The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • maharashtra kolhapur Agitation at Vishalgad Fort in Kolhapur turns violent

महाराष्ट्र के कोल्हापुर में अतिक्रमण हटाने के दौरान कैसे भड़की हिंसा?

विशालगढ़ किले के पास हिंसा के बाद 21 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. कोल्हापुर पुलिस ने 500 लोगों के खिलाफ चार केस दर्ज किए हैं.

Advertisement
pic
15 जुलाई 2024 (पब्लिश्ड: 11:24 PM IST)
maharashtra kolhapur Agitation at Vishalgad Fort in Kolhapur turns violent
सीएम एकनाथ शिंदे ने कलेक्टर अमोल येडगे और SP महेंद्र पंडित को मामले की जांच करने के आदेश दिए हैं. (फोटो- PTI)
Quick AI Highlights
Click here to view more

महाराष्ट्र के कोल्हापुर स्थित विशालगढ़ किले में ‘अतिक्रमण विरोधी अभियान’ के दौरान पथराव, मारपीट और हिंसा (Maharashtra Kolhapur agitation) की घटना सामने आई है. पूर्व राज्यसभा सांसद छत्रपति संभाजी राजे भोसले ने अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ किले तक मार्च निकाला. भोसले ने ‘अतिक्रमण’ खत्म करने का सार्वजनिक आह्वान किया था. लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही कुछ लोगों ने वहां दुकानों में तोड़फोड़ की, पत्थर फेंके और ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया. जिला कलेक्टर ने हिंसा के बाद विशालगढ़ से अतिक्रमण हटाने का आदेश दिया है. साथ ही, 15 से 29 जुलाई तक किले में प्रवेश पर रोक लगा दी गई है.

विशालगढ़ किले में हिंसा और मारपीट की घटना 14 जुलाई के दिन हुई. हिंसा की घटना के बाद प्रशासन ने महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम 1951 की धारा 37(A) A से F और धारा 37(3) के तहत 15 जुलाई से 29 जुलाई तक किले में प्रवेश पर रोक लगाने का फैसला किया है. हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, किला तब से चर्चा में है जब दक्षिणपंथी संगठनों ने किले में अतिक्रमण हटाने और पशु वध पर प्रतिबंध लगाने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया था.

पूर्व सांसद संभाजी राजे ने कहा था कि वो हर हाल में विशालगढ़ किले तक पहुंचेंगे और इलाके को अतिक्रमण से मुक्त कराएंगे. राजे ने कहा कि वो छत्रपति शिवाजी महाराज को श्रद्धांजलि देने के लिए किले में जाएंगे. विरोध प्रदर्शन में भाग ले रहे स्थानीय स्वराज्य संगठन के उपाध्यक्ष अंकुश कदम ने हिंदुस्तान टाइम्स से कहा,

“जब छत्रपति शिवाजी महाराज ने विपरीत परिस्थितियों का सामना किया था तो किले ने उनकी मदद की थी. आज किला वैसी ही स्थिति में है, हम क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त करेंगे.”

‘मुस्लिम बस्ती पर हमला’

संभाजी राजे के विशालगढ़ किले पर पहुंचने से पहले ही 2 हजार से ज्यादा कार्यकर्ता वहां पहुंच चुके थे. राजे के कार्यकर्ताओं ने गजपुर की मुस्लिम बस्ती पर हमला कर दिया. ये विशालगढ़ इलाके में ही स्थित है.

आजतक से जुड़े दीपक सूर्यवंशी की रिपोर्ट के मुताबिक, कार्यकर्ताओं ने मुस्लिम परिवारों के घरों, दुकानों, वाहनों को निशाना बनाया. सभी जगह कार्यकर्ताओं ने पथराव किया और संपत्ति को नुकसान पहुंचाया. दरगाह, कब्रिस्तान में तोड़फोड़ कर 5 से 6 कारों और 8-10 बाइक को क्षतिग्रस्त कर दिया. एक घर में आग लगने के कारण वहां रखे चार सिलेंडर फट गए और घर में आग फैल गई. घटना में एक पुलिसकर्मी के घायल होने की खबर भी है.

न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, हिंसा के बाद 21 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. कोल्हापुर पुलिस ने 500 लोगों के खिलाफ चार केस दर्ज किए हैं. दूसरे आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस सर्च अभियान चला रही है.

सीएम शिंदे ने लिया संज्ञान

राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे को जैसे ही घटना की जानकारी मिली, उन्होंने संभाजी राजे से फोन पर संपर्क किया. उन्होंने संभाजी से अपील की है कि उन्हें आक्रामक रुख नहीं अपनाना चाहिए. साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा,

“विशालगढ़ पर अतिक्रमण हटाने को लेकर हम सकारात्मक हैं. लेकिन जो मामले न्यायिक है उसे ना छूते हुए अन्य अतिक्रमणों के संबंध में भी तत्काल कार्रवाई की जाएगी.”

सीएम ने कलेक्टर अमोल येडगे और पुलिस अधीक्षक (SP) महेंद्र पंडित को मामले की जांच करने के आदेश दिए हैं. आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, एसपी महेंद्र पंडित ने बताया कि हिंसा से जुड़े संदिग्धों की तलाश और मामला दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है. 

वहीं इलाके में हिंसा की घटना के बाद संभाजी राजे ने मीडिया से बातचीत की. उन्होंने कहा कि जो हुआ उसके लिए ‘शिव भक्तों’ को दोष नहीं दिया जाएगा. अगर किसी को केस करना है तो वो उन पर केस करे.

वीडियो: कोल्हापुर में बाल ठाकरे को याद कर PM मोदी ने कांग्रेस को जमकर सुनाया

Advertisement

Advertisement

()