The Lallantop

बुढ़िया के बाल यानी कॉटन कैंडी पर बैन; कारण जानकर आप भी खाने से पहले सोचेंगे!

Cotton Candy Ban: तमाम सैंपल की जांच रिपोर्ट में कलरिंग मटेरियल Rhodaminbe-B मिलने की पुष्टि हुई है. जिससे स्वास्थ्य से जुड़ी गंभीर समस्याएं होने की बात सामने आई है.

Advertisement
post-main-image
कॉटन कैंडी के सैंपल में Rhodaminbe-B मिलने की पुष्टि हुई है. (फोटो- इंडिया टुडे, आज तक)

तमिलनाडु में कॉटन कैंडी की बिक्री पर रोक लगा दी गई है. एक जांच रिपोर्ट में पाया गया है कि कॉटन कैंडी में तमाम हानिकारक केमिकल्स रहते हैं, जो कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के भी कारण बन सकते हैं. मामला गंभीर होने के कारण राज्य सरकार ने इसे बैन करने का बड़ा फैसला लिया है.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

तमिलनाडु के स्वास्थ्य मंत्री एम सुब्रमण्यम ने कहा कि कॉटन सहित कई दूसरी कैंडी में हानिकारक केमिकल के संकेत मिले. जिसके बाद चेन्नई के कई स्टालों से सैंपल लेकर जांच कराई गई थी. द हिन्दू की रिपोर्ट के मुताबिक  17 फरवरी को जारी एक प्रेस रिलीज में उन्होंने कहा,

कॉटन कैंडी के सैंपल की जांच रिपोर्ट में कलरिंग मटेरियल रोडामिनबे-बी ( Rhodaminbe-B) मिलने की पुष्टि हुई है.  Food Safety and Standards Act (FSSA), 2006 के तहत किसी भी खाने की चीज में इस केमिकल का इस्तेमाल असुरक्षित माना गया है. इतना ही नहीं  फूड, पैकिंग, एक्सपोर्ट और बिक्री में रोडामिनबे-बी का इस्तेमाल करना (FSSA) के तहत दंडनीय अपराध है. साथ ही शादी, समारोह, सार्वजनिक कार्यक्रमों के खाने में इसका इस्तेमाल भी अपराध में शामिल है.

Advertisement

उन्होंने बताया कि खाद्य सुरक्षा आयुक्त ने विभाग के प्रवर्तन अधिकारियों को अपराधी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई करने का आदेश दिया है.

रोडामिनबे-बी को कलरिंग एजेंट के तौर पर खाने की चीजों में इस्तेमाल किया जाता है. लंबे समय तक इसके सेवन से कैंसर की समस्या हो सकती है.

कॉटन कैंडी में मिलने वाला केमिकल हानिकारक

रिपोर्ट के मुताबिक चेन्नई के खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारी पी.सतीश कुमार ने बताया था कि रोडामिनबे-बी एक डाई है जिसका औद्योगिक रूप से इस्तेमाल किया जाता है. यानी चमड़े को रंगने के साथ-साथ कागज की छपाई तक. इसलिए खाने की चीजों में कलर लाने के लिए इसका इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है. इससे स्वास्थ्य से जुड़ी कई समस्याएं हो सकती हैं.

Advertisement

इसके सेवन से पेट फूलना, खुजली और सांस लेने में समस्या हो सकती है, उन्होंने कहा कि लंबे समय तक रोडामिनबे-बी का सेवन किया गया तो ये डाई शरीर में 60 दिनों तक रह सकती है. ये शरीर से निकलता नहीं बल्कि किडनी, लिवर और आंत में जमा हो सकता है. इससे किडनी और लिवर को नुकसान को पहुंचता ही है. साथ ही आंत में अल्सर की वजह से ये कैंसर में बदल सकता है. ये न्यूरो टॉक्सिसिटी की वजह भी बन सकता है.

ये भी पढ़ें- पतंजलि के आंवला जूस में गड़बड़, आर्मी कैंटीन ने बिक्री पर लगा दी रोक

पुडुचेरी में कॉटन कैंडी पर रोक 

हाल ही में पुडुचेरी में भी कॉटन कैंडी पर रोक लगाई गई है. उपराज्यपाल तमिलिसाई साउंडराजन ने 13 फरवरी को एक वीडियो जारी कर इसकी घोषणा की थी. गवर्नर ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम पेज पर क्लिप साझा करते हुए कॉटन कैंडी खरीदने से परहेज करने की अपील की थी.

वीडियो: असम में पकड़ा गया ऐसा केमिकल, जो थोड़े से पानी से बनाता था ज़हरीला दूध

Advertisement