मध्य प्रदेश, जहां से चुनाव के नतीजे सबसे बाद में आए और मुख्यमंत्री सबसे पहले.वहां से अब काम निकल-निकल कर आ रहा है. "क्योंकि काम डोलता है." काम ये नहीं कि कमलनाथ ने सीएम बनने के घंटे भर में ही कर्ज़माफ़ी के कागज़ साइन कर दिए. काम फ़ेक न्यूज़की फैक्ट्री का डोल रहा है. एक तस्वीर वायरल हो रही है, नज़र आ रहे हैं कमल नाथ.एक्चुअली यंग कमल नाथ. साथ में हैं, राजीव गांधी. कमल नाथ यंग हैं मतलब तस्वीर ओल्डहोएगी ही. तस्वीरें जो ऐसे वायरल होती हैं, उनमें होती है एक डीटेलिंग. इस तस्वीरकी डीटेलिंग ये है कि कमल नाथ ड्राइवर की सीट पर बैठे हैं, और उनके बगल में राजीवगांधी बैठे हैं.अब आते हैं दावे पर!दावा किया जा रहा है कि कमल नाथ, राजीव गांधी के ड्राइवर थे. एक्चुअली जो लिखा जारहा है वो ये है. " राजीव जी का ड्राइवर कमल नाथ आज मध्य प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाहै. ड्राइवर आज 2 अरब का मालिक है और कितने अच्छे दिन चाहिए भाइयों. भाइयों बड़ीमुश्किल से फ़ोटो मिला है."अब हमने शुरू की इस दावे की पड़तालसवाल 1. तस्वीर आई कहां से? जवाब - खुद कमल नाथ के पास से. 20 अगस्त 2018 को खुदकमल नाथ ने अपने ट्विटर पर ये तस्वीर अपलोड की थी. 20 अगस्त को राजीव गांधी काजन्मदिन हुआ करता है. उन्हें याद करते हुए कमल नाथ ने ये तस्वीर अपलोड की और राजीवगांधी को नमन किया था. मतलब - तस्वीर गुड टेस्ट में अपलोड की गई थी. पुराने दिनोंको याद करते हुए अपलोड की गई थी. एक नॉर्मल फ़ोटो है, जहां एक ही गाड़ी में कमल नाथऔर राजीव गांधी सवार हैं और ड्राइवर सीट की तरफ कमल नाथ हैं.आईटी और संचार क्रांति के जनक, पंचायती राज के प्रणेता, भारतरत्न पूर्वप्रधानमंत्री स्व.राजीव गांधी जी की जयंती पर उन्हें शत् शत् नमन।#RememberingRajiv #SadbhavanaDiwas pic.twitter.com/ff08fy0M94— Office Of Kamal Nath (@OfficeOfKNath) August 20, 2018 यानी फोटो के साथ जो येकहा जा रहा है कि "भाइयों बड़ी मुश्किल से फ़ोटो मिला है." वो फ़र्जी है. फोटो खुदकमल नाथ ने अपलोड की थी. संकट इस बात का नहीं कि झूठ बोला जा रहा है, संकट ये है किइमेज कर्ट्सी तक नहीं दी जा रही ढंग से. सवाल 2. क्या सच में कमल नाथ राजीव गांधीके ड्राइवर थे. जवाब- आन्हां, नहीं. नही को. नो. कमल नाथ के घर वाले पुराने समय केधनाढ्य हैं, ऐसे कि उनके दादा के बारे में कहानियां चलती हैं कि वो जब बरेली काअपना गांव छोड़ कोलकाता गए तो अपना घर स्कूल को दान कर दिया. खुद कमल नाथ दून स्कूलसे पढ़े हैं. (इनफ सेड!) ऐसा स्कूल जहां संजय गांधी उनके साथ पढ़ते थे. अब माने पैसेसे कोई बड़ा नहीं हो जाता लेकिन अगर संजय गांधी पढ़ रहे हैं तो आम समझ की बात हैक्रीम स्कूल ही रहा होगा. बाद में वो कोलकाता के जेवियर्स स्कूल में पढ़े, अब इत्तापढ़ -लिख के आदमी ड्राइवरी तो नहीं न करेगा. तब पकौड़ा को रोज़गार हें हें हें... सवाल3. कित्ता पइसा है कमल नाथ के पास? जवाब - हम का जानें बे! हमको बताए थोड़े न हैं.(ये लास्ट जवाब नहीं है. आगे पढ़ो!) सिंसियर जवाब - ऐसा है कि ये जो 200 करोड़ वालीबात हो रही है. इससे ज़्यादा पैसा तो कमल नाथ के पास 7 साल पहले था. साल 2011 मेंउनके पास 273 करोड़ रुपए की संपत्ति थी. (एक तो प्रॉपर्टी को संपत्ति लिखने में ऐसालगता है, मानो आदमी बक्से में सोने के सिक्के रखता है!) खैर तब की मनमोहन सरकार नेकमल नाथ को सबसे अमीर केंद्रीय मंत्री घोषित किया था. साल 2014 में चुनाव आयोग कोदिए हलफनामे में कमलनाथ ने खुद के पास 187 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी होने का खुलासाकिया था. कमलनाथ के परिवार के नियंत्रण में इस वक्त करीब 20 कंपनियां और ट्रस्टहैं. कमलनाथ इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी यानी आईएमटी गाज़ियाबाद केचेयरमैन भी हैं. Fun Fact- सचिन पायलट, कमल नाथ के आईएमटी गाज़ियाबाद से पढ़े थे,कमल नाथ सीएम बन गए. सचिन नहीं बन पाए. *Sad reacts only* सवाल 4. ए गुरु!कहां-कहां पइसा लगाए हैं कमल नाथ? जवाब - सब हमीं से पूछ लेओ. जाओ यहां पर क्लिककरना नई स्टोरी खुलेगी. वहां सब ज्ञान है. सवाल 5. नतीज़ा क्या निकला? ड्राइवर हैंकि नहीं. जवाब - नहीं यार, इत्ती देर क्या समझा रहे हैं? ये जो तुम्हारी फ़ोटो है नवो असली तो है, लेकिन ये मैसेज है झूठा. कमल नाथ, राजीव गांधी की गाड़ी इसलिए नहींचला रहे कि ड्राइवर थे. इसलिए चला रहे थे कि वो करीबी थे. लोग तो दावा ये तक करतेहैं कि 1980 के चुनाव में इंदिरा गांधी ये तक कह गईं थी कि "छिंदवाड़ा वालों, कमलनाथ मेरा तीसरा बेटा है. इसको चुनाव जिता ही देना." अब अगले की इतनी पूछ-परख थी. आपड्राइवर साबित करने में लगे हो. ऐसी बातों में न आओ, जब डाउट हो तो संदेह वाली चीजlallantopmail@gmail.com पर गिराओ.