(यहां बताई गई बातें, इलाज के तरीके और खुराक की जो सलाह दी जाती है, वो विशेषज्ञोंके अनुभव पर आधारित है. किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले अपने डॉक्टर से ज़रूरपूछें. दी लल्लनटॉप आपको अपने आप दवाइयां लेने की सलाह नहीं देता.)हमें सेहत पर मिल आया वैभव का. 29 साल के हैं. रामपुर के रहने वाले हैं. वो अपनेमुंह के अंदर बनने वाले अल्सरों से बहुत परेशान हैं. अल्सर यानी छाले. हर कुछ दिनोंमें उनके मुंह के अंदर छाले हो जाते हैं. शुरुआत में उनको लगा था ऐसा मिर्च-मसालेवाला खाना खाने के कारण हो रहा है. जो बहुत ही आम धारणा है. तो उन्होंनेमिर्च-मसाला कम कर दिया. पर इसके बावजूद भी उनके मुंह में लगातार छाले निकलते रहेहैं. वैभव जानना चाहते हैं ऐसा क्यों हो रहा है? इन छालों में दर्द नहीं होता पर वोठीक भी नहीं हो रहे. वो चाहते हैं हम डॉक्टर से बात करके मुंह के अल्सर के कारण औरइलाज उन्हें बताएं. तो सबसे पहले ये समझ लेते हैं कि मुंह का अल्सर क्या होता है.मुंह का अल्सर क्या होता है? ये हमें बताया डॉक्टर अपर्णा महाजन ने.डॉक्टर अपर्णा महाजन, कंसल्टेंट, ईएनटी, फ़ोर्टिस हॉस्पिटल, फ़रीदाबाद-अल्सर का मतलब होता है छाला.-ये मुंह के अंदर होता है.-इसमें दर्द हो भी सकता है और नहीं भी. कारण -अगर कोई नुकीला दांत मुंह के अंदर एकजगह पर रगड़ता रहे.-उससे ज़ख्म हो जाए तो ये अल्सर बन सकता है.-शरीर में विटामिन की कमी.-स्ट्रेस.-बहुत लंबे समय तक एंटीबायोटिक खाना.-एंटीबायोटिक पेट में मौजूद अच्छे बैक्टीरिया को मार देते हैं-शराब, सिगरेट, तंबाकू भी बड़ा कारण हैं.-इनसे निकोटीन स्टोमेटाइटिस (मुंह के अंदर होने वाला एक रिएक्शन) हो जाता है, जिसकेकारण अल्सर बनते हैं.-कुछ बीमारियों या इन्फेक्शन के कारण भी मुंह में अल्सर होते हैं.-जैसे HIV, ऑटोइम्यून डिसऑर्डर, हर्पीस.अल्सर का मतलब होता है छाला-डॉक्टर जांच करके बता सकते हैं कि अल्सर होने का कारण क्या है. क्या गलतियां अवॉइडकरें -अगर मुंह में कोई नुकीला दांत है तो उसकी जांच ज़रूर डॉक्टर से करवा लें.-उसे घिसवाकर ब्लंट करवा लीजिए.-मुंह की सफ़ाई बेहद ज़रूरी है.-दिन में दो बार ब्रश करें.-टूथब्रश हार्ड नहीं होना चाहिए, सॉफ्ट हो.-क्योंकि अगर पहले से अल्सर की परेशानी है तो हार्ड टूथब्रश और चोट पहुंचा सकता है.-अच्छी मात्रा में विटामिंस लीजिए.-फ्रेश फल और हरी सब्जियां खाइए.-इसके बावजूद अगर अल्सर होते हैं तो डॉक्टर से तुरंत मिलें. बचाव -मुंह की सफाईरखें.-एसिडिटी अवॉइड करें.-मिर्च-मसाले वाली चीज़ों से दूर रहें.-बहुत फ्राइड फ़ूड न खाएं.अगर मुंह में कोई नुकीला दांत है तो उसकी जांच ज़रूर डॉक्टर से करवा लें-बीड़ी, सिगरेट, तंबाकू का सेवन न करें.-3-4 लीटर दिनभर में पानी पीजिए.-फ्रेश फल, हरी सब्जियां ज़्यादा खाएं.-एंटीबायोटिक लंबे समय से चल रही हैं तो दही वाली चीज़ें खाएं.-ये अल्सर को ठीक करने में मदद करती हैं. इलाज -इलाज बहुत ही सिंपल है.-कुछ अल्सर अपने आप ठीक हो जाते हैं.-वो अल्सर गौर करने लायक हैं जिनमें दर्द न हो, लंबे समय से हों.-ऐसे में जल्द से जल्द डॉक्टर से मिलें.-ये किसी बीमारी के कारण हो सकता है.-जिसके लिए बायोप्सी होना ज़रूरी है.-सही समय पर जांच करवाने से ठीक इलाज मिल सकता है.मुंह में छाले यानी अल्सर होने के क्या-क्या कारण हो सकते हैं, ये डॉक्टर अपर्णा नेआपको समझा दिया. इस बात पर गौर करिएगा कि मुंह में अल्सर कुछ बीमारियों औरइन्फेक्शन के लक्षण भी हो सकते हैं. इसलिए देरी न करें. घरेलू नुस्खों के चक्कर मेंन पड़ें. तुरंत डॉक्टर से मिलें और सही इलाज लें.