The Lallantop

जादवपुर यूनिवर्सिटी ने रामनवमी मनाने की परमिशन नहीं दी, वजह क्या बताई?

जादवपुर यूनिवर्सिटी के हिंदू छात्र संगठनों के अलावा कई अन्य छात्रों ने यूनिवर्सिटी कैंपस में रामनवमी मनाने की योजना बनाई थी. छात्रों के एक समूह ने 28 मार्च को यूनिवर्सिटी को पत्र लिखा था. इसमें कैंपस के भीतर रामनवमी मनाने की परमिशन मांगी गई थी.

Advertisement
post-main-image
जादवपुर यूनिवर्सिटी में रामनवमी मनाने को क्यों नहीं मिल रही अनुमति?(तस्वीर:इंडिया टुडे)

पश्चिम बंगाल की जादवपुर यूनिवर्सिटी ने कैंपस के अंदर रामनवमी मनाने की अनुमति खारिज कर दी है. यूनिवर्सिटी ने कहा है कि कुलपति की गैरमौजूदगी में कैंपस के अंदर रामनवमी मनाने की परमिशन देना संभव नहीं है. परमिशन नहीं मिलने के बाद हिंदू छात्र समूहों ने कैंपस में प्रदर्शन किए. बीते दिनों यूनिवर्सिटी के कुलपति भास्कर गुप्ता को कैंपस में हिंसा रोकने में असफल होने के कारण पद से हटा दिया गया था.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
जादवपुर यूनिवर्सिटी में नहीं मनेगी रामनवमी?

जादवपुर यूनिवर्सिटी के हिंदू छात्र संगठनों के अलावा कई अन्य छात्रों ने यूनिवर्सिटी कैंपस में रामनवमी मनाने की योजना बनाई थी. इंडिया टुडे के अनिर्बान सिन्हा रॉय की इनपुट के मुताबिक, छात्रों के एक समूह ने 28 मार्च को यूनिवर्सिटी को पत्र लिखा था. इसमें कैंपस के भीतर रामनवमी मनाने की परमिशन मांगी गई थी. लेकिन यूनिवर्सिटी ने छात्रों की मांग ठुकरा दी.

रिपोर्ट के मुताबिक यूनिवर्सिटी ने एक नोट जारी किया है जिसमें लिखा है,

Advertisement

“यूनिवर्सिटी ने कैंपस के अंदर रामनवमी मनाने की कोई औपचारिक परमिशन पिछले साल भी नहीं दी थी. इसके अलावा कुलपति की गैरमौजूदगी में कैंपस के अंदर रामनवमी मनाने की परमिशन देना संभव नहीं है.”

आयोजकों में नाराजगी
हालांकि, रामनवमी मनाने को लेकर यूनिवर्सिटी के छात्रों की राय बंटी हुई है. हिंदू समूह कैंपस के अंदर त्योहार मनाने की पुरजोर कोशिश में जुटे हैं, जबकि लेफ्ट से जुड़े संगठनों के छात्रों की इस पर राय अलग है. 

एक आयोजक और छात्र सौमसूर्या बैनर्जी ने इंडिया टुडे से कहा,

Advertisement

“हमने इस साल कैंपस के अंदर रामनवमी मनाने का फैसला किया था. पिछले साल हमें शुरुआत में अनुमति मिल गई थी लेकिन बाद में प्रोटेस्ट के चलते अनुमति रद्द कर दी गई.”

सौमसूर्या ने आगे कहा, “अगर यूनिवर्सिटी के अंदर इफ्तार का आयोजन किया जा सकता है तो रामनवमी क्यों नहीं मनाई जा सकती?”

पश्चिम बंगाल में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) की यूनिट के ट्रस्टी शांतनु सिन्हा ने लेफ्ट से जुड़े संगठनों के खिलाफ प्रोटेस्ट आयोजित करने की बात कही है. उधर, स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) के सदस्य और जादवपुर यूनिवर्सिटी के एक छात्र ने इंडिया टुडे से कहा,

“यह इवेंट ABVP आयोजित कर रहा है लेकिन हम उन्हें कैंपस के भीतर रामनवमी नहीं मनाने देंगे. हम बाहरी तत्वों को कैंपस के अंदर घुसने और गुंडागर्दी करने से भी रोकेंगे.”

यह भी पढ़ें:प्लास्टिक का गदा, जमा होगा आधार और... बंगाल में इन शर्तों पर निकलेगा VHP का रामनवमी जुलूस

कुलपति को क्यों हटाया गया?
जादवपुर यूनिवर्सिटी के कुलपति भास्कर गुप्ता को रिटायर होने से महज चार दिन पहले बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस ने पद से हटा दिया. द टेलीग्राफ की रिपोर्ट के मुताबिक, उन्हें हटाए जाने की एक वजह पिछले साल दिसंबर में कैंपस में हुआ दीक्षांत समारोह बताया जा रहा है.

रिपोर्ट में चांसलर ऑफिस के एक अधिकारी का बयान छपा है. उन्होंने बताया कि कुलपति ने बिना चांसलर ऑफिस की अनुमति के दीक्षांत समारोह करवा दिया था, जोकि ‘गैरकानूनी’ था और ऐसा करने में कई नियम तोड़े गए थे.

भास्कर गुप्ता को वीसी पद से हटाए जाने से पहले 1 मार्च को कैंपस में हिंसा हुई थी. उस दिन पश्चिम बंगाल के शिक्षा मंत्री ब्रात्या बसु कैंपस में एक मीटिंग में शामिल होने आए थे. यह मीटिंग तृणमूल समर्थित शिक्षक संगठन ने आयोजित की थी. रिपोर्ट के मुताबिक, गुप्ता पर कैंपस में हिंसा को कंट्रोल नहीं कर पाने का आरोप लगा था.

वीडियो: मणिपुर में क्यों लगा राष्ट्रपति शासन? गृहमंत्री अमित शाह ने आधी रात संसद में क्या बताया?

Advertisement