The Lallantop

आर्यन खान को अब भी नहीं मिली बेल, अभी जेल में ही रहना होगा

आर्यन के अलावा अरबाज़ मर्चेंट और मुनमुन धमेचा को भी नहीं मिली जमानत.

Advertisement
post-main-image
NCB ऑफिसर्स के साथ गाड़ी में बैठकर जाते आर्यन खान.
ड्रग्स केस में आर्यन खान के बेल पर आज फैसला आना था. इस मामले में सुनवाई करते हुए मुंबई सेशंस कोर्ट ने आर्यन खान को बेल देने से इन्कार कर दिया. सिर्फ आर्यन ही नहीं, कोर्ट ने अरबाज़ मर्चेंट और मुनमुन धमेचा को भी जमानत नहीं दी. यानी आर्यन को अभी आर्थर रोड जेल में ही रहना होगा. NCB को रिप्रेज़ेंट कर रहे एडिशनल सोलिसिटर जनरल अनिल सिंह ने जज वीवी पाटिल को बताया कि आर्यन को 17 अन्य आरोपियों से अलग ट्रीट नहीं किया जा सकता. इसलिए ड्रग ट्रैफिकिंग और क्रिमिनल कॉन्स्पिरेसी मामले में उन्हें बेल नहीं मिलनी चाहिए. क्योंकि इस मामले की जांच बिल्कुल प्रेलिमिनरी स्टेज में है. 2 अक्टूबर को नार्कोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो यानी NCB ने आर्यन खान समेत तीन लोगों को क्रूज़ शिप से डिटेन किया था. 3 अक्टूबर को उन्हें ड्रग्स मामले में गिरफ्तार कर लिया गया. आर्यन को NDPS के सेक्शन 8C, 20B और 27, 35 के तहत गिरफ्तार किया गया था. NCB ने कहा कि उन्हें आर्यन के दोस्त अरबाज़ मर्चेंट के पास से 6 ग्राम चरस मिली है. आर्यन को इसलिए गिरफ्तार किया गया है क्योंकि उनके भी ड्रग्स की खरीद-फरोख्त से जुड़े होने की संभावना है. इसके बाद उन्होंने आर्यन के फोन से वॉट्स ऐप चैट पढ़ने शुरू किए. इसके बाद NCB ने दावा किया कि आर्यन के फोन से कुछ ऐसी चीज़ें निकली हैं, जो उन्हें किसी इंटरनेशनल ड्रग रैकेट से जोड़ सकती हैं. इसलिए उन्हें आर्यन की कस्टडी चाहिए होगी. इसके अलावा NCB ने वॉट्स ऐप पर अरबाज़ मर्चेंट और आर्यन खान के बीच हुई बातचीत पर भी सवाल उठाए थे. जो चैट्स NCB के हाथ लगे हैं, उसमें आर्यन और अरबाज़ ने कहा था कि वो क्रूज़ शिप पर 'ब्लास्ट' के लिए जा रहे हैं. 'ब्लास्ट' शब्द को NCB ने कोर्ट में अलग तरीके से पेश किया. इसके जवाब में आर्यन के वकील ने बताया कि आज कल के बच्चे सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म्स पर इसी तरह से बातचीत करते हैं. 'ब्लास्ट' को आम तौर पर खूब एंजॉय करने के सेंस में इस्तेमाल किया जाता है. आर्यन खान के वकील सतीष मानेशिंदे इस केस में जल्द से जल्द आर्यन की जमानत चाहते हैं. मगर उनकी अब तक की कोशिशें असफल रही हैं. उन्होंने कोर्ट को ये बताया कि आर्यन के पास से कोई ड्रग्स बरामद नहीं हुआ. ऐसे में उन्हें NCB या न्यायिक हिरासत में भेजना गलत है. मगर इसका कुछ फायदा नहीं हुआ और 7 अक्टूबर को आर्यन को 14 दिन के लिए जूडिशियल कस्टडी में भेज दिया गया था. 20 अक्टूबर मुंबई सेशंस कोर्ट ने फैसला सुनाया कि आर्यन खान को बेल नहीं मिल सकेगी. अभी उन्हें जेल में ही रहना होगा. कब तक ये भी स्पष्ट नहीं है.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement