.

शाहरुख खान कमल हासन के जबरदस्त फैन हैं. जब पहली बार उनकी कमल से मुलाकात हुई तो उन्होंने कहा था कि क्या वो उन्हें छू सकते हैं.

कमल हासन, रानी मुखर्जी और शाहरुख खान के अलावा ‘हे राम’ में अतुल कुलकर्णी, नसीरुद्दीन शाह, गिरीश कर्नाड और ओम पुरी जैसे एक्टर्स ने काम किया था. एक्ट्रेस वसुंधरा दास ने इस फिल्म में मैथिली अय्यंगर का किरदार निभाया था. कहा जाता है कि ये किरदार पहले करीना कपूर को ऑफर गिया गया था. ये रिपोर्ट्स आईं थी कि कमल ईशा देओल को इस रोल के लिए लेना चाहते थे. लेकिन हेमा मालिनी ने इंकार कर दिया था. ये फिल्म तमिल के अलावा हिंदी भाषा में भी रिलीज की गई थी.


Video : आसिम रियाज़ और सिद्धार्थ शुक्ला को बराबर वोट्स मिले थे, अब वीडियो वायरल

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

क्रिकेट के किस्से

उस सीरीज का किस्सा, जिसने ऑस्ट्रेलिया में टीम इंडिया का 71 साल का सूखा खत्म किया

सीरीज के दौरान भी खूब ड्रामे हुए थे.

Vizag में जिन वेणुगोपाल का गेट बना है उन्होंने गुड़गांव में पीटरसन और इंग्लैंड को रुला दिया था

वेणुगोपाल की इस पारी के आगे द्रविड़ की ईडन की पारी भी फीकी थी.

जब तेज बुखार के बावजूद गावस्कर ने पहला वनडे शतक जड़ा और वो आखिरी साबित हुआ

मानों 107 वनडे मैचों से सुनील गावस्कर इसी एक दिन का इंतजार कर रहे थे.

चेहरे पर गेंद लगी, छह टांके लगे, लौटकर उसी बॉलर को पहली बॉल पर छक्का मार दिया

इन्होंने 1983 वर्ल्ड कप फाइनल और सेमी-फाइनल दोनों ही मैचों में 'मैन ऑफ द मैच' का अवॉर्ड जीता था.

पाकिस्तान आराम से जीत रहा था, फिर गांगुली ने गेंद थामी और गदर मचा दिया

बल्ले से बिल्कुल फेल रहे दादा, फिर भी मैन ऑफ दी मैच.

जब वाजपेयी ने क्रिकेट टीम से हंसते हुए कहा- फिर तो हम पाकिस्तान में भी चुनाव जीत जाएंगे

2004 में इंडियन टीम 19 साल बाद पाकिस्तान के दौरे पर गई थी.

शिवनारायण चंद्रपॉल की आंखों के नीचे ये काली पट्टी क्यों होती थी?

आज जन्मदिन है इस खब्बू बल्लेबाज का.

ऐशेज़: क्रिकेट के इतिहास की सबसे पुरानी और सबसे बड़ी दुश्मनी की कहानी

और 5 किस्से जो इस सीरीज़ को और मज़ेदार बनाते हैं

जब शराब के नशे में हर्शेल गिब्स ने ऑस्ट्रेलिया को धूल चटा दी

उस मैच में 8 घंटे के भीतर दुनिया के दो सबसे बड़े स्कोर बने. किस्सा 13 साल पुराना.

वो इंडियन क्रिकेटर जो इंग्लैंड में जीतने के बाद कप्तान की सारी शराब पी गया

देश के लिए खेलने वाला आख़िरी पारसी क्रिकेटर.