Vodafone 11 हजार कर्मचारियों को नौकरी से निकालेगी, CEO ने कंपनी की हालत बताई
कंपनी की CEO ने कहा- 'ये करना ही होगा.'

ब्रिटेन की दिग्गज टेलीकॉम कंपनी वोडाफोन (Vodafone) ने छंटनी का ऐलान किया है. कंपनी की CEO ने इसकी घोषणा करते हुए इसे वोडाफोन के इतिहास की ‘सबसे बड़ी छंटनी’ कहा. रिपोर्ट्स के मुताबिक वोडाफोन की चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) मार्गेरिटा डेला वैले ने बताया है कि कंपनी से 11 हजार कर्मचारियों को निकाला जाएगा. ये छंटनी तीन साल में की जाएगी.
कर्मचारियों को निकालने की वजह कंपनी के कारोबार में नुकसान को बताया गया है. रॉयटर्स की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि टेलीकॉम कंपनी का मार्केट में परफॉर्मेंस कमजोर रहा है. मार्गेरिटा डेला वैले इसी साल जनवरी में वोडाफोन की CEO बनी हैं. उन्होंने बताया कि कंपनी के कैश फ्लो में भारी गिरावट का अनुमान लगाया गया है. उनके मुताबिक नये वित्तीय वर्ष में कंपनी की कोई ग्रोथ न होने या बहुत कम ग्रोथ होने का अनुमान है. ये भी कहा कि इसके मद्देनजर लागत कम करने और कंपनी के लिए छंटनी की योजना है.
मार्गेरिटा डेला वैले ने कहा,
"आज मैं वोडाफोन के लिए अपनी योजनाओं की घोषणा कर रही हूं. हमारा प्रदर्शन उतना अच्छा नहीं रहा है. इसलिए वोडाफोन को बदलना होगा. मेरी प्राथमिकताएं- कस्टमर्स, सिंपलिसिटी और ग्रोथ है. टेलीकॉम सेक्टर की रेस में बने रहने के लिए जटिलताओं को दूर करते हुए अपनी ऑर्गेनाइजेशन को सरल बनाएंगे.”
मार्गेरिटा ने कहा कि इस योजना में कंपनी के इतिहास में सबसे बड़ी छंटनी शामिल है, जिससे लगभग 11,000 कर्मचारी प्रभावित होंगे. अभी वोडाफोन में लगभग 1 लाख एम्प्लॉइज हैं. इंडिया टुडे की दिव्या भाटी की रिपोर्ट के मुताबिक छंटनी की खबर ऐसे समय में आई है, जब कंपनी के शेयर की कीमत बीते दो दशकों के निचले स्तर पर पहुंच गई है.
वोडाफोन ने हाल ही में अपने कई बड़े बाजारों में नौकरियों में कटौती की है. इस साल की शुरुआत में इटली से 1,000 कर्मियों की छंटनी की खबर आई थी. जर्मनी वोडाफोन के लिए सबसे बड़ा मार्केट है. यहां भी लगभग 1,300 कर्मचारियों की छंटनी होने की आशंका जताई गई है. कंपनी ने यहां अपनी आय में गिरावट दर्ज की है.
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