आज बात एक अदालती फ़ैसले की होगी. जिसके तहत एक मशहूर कंपनी के उत्तराधिकारी को जेलभेजा गया है. तीन सालों में दूसरी बार. इस बार गुनाह है, घूस देने का. वो भी देश कीराष्ट्रपति. सब विस्तार से बताते हैं.