दिल्ली के कंझावला हादसे की भयावहता के बारे में इंडिया टुडे से बात करते हुए,पीड़िता के दोस्त ने कहा, "मैं उसे केवल 15 दिनों से जानता था लेकिन हम बहुत जल्दीदोस्त बन गए. हमने नए साल को एक साथ मनाने का फैसला किया. 31 दिसंबर को उसने मुझेफोन किया और आई. मुझे लेने के लिए सुल्तानपुरी गए. उसके बाद, हम रोहिणी गए और फिरवह मुझे अपने घर ले गई, फिर हम होटल गए." देखिए वीडियो.