यूपी में पत्रकार को मारी गोली, तीन महीने पहले पुलिस से कहा था- जान को खतरा है
पुलिस ने बताया कि धमकी मिलने के बाद पत्रकार को सुरक्षा भी दी गई थी.

उत्तर प्रदेश के उन्नाव में एक पत्रकार को गोली मार दी गई. कुछ दिन पहले ही पत्रकार ने जान का खतरा बताया था. 24 जून की रात गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया. अब हालत स्थिर बताई जा रही है. शुरुआती इलाज के बाद उन्हें कानपुर के लाला लाजपत राय अस्पताल में भर्ती कराया गया. पत्रकार का नाम मनू अवस्थी है. तीन महीने पहले मनू ने पुलिस को शिकायत भी थी. इसमें उन्होंने कुछ भू-माफिया के खिलाफ आरोप लगाया था कि वे जान से मारने की धमकी दे रहे हैं. पुलिस ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद FIR दर्ज की जाएगी.
उन्नाव पुलिस ने दावा किया कि धमकी मिलने के बाद पत्रकार मनू अवस्थी को सुरक्षा भी मुहैया कराई गई थी. गोली मारे जाने के दौरान क्या उनके साथ सुरक्षाकर्मी थे? इस सवाल पर उन्नाव एएसपी शशि शेखर सिंह ने मीडिया वालों से कहा कि सुरक्षाकर्मी की बात अलग है, सुरक्षा की बात अलग है. उन्होंने आगे कहा कि पहले भी नामजद लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई थी. जिन लोगों के नाम थे, अगर उनकी भूमिका पाई जाती है तो उनके खिलाफ कठोरतम कार्रवाई होगी.
पुलिस शिकायत में क्या बताया था?मनू अवस्थी ने 17 मार्च को पुलिस में जान से मारने की धमकी मिलने की शिकायत की थी. उन्होंने शिकायत में लिखा था,
"भू-माफिया अंशु गुप्ता, फहाद सिद्दीकी, दीपक सिंह करोवन और गोलू सिंह ने 14 मार्च को बीजेपी नेता विनय सिंह के घर चढ़ाई कर फायरिंग की थी. ये खबर मैंने अपने यूट्यूब चैनल पर चलाई. इसी वजह से ये लोग मेरे ऊपर हमला कर जान से मारने के लिए रेकी कर रहे हैं."
शिकायत में मनू ने जिनके नाम लिखे थे उन्हें हिस्ट्रीशीटर बताया था. आरोप लगाया था कि दीपक सिंह को एक महीने पहले 10 अवैध पिस्टल के साथ गिरफ्तार किया गया, लेकिन दो दिन बाद ही जमानत मिल गई. अंशु गुप्ता पर गैंगस्टर एक्ट सहित कई केस दर्ज हैं. वहीं दीपक सिंह अवैध तरीके से हॉस्पिटल चला रहा है, जिसकी जानकारी स्वास्थ्य अधिकारियों को है फिर भी कोई कार्रवाई नहीं हो रही है.
पत्रकार का तीन महीने पुराना वीडियो भी सामने आया है. इसमें वो धमकी मिलने की बात कह रहे हैं. मनू ने वीडियो में कहा है,
"जब मैंने खबर चलाई थी, तभी से जान से मारने की धमकी मिलने लगी. अज्ञात गाड़ियों से पीछा किया जाता है. इसलिए मैंने पुलिस से शिकायत भी की."
मनू ने तब कहा था कि पुलिस ने कार्रवाई करने का आश्वासन दिया था. उन्होंने यह भी कहा था कि अगर उनके ऊपर कोई हमला होता है तो उसके लिए भू-माफिया अंशु गुप्ता, फहाद सिद्दीकी, दीपक सिंह और गोलू सिंह जिम्मेदार होंगे.
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