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नमाज के बाद ‘अतीक अहमद अमर रहे’ के नारे लगे, पटना का वीडियो वायरल हो रहा!

लोग बोले- अतीक पूरी दुनिया के मुसलमानों की नजर में शहीद. योगी-मोदी मुर्दाबाद के नारे लगे.

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21 अप्रैल 2023 (अपडेटेड: 21 अप्रैल 2023, 03:37 PM IST)
Slogans raised in support of Atique Ahmad in Bihar's Patna after offering juma namaj
अतीक अहमद के समर्थन में लगे नारे (फोटो- इंडिया टुडे)
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बिहार के पटना में जुमा की नमाज के दौरान अतीक अहमद के समर्थन में नारे लगाए गए. मीडिया रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि रोजेदारों ने ‘अतीक अहमद अमर रहे’ के नारे लगाए.

आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक मामला पटना स्टेशन के पास स्थित जामा मस्जिद का है. मस्जिद में जुमा की अलविदा नमाज चल रही थी. जिसके बाद लोगों ने अतीक अहमद के समर्थन में कई नारे लगाए. इसके साथ ही नमाज पढ़कर निकले लोगों ने कहा कि योगी सरकार ने अतीक अहमद और अशरफ को प्लान्ड तरीके से मारा.

रिपोर्ट के मुताबिक नारे लगाते लोगों के बीच शामिल रईस गजनवी नाम के शख्स ने कहा,

“अतीक और अशरफ को योगी सरकार ने प्लानिंग के तहत मारा. उनको मरवाने में सरकार और पुलिस का हाथ है.”

भीड़ के बीच नारे लगाते रईस ने कहा, ‘शहीद अतीक अहमद अमर रहे.’ शख्स ने कहा,

“अतीक अहमद शहीद हुआ है. रोजे के दिन में उसको अपराधियों के जरिए सरकार और पुलिस ने मरवाया. वो शहीद है. पूरी दुनिया के मुसलमानों की नजर में वो शहीद है.”

रईस ने आगे कहा कि कोर्ट भी इस हत्या का जिम्मेदार है. पुलिस ने कोर्ट में लिख के दिया था कि अतीक की सुरक्षा करेगी. लेकिन पुलिस ने ही अतीक की हत्या करवा दी. रईस ने आगे कहा कि अतीक को कोर्ट कोई भी सजा देता वो कबूल था.

जुमा की नमाज के दौरान प्रदेश सरकार और केंद्र सरकार के विरोध में भी नारे लगाए गए. भीड़ में लोगों ने योगी-मोदी मुर्दाबाद के भी नारे लगाए.

इन नारों को लेकर जेडीयू की प्रतिक्रिया सामने आई है. जेडीयू प्रवक्ता नीरज ने कहा,

"ऐसा नारा लगाने वालों का समर्थन नहीं किया जा सकता. अतीक का महिमा मंडन ठीक नहीं है. लेकिन बीजेपी को अतीक अहमद पर बोलने का हक नहीं है. न्यूकलियर डील पर बीजेपी ने अतीक अहमद का साथ लिया था. बीजेपी वोट के लिए सारी राजनीति कर रही है."

15 अप्रैल को हत्या हुई थी

अतीक और उसके भाई अशरफ की 15 अप्रैल की रात प्रयागराज में हत्या कर दी गई थी. तीन आरोपी मीडियाकर्मी बनकर पहुंचे थे. करीब 18 राउंड फायरिंग हुई. फायरिंग के बाद तीनों आरोपियों ने सरेंडर कर दिया था. पुलिस तीनों से पूछताछ कर रही है. 16 अप्रैल को तीनों को कोर्ट में पेश किया गया था. जिसके बाद कोर्ट ने तीनों को 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया था. 

वीडियो: अतीक अहमद का आखिरी भाषण! मोदी, अखिलेश, राजा भइया और इमरान प्रतापगढ़ी पर क्या बोला था?

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