चंदू बाबूलाल चौहान की नानी की मौत हो गई. उन्हें कार्डियक अरेस्ट हुआ, जब उन्हेंनाती के पकडे जाने के खबर मिली. पैंसठ साल की लीलाबाई ये झटका सह नहीं पाईं. सिर्फसिपाही नहीं मरते, युद्ध अपनी कीमत वसूलते हैं, और अभी तो युद्ध की बस लफ्फाजी चलरही है. लेकिन इस सबके बीच एक नया सवाल सिर उठा रहा है. आर्मी वाले कहते हैं किबाबूलाल को गुरुवार को पकड़ा गया. जबकि गांव वाले कहते हैं कि उन्हें तो ये खबरबुधवार को ही मिल गई थी. भूषण चंदू के बड़े भाई हैं. चंदू बाबूलाल 23 साल के हैं.महाराष्ट्र के धुले जिले के वोरबीर गांव में रहते हैं. वो 37वीं राष्ट्रीय रायफल केजवान हैं. उनके भाई भी मिलिट्री में ही हैं. * कौन हैं चंदू बाबूलाल चौहानडॉन न्यूज़ के हवाले से खबर चली थी कि पाक आर्मी ने 8 भारतीय सैनिकों को जवाबीकार्रवाई में मार दिया. और एक को पकड़ लिया गया है. तो पाक आर्मी ने जिसे पकड़ा है,वो हैं चंदू बाबूलाल चौहान. डॉन न्यूज़ ने सूत्रों के हवाले से लिखा कि जब पाक आर्मीने जवाबी फायरिंग की तो उसमें 8 भारतीय जवान मारे गए और एक को पकड़ा गया है. 22 सालके चंदू बाबूलाल चौहान महाराष्ट्र के रहने वाले हैं. पिता का नाम बाशन चौहान है.इंडियन आर्मी के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक चंदू बाबूलाल चौहान 37राष्ट्रीय राइफल्स के जवान हैं. जो गलती से LOC क्रॉस कर गए और पाक आर्मी ने उन्हेंपकड़ लिया. बताया जा रहा है कि चंदू बाबूलाल उस कमांडो टीम का हिस्सा नहीं थे,जिन्होंने PoK में सर्जिकल स्ट्राइक किया और आतंकियों को मार गिराया. पाक आर्मी नेमानकोट के वेस्ट में झंडरूट इलाके से चौहान को पकड़ा है. और अब उन्हें निकयालमिलिट्री हेडक्वॉर्टर में रखा है. पाक की तरफ से कहा जा रहा है कि चंदू बाबूलाल इसऑपरेशन में शामिल थे, वहीं इंडियन आर्मी ने बताया कि हम PoK में घुसे और आतंकियोंको मारकर सभी जवान वापस लौट आए.