कंझावला केस में छठी गिरफ्तारी, अंजलि को घसीटने वाली कार का मालिक आशुतोष अरेस्ट
12 KM घसीटने वाली कार का मालिक आशुतोष गिरफ्तार

दिल्ली के कंझावला केस में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस ने अंजलि केस में छठवें आरोपी आशुतोष को गिरफ्तार कर लिया है. बताया जा रहा है कि आशुतोष की कार से ही अंजलि का एक्सीडेंट हुआ था, और उसे 12 किमी तक घसीटा गया था. आजतक से जुड़े अरविंद ओझा के मुताबिक आशुतोष ने अमित खन्ना को गाड़ी दी थी, लेकिन वो अबतक ये बात पुलिस से छिपा रहा था. हालांकि, हादसे के वक्त आशुतोष कार में मौजूद नहीं था.
दिल्ली के कंझावला इलाके में अंजलि का शव 1 जनवरी को सुबह करीब 4 बजे सड़क पर नग्न अवस्था में मिला था. इससे थोड़ी दूर पर पुलिस ने अंजलि की दुर्घटनाग्रस्त स्कूटी बरामद की थी. पुलिस के मुताबिक अंजलि का कार से एक्सीडेंट हुआ था. इसके बाद उसका पैर कार के अगले पहिए में फंस गया था. इसके बाद वो करीब 12 किमी तक दिल्ली की सड़कों पर घसिटती रही थी. इससे उसकी मौत हो गई थी.
इस मामले में पुलिस ने पहले 5 आरोपियों (मनोज मित्तल, दीपक खन्ना, अमित खन्ना, कृष्ण और मिथुन) को गिरफ्तार किया था. साथ ही पुलिस ने कार को भी बरामद किया था, जिससे एक्सीडेंट हुआ था.
गुरुवार, 5 जनवरी को अंजलि केस में पुलिस ने बताया था कि इस मामले में 5 नहीं, 7 आरोपी हैं. यानी पुलिस ने दो नए आरोपी कार मालिक आशुतोष और अंकुश खन्ना का नाम जोड़ा था.
मुख्य आरोपी तो घर पर थागुरुवार देर रात कंझावला एक्सीडेंट केस में एक नया खुलासा हुआ. पुलिस ने बताया कि आरोपी दीपक खन्ना के फोन की लोकेशन बाकी आरोपियों की लोकेशन से मेल नहीं खाती है. दीपक के फोन की लोकेशन और कॉल रिकॉर्ड से पता चला कि वो घटना के वक्त घर पर था.
दिल्ली पुलिस के स्पेशल कमिश्नर (लॉ एंड ऑर्डर) सागर प्रीत हुड्डा ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया, 'आरोपियों से पूछताछ के दौरान पता चला कि हकीकत में FIR में नामजद पांच लोगों में से अमित खन्ना नाम का शख्स कार चला रहा था, ना कि दीपक खन्ना. दीपक के पास गाड़ी का लाइसेंस था, इसलिए उसने आरोप अपने ऊपर ले लिया.'
अंजलि के आरोपियों के 'नज़दीक' होने के बाद भी पकड़ क्यों नहीं पाई दिल्ली पुलिस?

