The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • Sports
  • Champions Trophy Hosted By Pakistan: One Match Cost Millions To Board

PCB को बहुत भारी पड़ी चैंपियंस ट्रॉफी, टीम तो बाहर हुई ही, कमाई की जगह अरबों का नुकसान और हो गया

चैंपियंस ट्रॉफी में पाकिस्तान की टीम अपने होम ग्राउंड पर एक ही मैच खेल सकी. वो भी उसे 870 करोड़ रुपये (2800 करोड़ PKR) से ज्यादा का पड़ा. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने रावलपिंडी, कराची और लाहौर के क्रिकेट स्टेडियम को अपग्रेड करने के लिए 500 करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च किए थे. ये उसके बजट से 50 फीसदी एक्स्ट्रा था.

Advertisement
Champions Trophy Hosted By Pakistan: One Match Cost Millions To Board
इतने खर्च के बावजूद पाकिस्तानी टीम अपनी सरज़मीन पर सिर्फ एक ही मैच खेल सकी. एक मैच बारिश के कारण रद्द हुआ, जबकि दूसरा मैच को दुबई में खेला गया. (फोटो- PTI)
17 मार्च 2025 (अपडेटेड: 17 मार्च 2025, 06:02 PM IST)
font-size
Small
Medium
Large
whatsapp share

Champion Trophy 2025 के होस्ट पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) को भारी नुकसान उठाना पड़ा है. PCB को उम्मीद थी कि टूर्नामेंट की मेज़बानी से उनकी माली हालत में सुधार होगा. लेकिन उल्टी पड़ गई सब तदबीरें! पाकिस्तानी टीम की परफॉर्मेंस तो शर्मनाक रही ही, बोर्ड की माली हालत सुधरने की उम्मीदों पर भी पानी फिर गया. एक रिपोर्ट के मुताबिक इस टूर्नामेंट की वजह से PCB को करीब 738 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है. इस रकम को पाकिस्तानी करेंसी में गिनें तो ये करीब 2400 करोड़ रुपये बनती है. एक रिपोर्ट के मुताबिक इस वजह से अब पाकिस्तानी डोमेस्टिक प्लेयर्स को मिलने वाली फीस भी कम की जा रही है.

अंग्रेजी अखबार टेलिग्राफ में छपी रिपोर्ट के मुताबिक, चैंपियंस ट्रॉफी में पाकिस्तान की टीम अपने होम ग्राउंड पर एक ही मैच खेल सकी. वो भी उसे 870 करोड़ रुपये (2800 करोड़ PKR) से ज्यादा का पड़ा. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने रावलपिंडी, कराची और लाहौर के क्रिकेट स्टेडियम को अपग्रेड करने के लिए 500 करोड़ रुपये (1600 करोड़ PKR से ज्यादा) से ज्यादा खर्च किए थे. ये उसके बजट से 50 फीसदी एक्स्ट्रा था. 

इसके अलावा, बाकी तैयारियों के लिए लगभग 348 करोड़ रुपये (1100 करोड़ PKR से ज्यादा) अलग से खर्च किए गए. लेकिन जब टिकट और स्पॉन्सरशिप से कमाई की बात आई, तो बोर्ड को सिर्फ 52 करोड़ रुपये की कमाई हुई. रिपोर्ट के मुताबिक मोटा-माटी देखा जाए तो टूर्नामेंट में पाकिस्तान को 738 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है.

इतने खर्च के बावजूद पाकिस्तानी टीम अपनी सरज़मीन पर सिर्फ एक ही मैच खेल सकी, जबकि दूसरा मैच बारिश के कारण रद्द हुआ. वहीं भारत के खिलाफ मैच को दुबई में खेला गया. बारिश की वजह से धुले मैचों के टिकट के पैसे तक बोर्ड को रिफंड करने पड़े. 

खिलाड़ियों की फीस में कटौती

बोर्ड को नुकसान तो हुआ, लेकिन इसका प्रभाव बोर्ड पर नहीं बल्कि खिलाड़ियों पर पड़ा. पाकिस्तानी अखबार डॉन की एक रिपोर्ट के मुताबिक, PCB अब खिलाड़ियों की जेब से इस नुकसान की भरपाई करने का प्रयास कर रहा है. बोर्ड ने डोमेस्टिक खिलाड़ियों की मैच फीस को 90 फीसदी तक कम कर दिया है. रिज़र्व खिलाड़ियों की पेमेंट में भी 87.5 प्रतिशत की कटौती की गई. 

PCB ने हाल ही में बिना किसी आधिकारिक घोषणा के मैच फीस को 40,000 पाकिस्तानी रुपये से घटाकर 10,000 पाकिस्तानी रुपये कर दिया था. हालांकि, बोर्ड के अध्यक्ष मोहसिन नकवी ने दखल देते हुए फैसले को खारिज कर दिया और बजट को फिर से तय करने का निर्देश दिया. बता दें कि PCB ने अभी तक आधिकारिक तौर पर नई फीस को लेकर कोई खुलासा नहीं किया है. लेकिन डॉन ने सूत्रों के हवाले से बताया कि फीस अब 30,000 पाकिस्तानी रुपये प्रति मैच तय की गई है. 

इतना ही नहीं, युवा क्रिकेटर जो कभी फाइव स्टार होटलों में ठहरा करते थे, वो अब बजट फ्रेंडली जगहों पर ठहरने को मजबूर है. लेकिन बोर्ड के अधिकारियों की शानो-शौकत में कोई कमी नहीं आई है. PCB के सलाहकार - मिस्बाह उल हक, वकार यूनुस, शोएब मलिक, सरफराज अहमद और सकलैन मुश्ताक कथित तौर पर हर महीने 50 लाख पाकिस्तानी रुपये कमाते हैं.

वीडियो: 2002 के गुजरात दंगो पर क्या बोले PM मोदी? लेक्स फ्रिडमैन के पॉडकास्ट में सबकुछ बताया!

Advertisement

Advertisement

()