तुर्की-सीरिया में आए तीन भूकंप, 2400 लोगों की जान गई
सैकड़ों बिल्डिंग ढह गईं.

तुर्की-सीरिया में (Turkey Syria Earthquake) एक के बाद एक आए तीन भूकंप के झटकों में अब तक 2400 लोगों की जान जा चुकी है. तीनों झटके रिक्टर पैमाने पर क्रमश: 7.8, 7.5 व 6.0 की तीव्रता के थे. दोनों देशों में इन झटकों की वजह से बड़ी संख्या में इमारतें ध्वस्त हो गई हैं. राहत और बचाव का काम चल रहा है.
तुर्की सरकार ने प्रेस रिलीज जारी कर मरने वालों की संख्या के बारे में बताया है. सोमवार, 6 जनवरी की सुबह आए भीषण भूकंप में अब तक 1651 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है. जबकि आठ हजार से ज्यादा लोग घायल हुए हैं. मलबे के भीतर से 2,470 लोगों को बचाया गया है. भूकंप में 2,818 इमारतें जमींदोज हो गई हैं. बड़े पैमाने पर बचाव एवं राहत अभियान जारी है. उधर, सीरिया में 810 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है. यहां दो हजार से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. आशंका है कि मृतकों और घायलों की संख्या बढ़ सकती है.
भारत ने लिया बड़ा फैसलाभारत ने तुर्की की हर संभव मदद का भरोसा दिया है. सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रधान सचिव डॉ पीके मिश्रा की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में एक उच्च स्तरीय बैठक हुई. इसमें कई बड़े फैसले लिए गए.
बैठक के बाद PMO की ओर से कहा गया कि राहत सामग्री, आवश्यक दवाओं, प्रशिक्षित डॉक्टरों और पैरामेडिक्स के साथ मेडिकल टीमों को तुरंत तुर्की भेजा जा रहा है. इसके अलावा विशेष रूप से प्रशिक्षित डॉग स्क्वॉड और आवश्यक उपकरणों के साथ 100 कर्मियों वाली NDRF की 2 टीमों को भी तुर्की भेजने का फैसला लिया गया है.
PM मोदी बोले- 'हम तुर्की के साथ'इससे पहले पीएम नरेंद्र मोदी ने विनाशकारी भूकंप के कारण तुर्की में हुई मौतों पर शोक व्यक्त किया. तुर्की में आई आपदा पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गहरा दुख जताया.
अपने एक ट्वीट में उन्होंने लिखा,
“तुर्की में आए भूकंप के कारण हुई जान-माल की क्षति से दुख हुआ. शोक संतप्त परिवारों को सांत्वना. घायल लोगों के जल्द स्वस्थ होने की कामना करता हूं. भारत तुर्की के लोगों के साथ खड़ा है और हर इस संकट से उबरने में हर संभव मदद करने को तैयार है.”
सोमवार तड़के करीब सवा चार बजे तुर्की में दो बार भूकंप आया. तीव्रता 7.8 और 6.7 थी. भूकंप के ये झटके तुर्की के दक्षिणी इलाकों में महसूस किए गए. भूकंप का केंद्र गजियांटेप इलाके में था, जो सीरिया बॉर्डर से सिर्फ 90 किलोमीटर दूर है. तुर्की और सीरिया, दोनों में ही 6 बार भूकंप के तेज झटकों ने हिलाया.
ये भी पढ़ें :- ये 12 फोटो-वीडियो देखकर समझिए तुर्की में कितनी तबाही हुई
वीडियो: वैज्ञानिकों ने कहां फिर भूकंप का खतरा बताया? कब आएगा, इस पर क्या बोले?

