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यूपी : अस्पताल में नवजात बच्चे की मौत हो गई, पापा ने कहा - "मेरे बच्चे का मुंह जानवर नोचकर खा गया"

"1 बजे बच्चा पैदा हुआ, उसे ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया, फिर मौत की खबर आई"

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29 अगस्त 2022 (अपडेटेड: 29 अगस्त 2022, 01:01 PM IST)
Gonda Infant death
मृत नवजात के साथ पिता (फोटो- आजतक)
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उत्तर प्रदेश के गोंडा (Gonda) में एक नवजात बच्चे की मौत के बाद परिवारवालों ने सरकारी अस्पताल पर गंभीर आरोप लगाया है. परिवार का कहना है कि अस्पताल में कोई जानवर बच्चे के आधे चेहरे को खा गया. जिसके बाद बच्चे की मौत हो गई.

मामला गोंडा के मुजेहना कम्युनिटी हेल्थ सेंटर (CHC) का है. 28 अगस्त की रात करीब एक बजे बच्चे का जन्म हुआ. डॉक्टरों ने उसे ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा था. पिता सिराज ने कहा कि रात 3 बजे बताया गया कि बच्चे की मौत हो गई लेकिन जब बच्चे को देखा तो उसका मुंह कटा था.

गोंडा डीएम ने जांच कमिटी बनाई

आजतक से जुड़े आंचल श्रीवास्तव की रिपोर्ट के मुताबिक परिवारवालों ने जब हंगामा किया तो डॉक्टरों ने उन्हें भगा दिया. बाद में उनलोगों ने धानेपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई. जिले की चीफ मेडिकल ऑफिसर (CMO) डॉ रश्मि वर्मा ने बताया कि डीएम ने मामले की जांच के लिए एक कमिटी गठित की है. वहीं बच्चे की बॉडी को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है ताकि चोट के निशान का पता लग सके.

रिपोर्ट के अनुसार मुजेहना ब्लॉक की रहने वाली सायरा बानो को लेबर पेन के बाद 27 अगस्त की रात अस्पताल में भर्ती कराया गया था. रात करीब एक बजे बच्चे की डिलिवरी हुई. सायरा के पति सिराज अहमद ने आजतक को बताया, 

"डिलिवरी के समय मैं बाहर बैठा था. डिलिवरी के बाद बच्चे को ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया था. करीब 3 बजे बताया गया कि उसकी मौत हो गई. जब मैं सुबह देखने गया तो उसका मुंह कटा हुआ था. ऐसा लगा कि किसी जानवर ने नोचा है. अस्पताल में पूछा तो उन लोगों ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि कैसे हुआ."

अस्पताल पर कार्रवाई की मांग

सिराज अहमद ने आरोप लगाया कि ये अस्पताल की लापरवाही से हुआ है. वे चाहते हैं कि अस्पताल के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो ताकि आगे किसी के साथ ऐसी घटना ना हो उनके साथ हुई है.

सीएमओ ने कहा कि बच्चे में धड़कन पहले से नहीं थी. उनके मुताबिक जांच के बाद जिम्मेदार लोगों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाएगी. सीएमओ ने कहा, 

"डिलिवरी नॉर्मल तरीके से हुई थी. जब प्रसूता वहां पहुंची थी, उस समय भी बच्चे में धड़कन नहीं थी. डिलिवरी के बाद उसे वार्मर पर रखा गया. ताकि किसी भी तरीके से बच्चे में धड़कन आ जाए."

समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, सीएमओ रश्मि वर्मा ने भी एक दो सदस्यों की जांच टीम बनाई है और तुरंत रिपोर्ट देने को कहा है. वहीं डीएम उज्ज्वल कुमार ने कहा, 

"यह एक गंभीर घटना है. जांच में दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी."

धानेपुर थाने के SHO संजय गुप्ता ने कहा कि सायरा के भाई हारून ने मांग की है कि नाइट ड्यूटी में तैनात अस्पताल स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई हो. उन्होंने बताया कि कानूनी कार्रवाई की जा रही है.

वीडियो: उत्तर प्रदेश में अनाथ बच्चों ने वीडियो बनाया, महकमा हिल गया

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