भारतीय वायुसेना में कॉर्पोरल (CPL) प्रशांत सिंह यादव ने अपनी एक साल की बेटी जैश्वी यादव के इलाज के लिए मदद की अपील की है. जैश्वी ‘स्पाइनल मस्कुलर एट्रॉफी (SMA) टाइप 1’ नाम की एक दुर्लभ बीमारी से पीड़ित हैं. इस बीमारी के मरीज दो साल से अधिक नहीं जी पाते हैं. 31 दिसंबर, 2024 के दिन जैश्वी ने अपना पहला जन्मदिन मनाया है. उसकी हालत बिगड़ती जा रही है.
वायु सेना के पदाधिकारी की बेटी को दुर्लभ बीमारी, 9 करोड़ रुपये की थेरेपी के लिए लोगों से मांगी मदद
सीपीएल प्रशांत सिंह यादव की बेटी जैश्वी यादव ‘स्पाइनल मस्कुलर एट्रॉफी (SMA) टाइप 1’ से पीड़ित हैं. इस बीमारी का इलाज ‘Zolgensma’ नामक जीन थेरेपी से संभव है. लेकिन इस इलाज में 9 करोड़ रुपये का खर्च आता है.
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इस बीमारी का इलाज ‘Zolgensma’ नाम की जीन थेरेपी से संभव है. इस थैरेपी को अमेरिका की फार्मा कंपनी नोवार्टिस ने विकसित किया है. ये थैरेपी पीड़ित बच्चों की जान बचाने में कारगर साबित हो सकती है, लेकिन इसकी कीमत बहुत ज्यादा है. तकरीबन करीब नौ करोड़ रुपये.
प्रशांत सिंह ने बताया कि रक्षा कर्मियों और उनके परिवारों को सरकार की ओर से मेडिकल सुविधा उपलब्ध कराई जाती है, लेकिन ‘Zolgensma’ अभी तक भारत के ड्रग कंट्रोलर जनरल (DCGI) के दायरे में नहीं आती है. इस कारण दवा मिलिट्री अस्पतालों में उपलब्ध नहीं है, जिसके चलते प्रशांत को क्राउडफंडिंग का सहारा लेना पड़ा.
प्रशांत ने ‘Impact Guru’ नाम के क्राउडफंडिंग प्लेटफार्म से 3.2 करोड़ रुपये जुटा लिए हैं. उन्हें 9 करोड़ रुपये का लक्ष्य को पूरा करना है.
सेलिब्रिटी ने भी की मददप्रशांत सिंह ने बताया कि बेटी के इलाज के सिलसिले में उन्होंने मुंबई में अभिनेता सोनू सूद और राजपाल यादव तक से मुलाकात की. इन दोनों ने जैश्वी के लिए एक अभियान वीडियो भी बनाया है. अब वह और लोगों से अपील कर रहे हैं कि उनकी बेटी की जिंदगी बचाने में योगदान दें.
जैश्वी ने 31 दिसंबर, 2024 को अपना पहला जन्मदिन मनाया है. उसकी हालत तेजी से बिगड़ रही है. इच्छुक लोग यहां क्लिक कर ‘Impact Guru’ अपना डोनेशन कर सकते हैं. इसके अलावा आप यहां पर क्लिक कर भी डोनेट कर सकते हैं.
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