2: बहू तो सूर्यवंशम के ठाकुर भानुप्रताप सिंह की है. एक चैनल पर 5469वीं बार वो कलक्टर बन चुकी हैं.
3: दामाद का तो पता नहीं राष्ट्रीय दामाद को हम जानते हैं. जानते तो तुम भी होगे गुरू.
4: ननंद भौजाई का रिश्ता पुरानी फिल्मों के साथ खतम हो गया. वो जो मल्होत्रा और पुरी फैमिली वाले सीरियल्स में दिखती हैं. ओरिजनल नहीं हैं
5: जीजा नखरे के लिए मशहूर होते हैं. और पता है कि जीजा को हिंदी में क्या कहते हैं?
6: साला ऐसी जीव है जो अब गाली की तरह यूज होने लगा है. घरों में कम फिल्मों में ज्यादा मिलते हैं साले. अभी नई पिच्चर आई है न साला खड़ूस.
7: साली का रिश्ता न होता भोजपुरी गानों से रस न टपकता. देवर भाभी के बाद साली ने ही इज्जत बचाई है.
8: मामा और भांजे की बहुत भयंकर जोड़ी होती है. वेस्ट यूपी के किसी गांव में चले जाओ. जहां मिलते हैं भांजा और मामा वहीं गिर पड़ता है हंगामा.
9: भतीजा का नाम लो तो अखबार की सुर्खियां दिमाग में घूमती है. भाई भतीजावाद और भतीजे ने चाचा से लड़ाई की टाइप से. बात ये है कि असल में चाचा भतीजों में बनती बहुत कम है.
10: सास का नाम बहू के इतनी देर बाद लेने के लिए सॉरी. लेकिन ससुर से पहले लिख दिया है.
11: अक्सर ऐसा होता है कि ससुर जी पूरे घर के मुखिया होते हैं. इसलिए उनका नाम सबसे आखिर में रखा है.
हम अपनी तरफ से जितना जानते थे, कुछ बता दिए हैं. आगे तुम जो जानते हो वो बताओ. उसको आगे बढ़ाएंगे.

















.webp?width=120)

.webp?width=120)
.webp?width=120)


