तांडव पर भारी तांडव मचा हुआ है. माने गली-गली में शोर है टाइप का. वैसे तो सीरीज़ आते ही जिन दोस्तों ने देखी उन्होंने नहीं देखने की सख्त हिदायत दी थी. लेकिन फिर हंगामा शुरू हो गया. इतना बढ़ा कि मेकर्स को माफी मांगनी पड़ी. अब इत्ता सब हो गया तो अपना जिज्ञासु मन. एमजॉन प्राइम खोला, और सीरीज़ देख डाली. देखने के बाद पहले तो हंगामा करने वालों पर गुस्सा आया कि बेबात का बतंगड़ बना रखा है.
फिर मेकर्स पर गुस्सा आया कि भई ये बनाया ही क्यूं? मतलब लूपहोल बनाते-बनाते वेबसीरीज़ बन गई. खैर. इस पर बहुत लोगों ने बहुत सारी बातें कह दी हैं. तो अपन 'कंट्रोल उदय!' वाले मोड में रहते हैं. क्योंकि हमें सीरीज़ के दूसरे पहलू पर बात करनी है.
'तांडव' की जिस बात पर असली बवाल होना चाहिए, उस पर तो किसी ने ध्यान ही नहीं दिया
वेबसीरीज़ पर बवाल के बीच पढ़िए इसकी असल दिक्कत क्या है.
Advertisement

तांडव वेब सीरीज़ में कई औरतें हमें दिखती हैं. लेकिन इनके किरदार एक सरीखे ही हैं. नाम, चेहरे और पहनावे बदल दिए गए हैं, पर किरदार एक जैसे ही हैं. फोटो- यूट्यूब स्क्रीनग्रैब
Add Lallantop as a Trusted Source

Advertisement
Advertisement
Advertisement













.webp?width=275)





