नई दिल्ली में जारी India AI impact summit के दौरान अव्यवस्थाओं के आरोपों पर सरकार की सफाई आई है. सरकार ने समिट के पहले दिन अव्यवस्था झेलने वाले लोगों से माफी मांगी है. केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और IT मिनिस्टर अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार, 17 फरवरी को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि अगर समिट में पहले दिन किसी को कोई दिक्कत हुई है, तो हम उसके लिए माफी मांगते हैं.
AI Summit में अव्यवस्था पर सरकार ने मांगी माफी, अश्विनी वैष्णव बोले- 'प्लीज फीडबैक शेयर करें'
India AI impact summit: सरकार ने समिट के पहले दिन अव्यवस्था झेलने वाले लोगों से माफी मांगी है. केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और IT मिनिस्टर अश्विनी वैष्णव ने कहा कि अगर समिट में पहले दिन किसी को कोई दिक्कत हुई है, तो हम उसके लिए माफी मांगते हैं.


इंडिया टुडे के मुताबिक दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अश्विनी वैष्णव ने कहा,
यह दुनिया की सबसे बड़ा AI समिट है. रिस्पॉन्स बहुत बढ़िया था. एनर्जी साफ देखी जा सकती है… अगर कल किसी को कोई दिक्कत हुई है, तो हम उसके लिए माफी मांगते हैं. आपके पास जो भी फ़ीडबैक है, प्लीज हमारे साथ शेयर करें. हम खुले विचारों वाले हैं. हम आप सभी के लिए इस एक्सपीरियंस को आसान और मज़ेदार बनाने की कोशिश करेंगे. हमारे पास एक वॉर रूम है, जो कल से काम कर रहा है. मेरी पूरी टीम इस समिट के लिए दिन-रात कड़ी मेहनत कर रही है.
अश्विनी वैष्णव ने आगे कहा कि समिट में 70,000 से ज़्यादा लोग शामिल हुए हैं. विजिटर्स, खास लोगों और एग्ज़िबिटर्स में एनर्जी साफ देखी जा सकती है. उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले दो सालों में हमें AI स्टैक की पांच लेयर्स में 200 बिलियन US डॉलर्स से ज्यादा का इन्वेस्टमेंट देखने को मिलेगा. इससे पहले समिट के पहले दिन आयोजन में अव्यवस्था के आरोप लगाए गए. कई लोगों ने इसे लेकर सोशल मीडिया पर शिकायतें की थीं.
एंट्री से लेकर खाने-पीने में भी शिकायतेंसोशल मीडिया पर लोगों ने एंट्री गेट से लेकर लंबी-लंबी कतारों को लेकर नाराजगी जाहिर की. इसके अलावा खाने-पीने के स्टॉल पर UPI की जगह सिर्फ कैश से पेमेंट को लेकर भी लोगों ने अपनी परेशानी साझा की है. सीटों की उपलब्धता को लेकर भी लोगों को परेशान होना पड़ रहा है. इवेंट में तकरीबन 250,000 लोगों के आने की संभावना है, मगर लोगों का कहना है कि बैठने की व्यवस्था उसके हिसाब से कम लग रही है. कई फाउंडर्स ने भी समिट के दौरान स्पष्ट जानकारी न देने और घंटो इंतजार कराने के आरोप लगाए.
विपक्षी दल कांग्रेस ने भी इस मुद्दे को लेकर सरकर पर सवाल उठाए. पार्टी ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल से लिखा,
दिल्ली में AI समिट हो रहा है, लेकिन वहां के हालात बहुत ही भयानक हैं. समिट में मिस-मैनेजमेंट से फ़ाउंडर्स और एग्ज़िबिटर्स बेहद परेशान हैं. उनका कहना है कि PM मोदी के आने के लिए मेन हॉल खाली करा दिया गया और एग्ज़िबिटर्स को उनके ही पेड स्टॉल्स से निकाल दिया गया.
यह भी पढ़ें- AI Impact Summit: UPI चल नहीं रहा, लंबी लाइन, बैठने की जगह कम, सोशल मीडिया पर गुस्साए लोग
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि ये सब इसलिए हुआ, क्योंकि AI समिट के पहले ही दिन नरेंद्र मोदी अपने लाव-लश्कर के साथ वहां फोटो खिंचवाने और रील बनवाने पहुंच गए. कांग्रेस ने कहा कि ये दिखाता है कि नरेंद्र मोदी को सिर्फ अपनी छवि चमकाने से मतलब है. विश्व स्तर पर देश की इमेज बर्बाद होने से उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता. फिलहाल सरकार ने इन सभी सवालों पर माफी मांग ली है और आगे व्यवस्था बेहतर करने का आश्वासन दिया है.
वीडियो: खर्चा-पानी: दिल्ली AI समिट का असली एजेंडा क्या है?














.webp?width=275)






