जब जुड़वा आई थी सन 97 में. हम बहुत छोटे थे. सीडी पीडी का जमाना आया नहीं था. टीवी पर जो पिच्चर आ जाए उसको देख लेते थे. फ्राइडे नाइट साढ़े नौ बजे. डीडी वन पर. खटिया पर बैठे छेद्दू चच्चा फाइट सीन देख कर उचक जाते थे. अइस्सबास बोलते हुए. लेकिन अब माहौल बदल गया है डेविड धवन अंकल. जैसी पकाऊ फिल्म वो थी अगर जुड़वा 2 भी वैसे ही निकली तो पिट जाएगी देखना. फिर न कहिना बताया नहीं. तुमए लौंडे वरुण की छीछालेदर होगी अलग. तो लल्लन सलाह दे रहा है कि उस फिल्म की ये गलतियां इसमें न करना.1. प्रेगनेंट बीवी की डिलिवरी होने वाली हो और उसको अस्पताल में भर्ती करा दो. लेकिन सुन लो. उस कमीने मुजरिम को गोली मार कर उसी हॉस्पिटल मत पहुंचाना
2. अनु मलिक. भगवान की कसम है तुम्हें. अगर उनसे कोई गाना गवाया तो पाप लगेगा.
3. डबल रोल तो खैर रखोगे ही. अकेला लड़का हियां बाप की छाती पर मूंग दलता है. ऐसी दकियानूसी सोच तुम्हारी भी है यार. लेकिन सीन कम से कम रखना.
4. भारत माता के नाम पर भारत की जनता का टंटा काटना बंद करो. सब देशभक्ति के भरोसे बैठेंगे कि कुछ अपनी मेहनत भी लगाओगे बे.
5. अनुपम खेर को तो साइन नहीं किए हो? करना भी मत. वो अभी अलग बिजी हैं. डेट नहीं मिलेगी. मिल भी गई तो फिलिम पिट जाएगी.
6. उस फिल्म में पता नहीं मुकेश ऋषि को छोड़ दिए थे का. वो जिंदा रह गया था हमसे सादे कागज पर लिखा लो. नहीं तो वह राष्ट्रीय त्रासदी सूर्यवंशम में कैसे नजर आते. इस बार प्लीज विलेन को ठीक से मारना. और लाश छोड़ने से पहले तसल्ली कर लेना.
7. उस वाली फिल्म के वो गंदे लॉजिक इसमें इस्तेमाल मत करना प्लीज. कि एक लौंडे को मारो तो दूसरा हुसड़ के उधर गिरता है. नहीं तो लोग ऐसे ही अपना गला दबा लेंगे. और पिच्चर हाल में ही अपनी शहादत दे देंगे.
8. सलमान से नहीं पूछा तुमने रोल के लिए? माना कि केस वेस में बिजी हैं लेकिन एक बार बात तो करते. इसका फरक तो दिखेगा ही लल्ला, देखना.
























