The Lallantop

'भइया, नाश हो गया… मुन्नू चला गया', वैष्णो देवी लैंडस्लाइड में चली गई घर के इकलौते बेटे की जान

Vaishno Devi Landslide ने कई परिवारों की खुशियां छीन ली हैं. जिनमें उत्तर प्रदेश के Muzaffarnagar का एक परिवार भी शामिल है. पहाड़ों से गिरे पत्थरों ने परिवार के इकलौते बेटे की जान ले ली.

Advertisement
post-main-image
पीड़ित मिंटू के बड़े भाई बाबूराम कश्यप (बाएं) ने मामले की जानकारी दी (फोटो: आजतक)
author-image
संदीप सैनी

जम्मू-कश्मीर के वैष्णो देवी में भारी बारिश की वजह से होने वाले भूस्खलन (Vaishno Devi Landslide) में जान गंवाने वालों की संख्या 34 पहुंच गई है. इस तबाही ने कई परिवारों की खुशियां छीन ली है. जिनमें उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर का एक परिवार भी शामिल है. पहाड़ों से गिरे पत्थरों ने परिवार के इकलौते बेटे की जान ले ली. 

Advertisement

आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, मुजफ्फरनगर के नगर कोतवाली क्षेत्र के रामलीला टिल्ला निवासी मिंटू कश्यप (46) परिवार के साथ वैष्णो देवी माता के दर्शन करने के लिए निकले थे. जिनमें पत्नी बबली, बेटी उमंग, बेटा कार्तिक और साले की बेटी वैष्णवी शामिल थी. परिवार दर्शन करके लौट ही रहा था, तभी रास्ते में हुए भूस्खलन ने सबकुछ बदल कर रख दिया. भारी पत्थर गिरने से कई श्रद्धालु घायल हो गए. मिंटू कश्यप के परिवार को भी गंभीर चोटें आईं. जबकि, बेटे कार्तिक (मन्नू) की वहीं मौत हो गई.

मिंटू के बड़े भाई बाबूराम कश्यप ने बताया कि हादसे के बाद छोटे भाई ने किसी अनजान नंबर से उनके पास फोन किया. बाबूराम बताते हैं,

Advertisement

फोन पर छोटा भाई फफक-फफक कर रो रहा था. कह रहा था भइया, नाश हो गया… मुन्नू चला गया. बाकी सब घायल हैं. अस्पताल में हैं लेकिन मुन्नू नहीं रहा. मैं सुनते ही हिल गया. क्या बताऊं, घर का इकलौता बेटा था.

ये भी पढ़ें: वैष्णो देवी में लैंडस्लाइड से 30 लोगों की मौत, जम्मू-कटरा नेशनल हाईवे बंद, 22 ट्रेनें रद्द

परिवार से मिलने पहुंचे मंत्री

मिंटू के परिवार वालों का अस्पताल में इलाज चल रहा है. घटना से पूरे इलाके में मातम पसरा है. जानकारी मिलने के बाद यूपी सरकार में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे. उन्होंने कहा कि यह बेहद दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण घटना है. उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी को निर्देश दे दिए गए हैं कि परिवार को हर संभव मदद उपलब्ध कराई जाए. राज्यपाल को भी इसकी जानकारी दी गई है.

Advertisement

बताते चलें कि जम्मू-श्रीनगर और किश्तवाड़-डोडा नेशनल हाइवेज पर ट्रैफिक बाधित हो गया है. दर्जनों सड़कें अचानक आई बाढ़ के कारण बंद हो गई हैं. इस आपदा के कारण नॉर्दर्न रेलवे ने 22 ट्रेनों को रद्द कर दिया है, जबकि 27 ट्रेनों को बीच रास्ते में ही रोक दिया गया है.

वीडियो: सिक्कम में भारी बारिश, मिलिट्री कैंप लैंडस्लाइड की चपेट में

Advertisement