शोभा डे आखिरी बार ओलंपिक के टाइम चर्चा में आई थीं. गोल्ड नहीं जीता था. बाधा दौड़भी नहीं जीती थी. उनने ट्वीट किया था. हमारे खिलाड़ी सेल्फी लेने जाते हैं. बहुतछीछालेदर हुई. सबने बुरा-भला कहा. और पूछो क्या? उनने फिर से वही किया. ट्वीट किया.फिर विवादों में घिर गईं. लोग फिर से उनको सुना रहे हैं. इस बार क्या कहा? विदेशमंत्री सुषमा स्वराज को शांत रहने और ट्वीट बंद करने की सलाह दी है.https://twitter.com/DeShobhaa/status/819834499672457216 सुषमा स्वराज ने कित्तीतो हेल्प की है यार ट्विटर पर लोगों की. मतलब सोचो न कई लोग जो विदेशों में फंसेरहते हैं, ट्विटर पर हेल्प मांगते हैं. उनकी हेल्प हो जाती है. शोभा डे को लिखना हैतो कुछ भी लिख देती हैं. उनने लिख दिया. वैसे मजे की बात देखो लिख भी कौन रहा है,जो सुबह कुल्ला-मुखारी करने से शुरू होती हैं तो रात तक धकापेल ट्वीट ही करती हैं.इस पर रिएक्शन भी आए, गालियां भी पडीं. कम लिखे को ज्यादा समझिए. कुछ ने मौज ली कुछने अनर्गल कहा. पर ये मानिए कि शोभा ने बर्र के छत्ते में हाथ डाल ही दिया.--------------------------------------------------------------------------------आप गांधी पर गुस्सा हो, चप्पल पर शिव जी भी बिक रहे हैं