"घंटों तक चलीं गोलियां, महिलाओं और बच्चों को भी नहीं छोड़ा" BLA ने पाकिस्तान के ट्रेन हाईजैक का वीडियो जारी किया
Baluchistan Liberation Army ने घटना का एक वीडियो जारी किया है. बचाए गए पीड़ितों ने हैरान करने वाली बातें बताई हैं.

पाकिस्तान का बलूचिस्तान राज्य. नौ डिब्बो वाली जाफर एक्सप्रेस (Jaffar Express Hijack) क्वेटा से पेशावर जाने के लिए निकली. ट्रेन में लगभग 400 लोग सवार थे. आम लोगों के साथ-साथ पाकिस्तानी सेना के जवान भी इसमें यात्रा कर रहे थे. तारीख थी 11 मार्च. ट्रेन जैसे ही बोलान इलाके के सुरंग नंबर 8 में पहुंची, एक जोरदार धमाका हुआ. ट्रेन वहीं रुक गई. हथियारों से लैस कुछ लोग ट्रेन पर कब्जा करने की कोशिश करने लगे.
मुश्ताक मुहम्मद तीन नंबर बोगी में बैठे थे. उन्होंने कहा कि विस्फोट के बाद गोलीबारी शुरू हो गई. एक घंटे तक लगातार गोलियां चलती रहीं. उन्होंने बताया कि गोलीबारी इतनी भयानक थी कि वहां मौजूद किसी के लिए भी बचना संभव नहीं लग रहा था.
इसाक नूर अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ बोगी नंबर सात में बैठे थे. वो क्वेटा से रावलपिंडी जा रहे थे. उन्होंने बताया कि धमाका इतना तेज था कि ट्रेन की खिड़कियां और दरवाजे हिलने लगे थे. उनके बगल में बैठा एक बच्चा कंपन से नीचे फर्श पर गिर गया. गोलीबारी शुरू हुई तो गोलियां बोगियों पर लग रही थीं. ये देखकर नूर अपने एक बच्चे को लेकर नीचे उतर गए. उनका दूसरा बच्चा बोगी में ही रह गया था. किसी ने उसे ये कहते हुए नीचे उतारा कि "तुम्हें गोली लग जाएगी."
इसाक ने बताया कि गोलीबारी करीब पचास मिनटों तक हुई. इस दौरान लोगों को कोई सुध नहीं थी. उन्हें कुछ समझ नहीं आ रहा था कि अब क्या होने वाला है.
मुश्ताक मोहम्मद कहते हैं कि धीरे-धीरे उन्होंने गोलीबारी बंद कर दी. इसके बाद हमलावर बोगियों में घुसने लगे. उन्होंने कुछ लोगों के आईडी कार्ड देखने शुरू कर दिए और उनमें से कुछ को एक तरफ ले गए. मुश्ताक कहते हैं,
सात नंबर के आसपास वाले बोगियों के बारे में इशाक नूर कहते हैं,
मोहम्मद अशरफ अपने प्रियजनों से मिलने के लिए क्वेटा से लाहौर जा रहे थे. उन्होंने बताया,
इसी तरह बहावलपुर के यात्री बशीर अपनी पत्नी आलिया और दो बच्चों के साथ यात्रा कर रहे थे. उन्होंने कहा कि बंदूकधारियों ने हमें पीछे न देखने के लिए कहा. इसके बाद हम पनीर रेलवे स्टेशन पहुंचे.
बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने एक बयान जारी किया और इस हमले की जिम्मेदारी ली. उन्होंने कहा कि उनके फिदायीन ग्रुप (आत्मघाती दस्ता) मजीद ब्रिगेड ने इस ऑपरेशन को लीड किया. पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मियों ने बचाव अभियान शुरू किया. खबर लिखे जाने तक 155 बंधकों को बचा लिया गया है. 21 हमलावर मारे गए हैं. BLA ने दावा किया है कि उन्होंने 30 पाकिस्तानी सैनिकों को मार गिराया है.
इस बीच BLA ने घटना को लेकर एक वीडियो भी जारी किया है. वीडियो में देखा जा सकता है कि उन्होंने ट्रेन के बगल में बंधकों में रखा है. वीडियो देखें-
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BLA ने क्यों हाईजैक किया ट्रेन?हमलावरों ने सरकार को 48 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए अपनी मांग रखी है. उन्होंने कहा है “बलूच राजनीतिक कैदियों, जबरन गायब किए गए लोगों और उनसे जुड़े एक्टिविस्ट की बिना शर्त रिहाई हो. नहीं तो बंधकों को मार दिया जाएगा."
न तो सरकार और न ही सेना ने अभी तक BLA की मांग के बारे में कोई आधिकारिक बयान जारी किया है.
वीडियो: दुनियादारी: क्या भारत ने बलूचिस्तान प्रोटेस्ट में पैसा दिया, पाकिस्तान PM ने ये आरोप क्यों लगाया?

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